Wednesday, May 2, 2018

आग लगने से नष्ट फसल का किसानों को 45 हजार रुपये प्रति एकड़ मिले मुआवजा- अभय चौटाला 


चंडीगढ़: भिवानी में हुए ‘जेल भरो आंदोलन’ में सक्रिय भागीदारी के बाद आगे के सभी कार्यक्रमों में इनेलो-बसपा की भी बराबर की साझेदारी होगी। यह फैसला आज कुरुक्षेत्र में हुई इनेलो-बसपा प्रदेश कार्यकारिणी की संयुक्त बैठक में लिया गया। गठबंधन के बाद यह पहली बार है कि प्रदेश के मौजूदा हालात पर दोनों दलों ने सांझा एजेंडे पर चर्चा की। इस बैठक में दोनों दलों की प्रदेश कार्यकारिणी के सभी सदस्यों सहित बड़े नेताओं ने भी भाग लिया। कार्यकारिणी की बैठक में प्रदेश के बदतर हो रहे हालात पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए पांच प्रस्ताव पारित किए गए। वहीं दोनों दलों द्वारा 4 मई को यमुनानगर में होने वाले ‘जेल भरो आंदोलन’ की रूपरेखा भी तैयार की गई। राज्य में इस गेहूं के सीजन के तकरीबन 3000 एकड़ फसल आग लगने के कारण जल कर नष्ट हो गई है जिसके मद्देनजर दोनों दलों ने सरकार से मांग की है कि किसानों को प्रति एकड़ 45 हजार रुपए का मुआवजा दिया जाए ताकि कर्ज और गरीबी की मार झेल रहे किसानों के नुकसान की भरपाई हो सके। इस मुद्दे पर बोलते हुए नेता विपक्ष अभय सिंह चौटाला ने कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार किसान विरोधी नीतियां बनाकर शोषण कर रही है। उन्होंने कहा कि फसल बेचने को लेकर कभी आधार कार्ड तो कभी बैंक खातों की मांग कर किसानों को परेशान किया जा रहा है। 
बैठक में एससी-एसटी एक्ट के संसोधन के विरोध में हुए ‘भारत बंद’ के आयोजन के दौरान हुई हिंसा के लिए दलितों को जिम्मेवार ठहराने की निंदा की गई। दोनों दलों ने सांझा प्रस्ताव पास कर सरकार से मांग की है कि भारत बंद के दौरान जो भी केस दर्ज किए गए हैं उन्हें तुरंत प्रभाव से वापिस ले और गिरफ्तार किए गए 100 दलित भाईयों को रिहा किया जाए। मीटिंग के दौरान प्रदेश में महिलाओं, बच्चों, दलितों के खिलाफ हो रहे अपराधों पर भी चिंता व्यक्त की गई। सरकार द्वारा व्यापारियों और आम नागरिकों के जान-माल की हिफाजत करने में नाकाम रहने पर दोनों दलों ने आलोचना करते हुए प्रदेश की कानून-व्यवस्था को दुरुस्त करने की मांग को लेकर भी प्रस्ताव पारित किया। प्रदेश कार्यकारिणी की मीटिंग में बढ़ती महंगाई पर भी गहन विमर्श हुआ। जिसमें पैट्रोल, डीजल और रसोई गैस के बढ़े दामों को कम करने के लिए सरकार से आग्रह किया गया कि वो पैट्रोल और डीजल से वैट की दरों को कम करें और रसोई गैस को जीएसटी के दायरे बाहर लाया जाए। हरियाणा में सरकार पैट्रोल पर 26.25 प्रतिशत और डीजल पर 17.22 प्रतिशत वैट वसूलती है। वहीं पिछले 3-4 सालों में घर में उपयोग होने वाली गैस के दामों में भी 200 रुपए तक की व़ृद्धि हुई है।


दोनों दलों की प्रदेश कार्यकारिणी को संबोधित करते हुए इनेलो प्रदेशाध्यक्ष अशोक अरोड़ा ने सांझा प्रस्ताव पारित करते हुए हरियाणा कर्मचारी आयोग को भंग करने की मांग की और साथ ही एसएससी में हुए भर्ती घोटाले और अनुबंध आधार पर दी गई नौकरियों की सीबीआई से न्यायिक जांच करवाने की भी मांग की है। बैठक में प्रदेश की तमाम सरकारी ईकाइयों में बढ़ते भ्रष्टाचार को प्रदेश के प्रतिभाशाली वर्ग के लिए कलंक बताया। संयुक्त बैठक में नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला, प्रदेशाध्यक्ष अशोक अरोड़ा, एमपी दुष्यंत चौटाला, जसविंदर सिंह संधू, रामपाल माजरा, विधायक परमेंद्र ढुल, प्रवीन आत्रेय और बसपा उत्तर भारतीय  राज्यों के प्रभारी डॉ. मेघराज सिंह, बसपा प्रदेशाध्यक्ष प्रकाश भारती व प्रदेश प्रभारी राजबीर सिंह सहित दोनों दलों के प्रदेश कार्यकारिणी के सभी सदस्य मौजूद थे।

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