Wednesday, March 29, 2017

प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति बेहद खराब - नेता प्रतिपक्ष

सिरसा : इनेलो के वरिष्ठ नेता व विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष अभय सिंह चौटाला ने कहा कि भाजपा ने सत्ता में आने से पूर्व जो घोषणापत्र जारी किया था उसमें मुख्य रूप से कानून व्यवस्था को सुधारने की बात कही गई थी लेकिन आज पूरे प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति बेहद खराब है। अभय चौटाला ने आज सिरसा में पत्रकारों को संबोधित करते हुए जिले का उदाहरण देते हुए कहा कि सिरसा जिला में वर्षो पुराने मर्डर तक के केस अब तक पुलिस नहीं सुलझा पाई है और आए दिन चोरी, डकैती, अपहरण, बलात्कार की घटनाएं हो रही है। उन्होंने कहा कि सिरसा समेत पूरे प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति बेहद खराब है और अपराधियों का न पकड़े जाना इस ओर इशारा करता है कि जैसे अपराधी राजनीतिक और सरकार का संरक्षण प्राप्त किए हुए है। उन्होंने कि सिरसा जिला में कानून व्यवस्था के साथ-साथ पीने के पानी का भी बुरा हाल है और गांव चौटाला में तो वॉटर बॉक्स की लेबोरटी से आई रिपोर्ट में यहां तक कहा गया है कि इस पानी को पीने से अनेक प्रकार की बीमारियां लग सकती है। अब ऐसे में गांववासी करें भी तो क्या करें। उन्होंने कहा कि सरकार आमजन को मूलभूत सुविधाएं प्रदान करने में नाकाम साबित हुई है और कभी एग्रीकल्चर और कभी बिजनेस सम्मिट के नाम पर प्रदेश की जनता के गाढ़े खून पसीने की कमाई को व्यर्थ बर्बाद करने के काम में जुटी है।
अभय चौटाला ने कहा कि सरकार ने पिछले दिनों आयोजित किए एग्रिकल्चर सम्मिट में जबरदस्ती हजारों की भीड़ इकटठी की जिन्हें सिखाने के लिए वहां कोई प्रशिक्षक तक मौजूद नहीं था और यही कारण था कि केन्द्रीय मंत्री और हरियाणा सरकार के मंत्री ने भी इस सम्मिट पर सवाल उठाए थे। उन्होंने एसवाईएल का उल्लेख करते हुए कहा कि पिछले हफ्ते 24 मार्च को हम केन्द्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह से मिले और उन्हें अलग से ज्ञापन सौंपकर अपनी पार्टी की ओर से बात रखी। अभय चौटाला ने कहा कि हमने एसवाईएल पर गृहमंत्री को पूरी बात बताकर उनसे इस मसले को हल करने के लिए कहा जबकि हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर और कांग्रेस नेता अधिकारियों द्वारा बनाए ज्ञापन को सौंपकर आ गए। उन्होने कहा कि मैने खुद राजनाथ सिंह को एसवाईएल बारे पूरी जानकारी दी और कहा कि 24 मार्च 2016 को हरियाणा की विधानसभा में एसवाईएल पर निंदा प्रस्ताव पास किया गया और उस दिन से लेकर अब तक हरियाणा के मुख्यमंत्री ने एसवाईएल पर किसी से भी कोई बात नही की। 
इनेलो नेता ने कहा कि हमने कई बार मुख्यमंत्री खट्टर से कहा कि आप प्रधानमंत्री से वक्त लो और उनसे इस बारे बात करो लेकिन पंजाब का मुख्यमंत्री तो सीएम बनते ही प्रधानमंत्री से तुरंत मुलाकात भी कर भी आया जबकि हरियाणा के मुख्यमंत्री अब तक पीएम से मिलने का वक्त तक नही ले पाए। उन्होने कहा कि मुख्यमंत्री खुद इस मुद्दे पर कुछ नहीं करना चाहते जबकि इनेलो ने एसवाईएल खोदने के लिए 23 फरवरी को हजारों लोगों को साथ लेकर अंबाला से पंजाब कूच करते हुए गिरफतारी दी और उसके बाद भी सरकार की आंखे खोलने के लिए दिल्ली में संसद का घेराव करते हुए पुलिस की लांठियां खाई। उन्होने कहा कि केन्द्रीय गृहमंत्री ने हमारी पूरी बात सुनने के बाद आश्वासन दिया कि वे खुद 12 अप्रैल के बाद इस बारे बात करेंगे और जो भी हो सकता है वो करेंगे। अभय चौटाला ने कहा कि अगर केन्द्रीय गृहमंत्री ने इस बारे कोई कार्यवाही नहीं कि तो हम उसके बाद पार्टी में विचारविमर्श कर आगामी रणनीति बनाएंगे। 
नेता प्रतिपक्ष ने कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष डा. अशोक तंवर की ओर से निरंतर इनेलो पर किए जा रहे कटाक्ष पर पूछे गए सवालों पर कहा कि कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष का तो कांग्रेस वाले पिटाई करके स्वागत करते है। जहां तक बात हमारी पार्टी की है तो इनेलो का पौधा चौधरी देवीलाल का लगाया हुआ है और इसकी जड़े बहुत मजबूत है इसलिए कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष इनेलो पर टिप्पणी करने की बजाय अपनी पार्टी की परवाह करें क्योंकि पता नहीं वो खुद कांग्रेस के प्रदेशाघ्यक्ष पद की कुर्सी पर कितने दिन तक और टिक पाते है। दरअसल अभय चौटाला कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष की उस टिप्पणी का जवाब दे रहे थे जिसमें उन्होंने कहा था कि इनेलो का तम्बू अब उखड़ चुका है और इसीलिए वे कभी अंबाला तो कभी दिल्ली में तंबू लगा रहे है। इससे पूर्व अभय चौटाला ने कार्यकर्ताओं की समस्याएं जानी और उन्हे मौके पर हल करने का प्रयास किया। इस अवसर पर इनेलो जिलाध्यक्ष पदम जैन, जसबीर जस्सा, धर्मवीर नैन, कृष्णा फौगाट, महावीर शर्मा, योगेश शर्मा भी उपस्थित थे।
हिसार को पासपोर्ट सेवा केंद्र की सौगात, 2 को सांसद दुष्यंत चौटाला करेंगे उद्घाटन


हिसार : हिसार के साथ-साथ सिरसा व भिवानी वासियों को अपना पासपोर्ट बनवाने के लिए अब अंबाला या चंडीगढ़ के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे क्योंकि सांसद दुष्यंत चौटाला की पहल पर 2 अप्रैल से हिसार में पासपोर्ट बनाने की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। इनेलो संसदीय दल के नेता व हिसार से सांसद दुष्यंत चौटाला पासपोर्ट सेवा केंद्र का उद्घाटन करेंगे। पासपोर्ट कार्यालय पारिजात चौक स्थित मुख्य डाकघर के प्रथम तल पर खोला जाएगा। इस सेवा केंद्र में हिसार के साथ साथ सिरसा व भिवानी जिले के लोगों के पासपोर्ट भी बनेंगे। हिसार में पासपोर्ट सेवा केंद्र बनाने की इलाका वासियों की बरसों पुरानी मांग थी और सांसद बनने के बाद दुष्यंत चौटाला ने पासपोर्ट सेवा केंद्र शुरू करवाने का वायदा किया था। 
हिसार में पासपोर्ट सेवा केंद्र शुरू करवाने के लिए इनेलो सांसद दुष्यंत चौटाला ने कई बार लोकसभा में यह मांग रखी थी। उन्होंने लोगों की सुविधा के लिए जनवरी माह में हिसार में चार दिवसीय पासपोर्ट मेले का भी आयोजन करवाया था जिसमें हजारों लोगों ने अपने पासपोर्ट बनवाए। इसके बाद दुष्यंत चौटाला ने कहा था कि उनका अगला कदम पासपोर्ट सेवा केंद्र बनवाने केलिए होगा। इसके लिए दुष्यंत चौटाला विदेश मंत्रालय और अधिकारियों से लगातार संपर्क  में रहे। पासपोर्ट सेवा केंद्र के लिए मुख्यडाक घर में प्रथम तल पर कार्यालय को नया लुक दिया जा रहा है। हिसार में पासपोर्ट बनवाने के लिए इच्छुक लोगों को ऑनलाईन पंजीकरण करवाना होगा।
 क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी मुनीष कपूर ने बताया कि 2 अप्रैल से प्रतिदिन सुबह दस बजे से शाम चार बजे तक लोग आनलाइन पंजीकरण करवा सकते हैं। उन्होंने बताया कि हिसार पासपोर्ट सेवा केंद्र में एक दिन में 50 लोगों का पंजीकरण होगा। सिरसा और भिवानी जिले के लोगों को भी ऑनलाइन पंजीकरण करवाना होगा। श्री कपूर ने बताया कि इसके बाद पासपोर्ट बनाने की संख्या को बढ़ाया जा सकता है। सांसद दुष्यंत ने कहा कि हिसार जिले के लोगों को इसके लिए अंबाला जाना पड़ता था और अधिक दूरी होने के कारण इच्छुक लोगों परेशानी झेलनी पड़ती थी। अब हिसार वासियों की यह मांग पूरी होने जा रही है और इस का फायदा सिरसा व भिवानी जिलों के लोगों को भी होगा।

Tuesday, March 28, 2017

कुरुक्षेत्र के व्यापारी सम्मेलन को इनेलो ने पूरी तरह से विफल बताया

चंडीगढ़ : इनेलो के वरिष्ठ नेता एवं विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला ने रविवार को कुरुक्षेत्र में आयोजित व्यापारी सम्मेलन को पूरी तरह विफल बताते हुए कहा कि इस सम्मेलन से व्यापारियों में सरकार के प्रति निराशा और आक्रोश पनपा है और मुख्यमंत्री द्वारा व्यापारियों की मुख्य मांगों को दरकिनार किए जाने से सम्मेलन में आए व्यापारी पूरी तरह से निराश हो गए। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि व्यापारियों की मुख्य मांगों में ई-ट्रेडिंग की बजाय परम्परागत तरीके से लेन-देन करने की अनुमति देना, व्यापारियों के लिए मुफ्त बीमा योजना लागू करना, धान पर मार्केट फीस करना, व्यापारियों को सुरक्षा प्रदान करना, बिजली सस्ती व 24 घण्टे उपलब्ध करवाए जाना, कपास पर मार्केट फीस व ग्रामीण विकास फण्ड में कमी करने बारे की गई घोषणा की अधिसूचना जारी करना और व्यापारियों को उनके द्वारा जमा करवाए गए टैक्स में पांच प्रतिशत की राशि प्रोत्साहन के रूप में वापिस देना और ज्यादा टैक्स देने वाले व्यापारियों को सम्मानित किए जाना शामिल थे।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि व्यापारी संगठनों को प्रदेश स्तरीय व्यापारी सम्मेलन में शामिल होने के प्रति लुभाने के लिए उनको अनेक प्रकार की विशेष सुविधाएं दिए जाने का खूब प्रचार किया गया था। इस सम्मेलन में मुख्यमंत्री से लेकर प्रदेश के अनेक मंत्री, राज्यमंत्री, मुख्य संसदीय सचिव, सांसद, दर्जनभर विधायकों के अलावा प्रदेश भाजपाध्यक्ष ने भी हिस्सा लिया था। प्रदेश के व्यापारियों और किसानों के बीच सदियों से चल रहे परम्परागत तरीके से लेन-देन की प्रथा के स्थान पर ई-ट्रेडिंग प्रणाली से व्यापारियों में भारी रोष है। सरकार के प्रतिनिधियों की ओर से व्यापारी सम्मेलन में शामिल होने के लिए व्यापारियों को मौखिक रूप से यह भरोसा भी दिया गया था कि इस सम्मेलन में मुख्यमंत्री व्यापारियों को राहत देने के लिए कोई बड़ी घोषणा करेंगे लेकिन मुख्यमंत्री की घोषणाएं केवलमात्र ढाक के तीन पात वाली कहावत ही साबित हुई और व्यापारियों की प्रमुख मांगों के प्रति मुख्यमंत्री ने पूरी तरह से चुप्पी साधे रखी।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि सरकार की ओर से व्यापारियों का मुफ्त बीमा करवाने के स्थान पर आपसी शेयरिंग के आधार पर बीमा करवाना, जमा करवाए गए टैक्स पर पांच प्रतिशत प्रोत्साहन के रूप में वापिस करना, व्यापारियों को सुरक्षा प्रदान करने जैसे मुद्दों पर कोई ठोस प्रस्ताव प्रस्तुत न किए जाने के कारण व्यापारी वर्ग अपने आपको पूरी तरह से ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सिरसा व फतेहाबाद के व्यापारियों में कपास पर मार्केट फीस व ग्रामीण विकास फण्ड में कमी किए जाने की घोषणा के बावजूद अभी तक इस बारे अधिसूचना जारी न किए जाने से भी काफी रोष पाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सम्मेलन में व्यापारियों को यह उम्मीद थी कि मुख्यमंत्री इस बारे में तुरंत अधिसूचना जारी करने के बारे में अधिकारियों को आदेश देने की घोषणा करेंगे लेकिन ऐसी घोषणा भी न होने से व्यापारियों में भारी निराशा पाई जा रही है। उन्होंने कहा कि इस सम्मेलन के बारे में प्रचार तो खूब किया गया था लेकिन सम्मेलन पूरी तरह से विफल रहा और सरकार के उदासीन रवैये से व्यापारियों में भारी निराशा व आक्रोश की भावना और बढ़ गई है।
 दर्जनों परिवार कांग्रेस छोड़ इनेलो में हुए शामिल 


किलोई हल्के के अलग-अलग गाँव में  पूर्व में सत्ता का सुख भोग चुकी कांग्रेस पार्टी को आज एक बार फिर जबरदस्त धक्का लगा जब हुड्डा समर्थक कट्टर कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने पूर्व सीएम हुड्डा से किनारा करते हुए कांग्रेस को छोड़ने का फैसला लेते हुए तत्काल प्रभाव से इनेलो में अपनी श्रद्धा प्रकट करने का काम किया। वर्तमान समय में सत्ताधारी पार्टी बीजेपी सरकार की कमजोर नीतियों से रुष्ट व नाराज होकर दर्जनों परिवारों ने इनेलो पार्टी की नीतियों के प्रति अपनी आस्था जताने का काम किया है। कांग्रेस को अलविदा कहने वाले लोगों में गांव चमारियाँ और सासरोली के दर्जन भर परिवार शामिल हैं। 
इनेलो पार्टी के जिलाध्यक्ष व प्रदेश प्रवक्ता सतीश नांदल ने कांग्रेस को छोड़कर इनेलो पार्टी में विश्वास जताने वाले दर्जनों परिवारों को पार्टी में विधिवत रूप से शामिल करने का काम किया। उन्होंने पार्टी में नये शामिल होने वाले लोगों का पार्टी के चुनाव चिन्ह रूपी झंडा देकर व पार्टी का पटका पहनाकर स्वागत किया। सतीश नांदल ने कांग्रेस को छोड़कर इनेलो ज्वाइन करने वाले लोगों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि इनेलो का प्रत्येक कार्यकर्ता सदैव आपके सुख-दुख में हर समय तैयार है। उन्होंने कहा कि आने वाला समय इनेलो का है। 2019 में इनेलो पार्टी विधानसभा चुनावों में पूर्ण बहुमत से सरकार बनाएगी और चौधरी ओमप्रकाश चौटाला जी हरियाणा प्रदेश के मुख्यमंत्री होंगे।
नांदल ने कहा कि प्रदेश के अंदर आज जो हालात हैं वह किसी से छुपे नही हैं। प्रदेश में हर मोर्चे पर मौजूदा सरकार विफल साबित हो रही है। यही मुख्य वजह है कि आज आमजन मानस इनेलो पार्टी से आस लगाए बैठा है। आमजन को पता है की केवल इनेलो पार्टी ही प्रदेश की एकमात्र पार्टी है जो कमेरे वर्ग, कमजोर वर्ग, गरीब, किसान के हकों की लड़ाई लड़ने का काम करती है। प्रदेश के लोगों ने कांग्रेस और बीजेपी के आपसी खेल को भली भांति समझ लिया है। इसलिए अब प्रदेश की जनता ने यह मन बना लिया की अपना वोट आने वाले विधानसभा चुनावों में इनेलो को देकर सत्ता की चाबी इनेलो को सौंपने का काम करेगी।
सतीश नांदल ने विस्तार पूर्वक जानकारी देते हुए बताया कि सिसरोली गांव के रहने वाले कांग्रेस कार्यकर्ताओं (हुड्डा समर्थक) ने कांग्रेस को छोड़कर इनेलो में आस्था जताने का काम किया है। इनेलो में आने वाले लोगों में नवीन नैन सुपुत्र कँवल सिंह, सहीराम सुपुत्र चंदगी राम, दीपक सुपुत्र कृष्ण मुख्य रहे। जबकि चमारियाँ गांव के रहने वाले भूपेंद्र हुड्डा सुपुत्र सुरेश, अमरजीत सुपुत्र सुरेश, समन सुपुत्र आजाद सिंह, श्रीभगवान उर्फ़ लीलू सुपुत्र चत्तर सिंह, सुभाष सुपुत्र बारू सिंह, बलजीत सुपुत्र भीम सिंह व पवन सुपुत्र रामनिवास ने भी कांग्रेस पार्टी को छोड़ इनेलो का दामन थाम लिया।
इस दौरान मुख्य रूप से डॉ संदीप हुड्डा, रविंद्र सांगवान, सत्यवान हुमायूंपुर, प्रदीप, बबलू हुड्डा, रामगोपाल, यशपाल, बल्ले चमारियाँ, जयभगवान लढोत, हवासिंह नांदल, एडवोकेट देवेंद्र, मनजीत मलिक और अश्वनी मलिक प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
अमित शाह के ब्यान की इनैलो नेताओं ने की निंदा


सोनीपत : व्यापारी सम्मैलन मेें प्रदेश के व्यापारियों को मायूस होकर लोटकर आना पड़ा, यह बात पूर्व चैयरमेन एवं इनेलो पार्टी के जिला व. उपाध्यक्ष सतपाल गोयल ने मंगलवार को पार्टी कार्यालय में कही। वहीं इनेलो अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के जिला संयोजक हरिप्रकाश मण्डल, पिछड़ा वर्ग के अध्यक्ष रामकुमार सैनी, युवा जिलाध्यक्ष कुणाल गहलावत, अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के जिला संयोजक शाबर अली, फुलकुवार चौहान ने संयूक्त रूप से बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के ब्यान की निंदा की जिसमें शाह ने इनेलो को जाटों की पार्टी कहा है। इनैलो नेताओं ने कहा बीजेपी का कुरूक्षेत्र में प्रशिक्षण शिवर में जात-पात के जहर को घोलने का प्रशिक्षण दिया है। इनेलो नेताओं ने कहा जात-पात का जहर फैलाने वाली सरकार के मंसूबो को इनेलो पार्टी कभी पुरे नहीं होने देगी। चौधरी देवीलाल के हरियाणा रूपी पौधे को कभी सुखने नहीं देगी। 
इस मौके पर सतपाल गोयल ने कहा 1999 में इनेलो सरकार बनते ही अग्रवाल समाज की मुख्य धरोहर अग्रोहा मैडिकल कालेज की ग्रांट को सबसे पहले बहाल किया गया। उस समय व्यापारियों की मुख्य मांग चुगीं को समाप्त करने का काम एक कलम से किया। प्रदेश के बार्डर पर व्यापारियों की सुलयित के लिए बैरियल हटाने का काम किया। गोयल ने बीजेपी सरकार पर व्यापारियों के साथ दोखा करने का आरोप लगाया और कहा बीजेपी सरकार की गलत नितियों के कारण व्यापार धंधे मंदी की मार झेल रहे हैं।
हरिप्रकाश मण्डल ने कहा हरियाणा प्रदेश के  भाईचारे को कांग्रेस व बीजेपी दोनों मिलकर खत्म करना चाहतें हैं वोट की राजनीति के लिए बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह जाट-नान जाट में हरियाणा को बांटकर प्रदेश को बर्बाद करना चाहते हैं। इनेलो पार्टी ने हमैशा किसान, मजदुर, दलित समाज, पिछड़ा वर्ग, छोटी व्यापारी का भला किया है। इस मौके पर पिछड़ा वर्ग के प्रधान रामकुमार सैनी ने कहा इनैलो ने राज्यसभा में पिछड़ा वर्ग के कुम्हार व कश्यप जाती के लोगों को राज्यसभा में भेजने का काम किया। वहीं दुसरी और बीजेपी और कांगे्रस ने मिलकर पुंलीपतियों का राज्यसभा का दरवाजा दिखाया। फुलकुवार चौहान ने कहा बीजेपी सरकार आरएसएस के एजेण्डा पर काम कर रही है, बीजेपी पार्टी सता की भुख में छोटे हथकण्डों पर उतरकर समाज को बांटना चाहती है। जात-पात की राजनीति करने वाले लोग ज्यादा दिन सफल नहीं होते हैं।
इस मौके पर युवा जिलाध्यक्ष कुणाल गहलावत ने कहा युवा वर्ग ने बीजेपी के झुमलों में आकर सता में लाने का काम किया। अब बीजेपी का असली चेहरा सामने आ गया है। बीजेपी नौकरी और विकास पर ध्यान न देकर जात-पात के जहर को घोलने में ज्यादा रूची दिखा रही है। आने वाले समय में वोट की चोट से बीजेपी से युवा वर्ग बदला लेगा। इस मौके पर पी. डी. शर्मा, प्रो. बंसीलाल, प्रदीप सैनी, जितेन्द्र वर्मा, आशीष सुहाग, रवि गढी हकीकत, पवन दुगल, अमित चौपड़ा आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे। 

Monday, March 27, 2017

दुष्यंत चौटाला ने संसद में मानसिक रोगियों के इलाज का मुद्दा उठाया


नई दिल्ली, 27 मार्च: इनेलो संसदीय दल के नेता व हिसार से सांसद दुष्यंत चौटाला ने देश में मानसिक रूप से बीमार लोगों को बीमारी से उबारने के लिए कड़े प्रावधानों के साथ सरकार से आगे आने का आह्वान किया है। मानसिक रोगियों के इलाज के लिए उन्होंने बीमा कंपनियों की पॉलिसी में सरल प्रावधान करने और उनकी मदद के लिए पहल करने की मांग की है। युवा सांसद दुष्यंत चौटाला ने आज लोकसभा में मेंटल हेल्थकेयर बिल 2016 पर चर्चा के दौरान केंद्र सरकार का ध्यान उपरोक्त मुद्दों की ओर खींचा। उन्होंने इस बिल का समर्थन करते हुए कहा कि देश में कोई व्यक्ति यदि मानसिक रूप से बीमार होता है इससे उसका पूरा परिवार प्रभावित होता है। उन्होंने मौजूदा कानूनी प्रावधानों का जिक्र करते हुए कहा कि यदि मानसिक दबाव में कोई व्यक्ति आत्महत्या का प्रयास करता है तो देश में उसके खिलाफ सजा का प्रावधान है। 
इनेलो सांसद ने सजा देने के कानून का विरोध करते हुए केंद्र सरकार को सुझाव दिया कि ऐसे व्यक्ति को सजा देने की बजाय सरकार को उसके इलाज का कानूनी प्रावधान करना चाहिए। उन्होंने मानसिक रूप से बीमार लोगों के ईलाज के लिए इस बिल में बीमा कंपनियों को बाध्य करने के कानूनी प्रावधानों का स्वागत करते हुए कहा कि सरकार को देश में बड़े निजी अस्पतालों में भी मानसिक रोगियों का सस्ते इलाज का रास्ता साफ करना चाहिए। उन्होंने कहा कि मौजूदा प्रावधानों के तहत कुछ बीमा कंपनियां पहले से बीमार मानसिक रोगियों का बीमा करने से मना कर देती है तथा अधिक प्रीमियम वसूलती है। उन्होंने सरकार से मांग की कि सरकार बीमा कंपनियों को ऐसे लोगों को बीमा कवर करने के निर्देश दे तथा मानसिक रोगियों के इलाज के लिए वार्षिक बजट 2017-2018 में धन का प्रावधान करे।

Sunday, March 26, 2017

नेता प्रतिपक्ष ने सरकार से प्रदेश में सरसों की खरीद तुरंत एमएसपी पर करने की मांग की

चंडीगढ़ : इनेलो के वरिष्ठ नेता एवं विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला ने प्रदेश की भाजपा सरकार को किसान विरोधी सरकार बताते हुए सरकार की तीखी आलोचना की है। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि सरकार की किसान विरोधी नीतियों के चलते आज सरसों उत्पादक किसानों को अपनी सरसों न्यूनतम समर्थन मूल्य से औसतन 400 रूपए प्र्रति क्विंटल कम में बेचने को मजबूर होना पड़ रहा है और केंद्र व प्रदेश की सरकारी एजेंसियां हैफेड़ व नैफड़ की ओर से आज प्रदेश की मंडिय़ों से सरसों की सरकारी खरीद न किए जाने से किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इनेलो नेता ने कहा कि हैफेड़ की प्रदेश में अनेक स्थानों पर सरसों की पिराई के लिए अनेक तेल मिलें हैं जिन्हें किसानों की सरसों की फसल को एमएसपी पर खरीदनी चाहिए मगर सरकार की किसान विरोधी नीतियों के चलते सरकारी एजेंसियां सरसों की खरीद एमएसपी पर नहीं कर रही। इनेलो नेता ने कहा कि आज सरसों का एमएसपी 3700 रूपए प्रति क्विंटल है, जबकि किसानों को सरसों औसतन 3300 रूपए प्रति क्विटंल बेचने को मजबूर होना पड़ रहा है। नेता प्रतिपक्ष ने भाजपा सरकार से अपना वादा पूरा करने और किसानों को उनकी फसलों के लाभकारी भाव स्वामीनाथन आयोग की सिफारशों अनुसार दिए जाने की भी मांग की।
इनेलो नेता ने सरकार से सरसों की खरीद तुरंत एमएसपी पर किए जाने की मांग करते हुए कहा कि पिछले अढ़ाई सालों में किसानों को अपनी धान व बाजरे की फसल भी एमएसपी से कम रेट पर बेचने को मजबूर होना पड़ा जिसके चलते किसानों को भारी नुकसान हुआ और सरकार के करीबी लोगों को करोड़ों रूपए का फायदा पहुंचाया गया। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि स्वामीनाथन आयोग की सिफारशें लागू करने और किसानों को उनकी फसलों के लागत मूल्य के साथ 50 फीसदी मुनाफा देने का वादा करके भाजपा सरकार सत्ता में आई थी, लेकिन भाजपा सरकार ने किसानों को उनकी फसलों के लागत मूल्य के साथ 50 फीसदी मुनाफा देने का वादा पूरा करना तो दूर आज एमएसपी भी नहीं मिल रहा। उन्होंने कहा कि पिछले अढ़ाई सालों में किसानों की धान व बाजरे की फसल एमएसपी से औसतन 250 रूपए से लेकर 300 रूपए कम पर बिकी और पोपलर व सफेदे के दाम भी किसानों को पूरे नहीं मिल रहे व किसानों के आलू की दुर्दशा भी सबके सामने है और आज किसान को आलू एक रूपए प्रति किलो बेचने को मजबूर होना पड़ रहा है और इससे किसानों को फसल का  लागत मूल्य मिलना तो दूर फसल को मंडी तक लाने का किराया भी नहीं मिल रहा।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि पिछले दो सालों में किसानों को न सिर्फ बासमती धान को औने पौने दामों में बेचनी पडी बल्कि नमी के नाम पर भी किसानों को खूब लूटा गया। इनेलो नेता ने कहा कि पिछले साल सरकार ने बाजरे की फसल खरीद के लिए न सिर्फ मात्र चार क्विंटल प्रति एकड़ की सीमा तय कर दी गई बल्कि उनसे जमीन की फरद सहित अनेक प्रकार के दस्तावेज साथ लाने की शर्त लगाकर उन्हें परेशान किया गया और उन्हें अपनी फसल औने पौने दामों पर बेचने के लिए मजबूर होना पड़ा। इनेलो नेता ने कहा कि आज किसानों की हालत बेहद दयनीय है और उन्हें फसलों के पूरे भाव न मिलने से वे निरंतर कर्जे के बोझ तले दबते जा रहे हैं। जिससे आए दिन किसानों के आत्महत्या करने की घटनाऐं भी निरंतर बढ़ती जा रही हैं। उन्होंने कहा कि देश क ा पेट भरने वाला किसान पूरा दिन मेहनत करने के बाद भी आज भूखे पेट सोने को मजबूर है। उन्होंने सरकार से किसानों की हालत सुधारने के लिए स्वामीनाथन आयोग की सिफारशें लागू करने, फसलों के लाभकारी मूल्य देने और सरसों, बाजरे, धान सहित किसानों की सभी कृ षि उपजों की बिना किसी कटौती एमएसपी पर खरीद सुनिश्चित करने व किसानों की लूट बंद किए जाने की मांग की।

Friday, March 24, 2017

इनेलो नेताओं ने एसवाईएल के अधूरे निर्माण को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री को सौंपा ज्ञापन

नई दिल्ली  : इनेलो नेताओं ने आज केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह से मुलाकात कर एसवाईएल के अधूरे निर्माण कार्य को जल्द पूरा करवाने की मांग करते हुए एक ज्ञापन सौंपा और एसवाईएल को लेकर अब तक हरियाणा के पक्ष में आए सर्वोच्च न्यायालय के विभिन्न फैसलों की प्रतियां भी ज्ञापन के साथ केंद्रीय गृह मंत्री को सौंपी। इनेलो के वरिष्ठ नेता एवं विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला और प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा ने इनेलो की ओर से केंद्रीय गृह मंत्री को ज्ञापन सौंपा। इनेलो नेताओं ने केंद्रीय गृह मंत्री से मिलने के बाद दिल्ली में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि हमने अपनी पार्टी की ओर से गृह मंत्री राजनाथ सिंह को अलग से एक ज्ञापन सौंपा है जिसमें एसवाईएल पर पूरी वस्तुस्थिति और हरियाणा के पक्ष में आए 2002, 2004 व 10 नवम्बर 2016 के सर्वोच्च न्यायालय के फैसलों का भी उल्लेख किया गया है। 
इनेलो नेताओं ने कहा कि पिछले साल 24 मार्च को जब पंजाब सरकार ने एसवाईएल की जमीन वापिस किसानों को देने का निर्णय लिया तो उस समय इनेलो ने न सिर्फ इसका जोरदार विरोध किया बल्कि अपने सहयोगी दल से राजनीतिक संबंध भी विच्छेद करने का काम किया। उन्होंने कहा कि हरियाणा के मुख्यमंत्री जो इस समय यहां बैठे हैं उन्होंने न तो हरियाणा के लिए कोई पैरवी की और न ही उन्होंने ऐसे असंवैधानिक कार्य करने वालों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि हरियाणा के सीएम की कमजोरियों की वजह से ही आज पंजाब के लोग आए दिन धमकियां दे रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि अगर सीएम कोई पैरवी करते तो अब तक नहर की खुदाई निश्चित तौर पर शुरू हो जाती। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि इस पर हरियाणा के मुख्यमंत्री से कोई जवाब नहीं बन पा रहा था और उन्होंने यही कहा कि इस बारे उन्होंने कई चि_ियां भी लिखी। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि सीएम का काम सिर्फ चि_ियां लिखना नहीं होता बल्कि प्रदेश के हितों की पैरवी करना होता है।
इनेलो नेताओं ने कहा कि एसवाईएल की लड़ाई असल में इनेलो ने ही लडऩे का काम किया है क्योंकि कांग्रेस तो पहले ही नहीं चाहती थी कि एसवाईएल का अधूरा निर्माण पूरा हो। इनेलो नेताओं ने ये भी कहा कि हरियाणा को एक बूंद पानी न देने की बात कहने वाले कैप्टन अमरेंदर सिंह जिस दिन मुख्यमंत्री पद की शपथ ले रहे थे उस दिन हरियाणा के कांग्रेसी नेता उनके शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होकर वहां रसगुल्ले खा रहे थे। उन्होंने कांग्रेस नेताओं की नीयत में खोट होने का भी आरोप लगाया। इनेलो नेताओं ने कहा कि उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री से इस मामले में जल्द कार्रवाई किए जाने और एसवाईएल के अधूरे निर्माण को पूरा करवाए जाने की मांग करते हुए केंद्रीय गृह मंत्री से यह भी पूछा कि अब इस बारे में केंद्र सरकार क्या करने जा रही है? नेता प्रतिपक्ष ने बताया कि राजनाथ सिंह उनकी बात को ध्यान से सुना और उन्हें भरोसा दिलाया कि अभी संसद का सत्र चल रहा है और संसद सत्र के बाद एक बार फिर आप लोगों के साथ एक बैठक और की जाएगी और कानूनी स्थिति देखकर इस पर आगे बढ़ा जाएगा। 
पत्रकारों के सवालों के जवाब में नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि एसवाईएल हरियाणा की जीवनरेखा है और इसका निर्माण पूरा करवाने के लिए जब भी उन्हें केंद्रीय गृह मंत्री या प्रधानमंत्री की तरफ से कोई बुलावा आएगा तो वे न सिर्फ उनके साथ बैठक में शामिल होंगे बल्कि हरियाणा के हितों की जोरदार पैरवी भी करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि चार महीने पहले सर्वदलीय बैठक में सीएम ने भरोसा दिलाया था कि वे जल्द ही प्रधानमंत्री से मिलने का समय लेंगे और एसवाईएल पर सभी दलों को साथ लेकर प्रधानमंत्री से मिलेंगे लेकिन चार महीने से हरियाणा के मुख्यमंत्री को पीएम से मिलने का समय तक नहीं मिला है जबकि अन्य राज्यों के मुख्यमंत्री शपथ लेते ही एक हफ्ते के भीतर प्रधानमंत्री से मिलकर भी चले गए हैं। इनेलो नेताओं ने कहा कि जब इनेलो एसवाईएल को लेकर पंजाब कूच कर रही थी और संसद का घेराव करके इनेलो कार्यकर्ता लाठियां खा रहे थे उस समय सरकार में बैठे लोग कहते थे कि मामला अदालत में है। आज गृह मंत्री के पास मिलकर जब आए हैं तो यह साफ हो गया है कि मामला किसी अदालत में नहीं है बल्कि नहर के अधूरे निर्माण को केंद्र सरकार ने पूरा करवाना है और इस मामले में आज कहीं कोई कानूनी अड़चन नहीं है, इसलिए नहर का अधूरा निर्माण तुरंत पूरा करवाया जाए। केंद्रीय गृह मंत्री को इनेलो की ओर से दिए गए ज्ञापन में एसवाईएल को लेकर अब तक आए सभी फैसलों का भी विस्तृत उल्लेख किया गया है।

Thursday, March 23, 2017

इनेलो नेता एसवाईएल पर सीधे केंद्रीय गृह मंत्री से मिलने जाएंगे - अभय चौटाला


चंडीगढ़ : इनेलो नेता एसवाईएल के मुद्दे पर शुक्रवार को अलग से केंद्रीय गृह मंत्री से मिलेंगे और शिष्टमण्डल का हिस्सा बनकर सीएम के साथ केंद्रीय गृह मंत्री के पास नहीं जाएंगे। यह बात इनेलो के वरिष्ठ नेता एवं विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला व पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा ने गुरुवार को चंडीगढ़ में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कही। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि इनेलो नेता केंद्रीय गृह मंत्री से मिलकर एसवाईएल पर न सिर्फ हरियाणा का पक्ष रखेंगे बल्कि उनसे इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री से मिलने का समय तय करवाने और एसवाईएल की खुदाई का काम तुरंत किसी केंद्रीय एजेंसी को सौंपे जाने की मांग करेंगे। इनेलो नेता ने कहा कि सरकार एसवाईएल पर गम्भीर नहीं है और केवल मामले को लटकाने के लिए लीपापोती की जा रही है। उन्होंने कहा कि अगर इस मुद्दे पर प्रदेश सरकार गम्भीर होती तो एसवाईएल की खुदाई के लिए कोई केंद्रीय एजेंसी तय करवाकर अब तक खुदाई शुरू करवा दी जाती। उन्होंने कहा कि एसवाईएल पर फैसला सर्वोच्च न्यायालय की संविधानिक पीठ का है और इस फैसले को केंद्र व पंजाब सरकार को मानना ही होगा। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि चौधरी देवीलाल की पुण्यतिथि 6 अप्रैल से जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू करेगी और यह धरना तब तक जारी रहेगा जब तक नहर की खुदाई शुरू नहीं हो जाती।
इनेलो नेताओं ने कहा कि चार महीने पहले 19 नवम्बर को एसवाईएल पर मुख्यमंत्री ने सर्वदलीय बैठक बुलाई थी और उस बैठक में यह तय हुआ था कि प्रदेश हित में सभी दल सीएम के नेतृत्व में एसवाईएल के मुद्दे पर प्रदेश का पक्ष रखने के लिए राष्ट्रपति व प्रधानमंत्री से मिलेंगे। इस बारे में एक प्रस्ताव भी पारित किया गया था। बैठक के एक हफ्ते बाद ही राष्ट्रपति से मिलने का समय मिल गया और हरियाणा के सभी दल एसवाईएल पर राष्ट्रपति के समक्ष प्रदेश का पक्ष रखकर आए थे जबकि चार महीने से भी तीन दिन ज्यादा गुजर जाने के बाद भी अभी तक प्रधानमंत्री ने हरियाणा के सीएम को मिलने का समय नहीं दिया। उन्होंने कहा कि जिस मुख्यमंत्री ने 19 मार्च को शपथ ली उसे 21 मार्च को पीएम से मिलने का समय मिल गया और 16 मार्च को जो मुख्यमंत्री बने उन्हें 22 मार्च को पीएम से मुलाकात का समय मिल गया। हरियाणा के मुख्यमंत्री को पीएम द्वारा मिलने का समय न देना प्रदेश की अनदेखी करना है। उन्होंने यह भी संदेह जताया कि हो सकता है सीएम मनोहर लाल ने पीएम से मिलने का समय ही न मांगा हो। अन्यथा जब अन्य मुख्यमंत्रियों को पीएम से मिलने का समय मिल जाता है तो हरियाणा के मुख्यमंत्री को समय क्यों नहीं मिल पाया?
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि एसवाईएल पर इनेलो बड़ी से बड़ी कुर्बानी देने को तैयार है और इस बारे इनेलो द्वारा शुरू किए गए संघर्ष के तहत इनेलो कार्यकर्ताओं ने 23 फरवरी को शंभू बार्डर पर गिरफ्तारियां दी और केंद्र पर दबाव बनाने के लिए न सिर्फ 15 मार्च को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन किया बल्कि संसद का घेराव करके एक नया इतिहास रचने का भी काम किया। उन्होंने कहा कि हमने प्रदेश के सभी राजनेताओं व दलों को 23 फरवरी व 15 मार्च के संघर्ष का न्यौता दिया था ताकि केंद्र पर दबाव बनाया जा सके। इनेलो कार्यकर्ताओं ने तमाम बैरिकेट्स तोडक़र संसद के समक्ष पहुंचकर पूरे देश को यह अहसास करवाया कि हरियाणा के साथ एसवाईएल के मुद्दे पर अन्याय हो रहा है और सर्वोच्च न्यायालय का फैसला भी लागू नहीं हो रहा। उन्होंने कहा कि संसद घेराव में महिलाओं सहित इनेलो के अनेक कार्यकर्ता घायल हुए जो आज भी अस्पतालों में इलाज करवा रहे हैं। 
इनेलो नेता ने कहा कि एक तरफ सीएम कहते हैं कि एसवाईएल का मामला अदालत में लंबित है तो फिर वे गृह मंत्री से मिलने क्यों जा रहे हैं और राष्ट्रपति से क्यों मिले व प्रधानमंत्री को मिलने के लिए क्यों चि_ी लिखी? इनेलो नेता ने कहा कि जो लोग एसवाईएल पर हमारा मजाक उड़ाते थे कि कस्सी फावड़े से नहर नहीं खुदा करती और मामला अदालत में लंबित होने की दुहाई देते थे वे प्रधानमंत्री या केंद्रीय जलसंसाधन मंत्री से मिलने की बजाय गृह मंत्री से मिलने क्यूं जा रहे हैं? उन्होंने कहा कि गृह मंत्री से तो कानून व्यवस्था की स्थिति को लेकर चर्चा के लिए मिला जाता है। इनेलो नेता ने कहा कि पंजाब के मौजूदा मुख्यमंंत्री शपथ ग्रहण से पहले कहा था कि पंजाब का एक बूंद पानी भी किसी को नहीं देंगे लेकिन मुख्यमंत्री ने इस बारे उनका विरोध करते हुए केंद्र को कोई चि_ी तक नहीं लिखी। इनेलो नेता ने कहा कि उनकी पार्टी पहले ही यह तय कर चुकी है कि हम सीएम हरियाणा के साथ नहीं जाएंगे क्योंकि सरकार इस मामले में गम्भीर नहीं है। ऐसे में इनेलो नेता नेता प्रतिपक्ष अभय सिंह चौटाला व प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा सीएम के शिष्टमण्डल का हिस्सा बनने की बजाय सीधे केंद्रीय गृह मंत्री के पास जाएंगे और  नहर की खुदाई शुरू करवाने बारे प्रदेश का पक्ष रखेंगे और पीएम से मिलने का समय तय करवाने का भी आग्रह करेंगे। उन्होंने कांग्रेस नेता व पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा की भी आलोचना करते हुए कहा कि वे एक तरफ तो कैप्टन अमरेंदर सिंह के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होकर उन्हें बधाई देते हैं जो बार-बार कह रहे हैं कि एक बूंद पानी भी हरियाणा को नहीं दूंगा और वहीं दूसरी ओर आए दिन अखबारी बयान दिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इनेलो नहर की खुदाई का श्रेय नहीं लेना चाहती और अगर मौजूदा सरकार नहर खुदाई करवाकर प्रदेश का पानी लाने का काम करेगी तो सारा श्रेय उन्हें देने के साथ-साथ उनका माला डालकर स्वागत करने में भी हम पीछे नहीं  हटेंगे। पत्रकार सम्मेलन में इनेलो नेता आरएस चौधरी, बीडी ढालिया, बलदेव बाल्मीकि, राम सिंह बराड़, एनएस मल्हान, प्रवीन आत्रेय व एडवोकेट रविंद्र ढुल भी मौजूद थे।
जाट आरक्षण आंदोलन पर मुख्यमंत्री की बयानबाजी शर्मनाक: नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि एक तरफ मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर धरने पर बैठे जाट आरक्षण आंदोलनकारियों से बातचीत के लिए शिक्षा मंत्री रामबिलास शर्मा के नेतृत्व वाली कमेटी गठित करके उन्हें बातचीत के लिए भेजते हैं जिनमें तीन मंत्री व मुख्य सचिव के अलावा गृह सचिव भी शामिल थे और दूसरी तरफ सीएम यह कह देते हंै कि मुझे कोई जानकारी नहीं है कि आंदोलनकारियों के साथ उन्हें कोई संयुक्त पत्रकार सम्मेलन करना है। उन्होंने कहा कि इससे पहले रामबिलास शर्मा कमेटी आंदोलनकारियों के साथ मामला सुलझाकर यह ऐलान करती है कि कल इस बारे एक संयुक्त पत्रकार सम्मेलन में विधिवत घोषणा की जाएगी। उन्होंने कहा कि अब जब मांगें स्वीकार की गई हैं, ये वही सब मांगें हैं जो पिछले साल 19 फरवरी को मान ली गई थी लेकिन उन्हें एक साल तक लागू न करके लोगों को जानबूझकर धरने पर बैठने को मजबूर किया गया। उन्होंने कहा कि सरकार लोगों को आपस में लड़वाने और उनका भाईचारा तोडऩा चाहती थी लेकिन धरने पर बैठने वाले किसान इस बात को लेकर बधाई के पात्र हंै कि उन्होंने संयम व सहनशीलता बनाए रखी और फिर से आपसी भाईचारा खराब करने के प्रयासों को सफल नहीं होने दिया। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि आंदोलनकारियों के साथ जो समझौता किया है उसको लागू करने में सरकार की नीयत पर अभी भी संदेह है और उन्हें अंदेशा है कि कहीं सरकार फिर से लोगों को धरने पर बैठने के लिए मजबूर न कर दे।
सोलह हज़ार गैस उपभोक्ताओं को महीने में 4 हज़ार सिलेंडर की भी डिलीवरी नही, सरकार की विफलता - प्रदीप चौधरी


इनेलो पूर्व विधायक एवं जिलाध्यक्ष प्रदीप चौधरी ने राज्य सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि वैसे तो सरकार हर मोर्चे पर फेल है, लेकिन लोगों को मूलभूत सुविधाएं देने में भी नाकाम साबित हो रही है। उन्होंने कहा कि रायपुररानी में लोग रसोई गैस को लेकर परेशान हो रहे है हो सरकार सोई हुई है। चौधरी ने कहा कि रायपुररानी में एक मात्र गैस एजेंसी है और जिसके करीब साढ़े 15 हज़ार उपभोक्ता है, लेकिन उपभोक्ताओं की जरूरत के अनुसार गैस नही मिल पा रही है और रोजाना लोग पट्रोल फूंक कर बिना गैस ले लौट जाते है। सरकार बताए की जब 15 हज़ार से ज्यादा गैस उपभोक्ताओं के लिए एक सप्ताह में 2500 सिलेंडर भी नही आ पा रहे है, ऐसे में साढ़े 15 हज़ार गैस उपभोक्ताओं को हर महीने परेशानी झेलनी पड़ रही है।
प्रदीप चौधरी ने कहा कि भाजपा सरकार बने अढाई साल से ज़्यादा वक्त हो गया , लेकिन अभी तक अपना एक भी वादा पूरा नही कर पाई, गावों में वाईफाई की सुविधा देने की घोषणा की थी, अभी तक  एक भी गांव की वाईफाई से कनेक्टविटी नही हो पाई, सरकार के जिले 119 से ज्यादा गावों में 24 घंटे बिजली देना कागजों तक ही सिमट गया। गावों में रोजाना कट लग रहे है और फॉल्ट के बहाने कट लगाए जा रहे है।
शहीदों से प्रेरणा लेकर युवाओं को देशहित के लिए करने चाहिए सामाजिक कार्य - कुणाल गहलावत


सोनीपत : आजादी के लिए भगत सिंह, सुखदेव, राजगुरु ने अग्रेजों से लोहा लिया था, उन शहीदों का साहसिक कार्य आज युवाओं के लिए प्रेरणास्त्रोत का कार्य कर रहा है। यह बात इनेलो के युवा जिलाध्यक्ष कुणाल गहलावत ने जिला इनेलो कार्यालय में शहीदों को श्रदांजली देते हुए कही। गहलावत ने कहा हमें अपने दिल के अंदर इस बात को रखना चाहिए कि हम आज जिस खुली हवा में सांस ले रहे है इसके पिछे कितने शहीदों ने यातनाएं सहन करके अपनी जान की कुर्बानी दी थी। हमें ऐसा कोई कार्य नहीं करना चाहिए जिससे समाज का भाईचारा बिगड़े। जो लोग आज जाति-पाती का नारा देकर समाज को बांटना चाहते हैं, युवाओं को उनके प्रति सचेत रहकर संगठित होकर ऐसी ताकतों से लडऩे के लिए तैयार रहना चाहिए।
इस मौके पर गोहाना हल्काध्यक्ष प्रदीप बड़वासनी, जिला प्रैस प्रवक्ता फुलकुवार चौहान, प्रो. बंसीलाल कुण्डू, विकास मलिक, संजय मलिक, हरेन्द्र राठी, अमित चोपड़ा, प्रदीप सैनी, अशोक पंडित, यतिन हसीजा, नितीन वर्मा, सागर, नवदीप राठी शाबर अली आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे।  

Wednesday, March 22, 2017

पूंजीपतियों को 95 हजार करोड़ का पैकेज, तो किसानों का कर्ज माफ क्यों नहीं - दुष्यंत



नई दिल्ली : कारपोरेट जगत के लिए सरकार 95 हजार करोड़ रूपये की राहत दे सकती है तो फिर केंद्र सरकार को देश के किसानों की कर्ज माफी में क्या परेशानी है। इनेलो संसदीय दल के नेता व हिसार से सांसद दुष्यंत चौटाला ने बुधवार को  लोकसभा में केंद्र सरकार के समक्ष यह सवाल खड़ा किया। इनेलो सांसद दुष्यंत चौटाला ने लोकसभा में वित्त बिल पर चर्चा में भाग लेते हुए पांच से दस लाख तक आय वाले लोगों पर 20 प्रतिशत आयकर को कम करने, एसवाईएल निर्माण के लिए बजट में धन का प्रावधान करने, जीएसटी बिल के लागू होने से इंस्पेक्टरी राज संबंधी स्थिति स्पष्ट करने और नोटबंदी के बाद आयकार विभाग की स्टेटस रिपोर्ट की मांग की। 
दुष्यंत चौटाला ने आज लोकसभा में किसानों को बिना ब्याज के तीन लाख रूपये की राशि केसीसी के तहत और चार प्रतिशत ब्याज पर केसीसी से 8 लाख रूपये की राशि किसानों को देने की मांग दोहराई। इनेलो सांसद ने आज सदन में कहा कि पांच से दस लाख आमदनी वाले लोगों पर 20 प्रतिशत आयकर लगाया गया है। सरकार के इस कदम से देश के वरिष्ठ नागरिक और सेवानिवृत्ति के नजदीक वाले कर्मचारी सर्वाधिक प्रभावित हो रहे हैं जिनकी आमदनी पूरे जीवन के सेवाकाल के बाद इतनी हुई है। उन्होंने मांग की कि पांच से दस लाख की आमदनी वाले लोगों के लिए 20 प्रतिशत आयकर की दर को कम किया जाए। 
दुष्यंत चौटाला ने केंद्र सरकार की किसानों की कर्ज माफी की मंशा पर सवाल खड़ा करते हुए कहा कि केंद्र सरकार से जब किसानों के कर्ज माफी की मांग की जाती है तो वह आरबीआई का हवाला देते हुए इसे असंभव करार देती है जबकि केंद्र सरकार स्वयं कारपोरेट जगत को करों के रूप में 95 हजार करोड़ की राहत देने जा रही है। उन्होंने पूछा कि सरकार की यह दोगली नीति क्यों है। पूंजीपतियों को राहत के तौर पर इतने बड़े पेकैज देने का मकसद क्या है तथा सरकार खजाने में होने वाले इस नुकसान की भरपाई सरकार कैसे करेगी। सांसद दुष्यंत चौटाला ने नोटबंदी के दौरान बैंक में भ्रष्टाचार के मामले सामने आने का भी जिक्र किया। 
युवा सांसद ने कहा कि जीएसटी के तहत उन नए प्रावधानों पर पुन: विचार करे जिसके तहत अधिकारियों को और अधिकार दिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि छोटे अधिकारियों को बड़े अधिकारियों के बराबर अधिकार देने से देश में इंस्पेक्टरी राज कायम हो जाएगा। उन्होंने सरकार से पूछा कि सरकार कब जीएसटी लागू करने जा रही है और इसमें आम आदमी के लिए जीएसटी के तहत करों सेस के रूप में लगने वाले उपकरों को समाप्त करने जा रही है या नहीं। उन्होंने सरकार ये यह भी पूछा कि नोटबंदी के बाद आयकर विभाग ने कितने लोगों को नोटिस दिए और इनमें कितने नोटिस का निदान हो गया और कितने नोटिस का निपटारा होना बाकी है।

Monday, March 20, 2017

खेलों से बढ़ता है आपसी भाईचारा - पदम


सोनीपत : खेलों से आपसी भाईचारा बढ़ता है व शारीरिक विकास होता है यह बात इनेलो जिलाध्यक्ष एवं रोहट हल्का क पूर्व विधायक पदम सिंह दहिया ने गांव बिधलान में कुश्ति दंगल में बतौर मुख्यातिथि में शिरकत करते हुए कही। पहले नंबर की कुश्ति में हरियाणा पूलिस का जवान रामकरण व गांव बिधलान का भीम पहलवान बराबरी पर रहे। 
दहिया ने कहा इनेलो की सरकार बनने के बाद नई खेल निती बनाई जाएगी। खिलाडिय़ों की सारी समस्याओं को दूर करके उनके रस्ते के सारे कांटो को दुर किया जाएगा। दहिया ने कहा इनेलो की सरकार ने खेलों को हमेशा बढ़ावा देने का काम किया। आज खिलाड़ी युवाओं के आदर्श बन चुके है। दहिया ने कहा सरकार को खिलाडिय़ों की मुलबुत सुविधाओं का ख्याल रखना चाहिए। आज गांव के अंदर किसी भी स्टेडियम में न तो कोच का प्रबंध है और न ही कोई सुविधा। खिलाड़ी अपनी मेहनत से प्रदेश व देश का नाम रोशन कर रहे हैं।
इस मौके पर युवा जिलाध्यक्ष कुणाल गहलावत, प्रोफेसर बंसीलाल कुण्डू, ककरोई के पूर्व सरपंच नरेन्द्र उर्फ लिलू, रमेेेश, सेठ रामदेव, नरेन्द्र उर्फ नान्हा, सरपचं शमशेर, राजेन्द्र उर्फ काला, सोनी आदि गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे। 
सरकार की नाकामियों की वजह से झेलनी पड़ी लोगों को परेशानी - लितानी

हिसार : इनेलो जिलाध्यक्ष राजेंद्र लितानी ने सरकार की नाकामियों की वजह से ही प्रदेश की जनता पिछले 50 दिनों से भी अधिक समय से परेशानी झेल रही है। अगर सरकार आंदोलनरत जाट समाज के लोगों की शुरू में ही मांगें मान लेती तो लोगों की जान सांसत में नहीं पड़ती। लेकिन अपनी हठधर्मिता के चलते सरकार ने जाट समाज के लोगों के आंदोलन को आगे बढ़ाने के लिए मजबूर किया। इनेलो नेता लितानी ने कहा कि जाट समाज अपने हकों व जायज मांगों को लेकर आंदोलनरत है और लोकतंत्र में अपनी जायज मांगों को लेकर आंदोलन करना सभी का अधिकार है। लेकिन पिछले 50 दिनों से पूरी सरकारी मशीनरी जाट समाज की मांगों को मानने की बजाए इस आंदेालन को दबाने में लगी हुई है। इसमें करोड़ों रुपए खर्च हुए हैं, जो प्रदेश की जनता की खून पसीने की कमाई है। उन्होंने कहा कि पिछले 50 दिनों से पूरे प्रदेश में एक संशय का माहौल और किसी भी अनहोनी की आशंका को लेकर लोगों में भय बना हुआ है। उन्होंने कहा कि जाट समाज को आंदोलन करने का कोई शौक नहीं है। वे केवल अपना अधिकार मांग रहे हैं। इसलिए सरकार को भी चाहिए था कि वे समय पर उनकी मांगों को पूरा कर देती। लितानी ने कहा कि गत दिवस सरकार व जाट नेताओं में जो सहमति बनी है, वे आंदोलन के पहले दिन भी बन सकती थी। लेकिन भाजपा सरकार जानबूझ कर ऐसा नहीं चाहती थी। उन्होंने सरकार से अनुरोध किया किया कि अब भी वह अपनी हठधर्मिता छोड़ते हुए समझौते के अनुसार जाट समाज की मांगों को समयबद्ध तरीके से पूरी करे ताकि प्रदेश में अमन चैन कायम रह सके। 
टूटी सड़कों की सुध ले सरकार - लावट

हिसार : इंडियन नेशनल लोकदल के हलकाध्यक्ष सजन लावट ने शहर के पॉश इलाकों सहित अन्य गली मोहल्लों की बदहाल सड़कों पर गहरा रोष जताया है। लावट ने इसके लिए सीधे तौर पर भाजपा के मौजूदा प्रतिनिधि व प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया है। आज यहां जारी एक बयान में इनेलो हलाकध्यक्ष लावट ने कहा कि शहर की सड़कों की हालत पहले कांग्रेस सरकार के दौरान ही काफी खराब थी, लेकिन भाजपा सरकार बनने के बाद तो इन सड़कों की दुर्दशा और भी ज्यादा हो गई है। शहर के पॉश इलाकों व सेक्टरों में सड़कें इतनी अधिक खस्ताहाल है कि वहां से वाहन तो क्या, पैदल चलना भी दुभर हो रहा है। लेकिन इन्हें ठीक कराने के लिए न तो हुडा प्रशासन कोई कदम उठा रहा है और न ही नगर निगम प्रशासन इस विषय पर गंभीर है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन की ओर से पहले ही जो सड़कें बनी हुई है, उन्हीं को उखाड़कर दोबारा बनाने की औपचारिकताएं पूरी की जा रही है। लेकिन भाजपा नेता इस विषय पर चुप्पी साधे हुए हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा नेताओं को केवल अपने आप की महिमा मंडित करने की ही फुर्सत नहीं है, जबकि धरातल पर कोई काम नहीं हो रहा। लावट ने कहा कि सड़कों की बदहाल सड़कों को लेकर सामाजिक संस्थाएं व लोग आंदोलनरत है, लेकिन शासन प्रशासन के कान पर जूं तक नहीं रेंग रही। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर प्रशासन ने इस दिशा में जल्द कोई कदम नहीं उठाया तो इनेलो लोगों को साथ लेकर कोई भी बड़ा कदम उठाने के लिए मजबूर हो जाएगी। 

Friday, March 17, 2017

दिल्ली में जंतर-मंतर पर हुए लाठीजार्च की गूंज लोकसभा तक पहुंची

हिसार : एसवाईएल नहर के निर्माण के मु्द्दे पर जंतर-मंतर पर शांतिपूर्वक ढंग से प्रदर्शन करने के बाद लौट रहे प्रदर्शकारियों पर दिल्ली पुलिस के लाठीचार्ज की गूंज आज लोकसभा में भी सुनाई दी। इनेलो संसदीय दल के नेता व हिसार से सांसद दुष्यंत चौटाला ने वीरवार को इस मुद्दे को उठाते हुए दिल्ली पुलिस द्वारा किए गए लाठीचार्ज की घटना की जांच करवाने की मांग की। इसके अलावा आज उन्होंने लोकसभा में पैरा मिलीट्री फोर्स के जवानों को आवास, अत्याधुनिक उपकरण,  वर्तमान व सेवानिवृत्त सैनिकों के लिए कैंटीन सहित अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाने की मांग उठाई। 
आज लोकसभा में सांसद दुष्यंत चौटाला ने कहा कि एसवाईएल नहर के निर्माण की मांग को लेकर जंतर-मंतर प्रदर्शन करने के बाद लोग लौट रहे थे। धरने समाप्त करने के आधे घंटे बाद पार्लियामेंट स्ट्रीट में पुलिस ने वहां खड़े वाहनों के शीशे तोड़े और लोगों पर लाठीजार्च किया गया। दुष्यंत ने केंद्र सरकार से इस सारी घटना की जांच की मांग की। 
युवा सांसद ने पेरामिलीट्री जवानों की समसयाओं का जिक्र करते हुए कहा कि सेना व पुलिस के बीच पैरा मिलीट्री फोर्स एक अहम कड़ी है और देश में शांति बनाए रखने में पैरा मिलीट्री फोर्स की अह ा भूमिका है परन्तु पैरा मिलीट्री के जवान मूलभूत सुविधाओं से भी वंचित रहते हैं। ज मू कश्मीर जैसे इलाकों में पैरा मिलीट्री के जवानों को अस्थायी तंबूओं में रहना पड़ रहा है और अत्याुधिनक हथियारों से भी वंचित रहता है। उन्होंने पिछले दिनों एक सैनिक द्वारा खराब खाने की घटना क हवाला देते हुए कहा कि जवानों को विषम परिस्थितियों में डयूटी देनी पड़ती है ऐसे में उन्हें कैंटीन, आवास की सुविधाएं से वंचित नहीं रखना चाहिए। सांसद दुष्यंत चौटाला ने पैरा मिलीट्री के सेर्वानिवृत सैनिकों के लिए भी सेना की तर्ज पर कैंटीन की सुविधाएं देने की मांग करते हुए कहा कि सरकार से पेरा मिलीट्री के लिए आधारभूत सुविधाओं और अत्याुनिक उपकरण व तकनीक के विकास के लिए अलग सग बजटीय प्रावधान रखना चाहिए। 

Thursday, March 16, 2017

 विधायक राजदीप ने सीवरेज समस्या का लिया जायजा, अधिकारियों को दिए दुरुस्ती के आदेश 


चरखी दादरी : दादरी के विधायक राजदीप फौगाट ने स्थानीय झज्जर घाटी रोड पर धंसे मेनहोल से आम जन को हो रही परेशानियों को जाना और मौके पर ही जन स्वास्थ्य एवं नगर परिषद के अधिकारियों को बुलाकर जल्द समाधान के लिए कहा। विधायक ने अधिकारियों को कहा कि समस्या के समाधान में देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। संबंधित विभाग तत्परता से धंसे हुए मेनहोल, टूटी सड़क व नाले की बदहाली को लेकर जल्द कार्य शुरू करे। गौरतलब है कि झज्जर घाटी रोड पर धंसे सीवर मेनहोल की सुध नहीं लिए जाने पर यहां के दुकानदारों ने जाम लगाया था। जाम की सूचना पाकर पहुंचे पुलिस अधिकारियों ने लोगों को समझा कर जाम खुलवाने का प्रयास किया लेकिन लोग अड़े रहे। आखिरकार जन स्वास्थ्य विभाग ने सीवर मेनहोल को जल्द दुरुस्त करने का भरोसा दिया। क्षेत्र में कई माह से निरंतर परेशानी का सबब बने धंसे मेनहोल को लेकर विधायक राजदीप फौगाट आज मौके पर पहुंचे। इस दौरान जन स्वास्थ्य विभाग के एसडीओ रामफल, कनिष्ठ अभियंता दलबीर सिंह व नगर परिषद के एमई बस्ती राम भी मौजूद थे। विधायक ने अधिकारियों को जल्द समाधान के आदेश दिए। यहां के लोगों ने कहा कि यह सीवर मेनहोल हर दो-चार माह में धंस जाता है। गंदा पानी घरों में पहुंचता है और सड़क मार्ग भी टूट रहा है। जिस कारण दुकानदारों का कामकाज प्रभावित होने के साथ ही आवागमन भी बाधित रहता है। संबंधित विभागों द्वारा अब तक महज खानापूर्ति की गई है, समस्या से स्थायी रूप से निजात दिलाने के लिए कोई कदम नहीं उठाया। इस पर विधायक ने 
अधिकारियों से जवाब मांगा। जन स्वास्थ्य विभाग के एसडीओ ने कहा कि जल्द ही सीवर मेनहोल को दुरुस्त किया जाएगा। इसके साथ ही नगर परिषद भी सड़क के साथ बने नाले की सुध लेते हुए सड़क मार्ग को दुरुस्त करेगी। लोगों का कहना है कि नाले में रिसाव, मेनहोल टूटने से सड़क मार्ग भी खस्ताहाल हो रहा है। बार-बार मेनहोल धंस 
जाता है। स्थायी समाधान के लिए नाले की मरम्मत भी जरूरी है। विधायक राजदीप फौगाट ने लोगों को भरोसा दिया कि जल्द ही समस्या का स्थायी समाधान करवा दिया जाएगा। इस अवसर पर क्षेत्र के दुकानदार व एमसी मनोज वर्मा भी मौजूद थे। 
इनेलो एसवाईएल की मांग को लेकर 6 अप्रैल से जंतर-मंतर पर बेमियादी क्रमिक धरने शुरू करेगी


गुडगाँव : एसवाईएल के अधूरे निर्माण को पूरा करवाए जाने की मांग को लेकर इनेलो कार्यकर्ता 6 अप्रैल से रोजाना जंतर-मंतर नई दिल्ली पर बेमियादी क्रमिक धरने देंगे और एसवाईएल पूरा करवाने की मांग पर निरंतर प्रदर्शन जारी रखेंगे। यह घोषणा इनेलो के वरिष्ठ नेता एवं विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला और प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा ने गुरुवार को गुरुग्राम में पत्रकारों से बातचीत करते हुए दी। इनेलो नेताओं ने बताया कि स्व. जननायक चौधरी देवीलाल की पुण्यतिथि पर इनेलो क्रमिक धरने शुरू करेगी और रोजाना एक-एक विधानसभा के कार्यकर्ता जंतर-मंतर पर आकर धरने देंगे और एसवाईएल की मांग को लेकर निरंतर प्रदर्शन किया करेंगे। इनेलो नेताओं ने कहा कि पार्टी किसानों के हितों व स्वामी नाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करने की मांग को लेकर भी प्रदेशव्यापी आंदोलन चलाएगी और इसके साथ-साथ इनेलो का अगला आंदोलन प्रदेश की राजधानी चंडीगढ़ के लिए होगा। इनेलो नेताओं ने बुधवार को शांतिपूर्वक संसद का घेराव कर रहे इनेलो कार्यकर्ताओं पर दिल्ली पुलिस द्वारा बर्बरतापूर्वक लाठीचार्ज किए जाने की कड़ी भत्र्सना करते हुए इसे अमानवीय कदम बताया।


इनेलो नेताओं ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा व कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अशोक तंवर सहित कई कांग्रेसी नेताओं द्वारा पंजाब के कांग्रेसी मुख्यमंत्री कैप्टन अमरेंदर सिंह के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने पर सवाल उठाते हुए कहा कि कैप्टन अमरेंदर सिंह बार-बार यह कह रहे हैं कि वे हरियाणा को एक बूंद भी पानी नहीं देेंगे और उनके शपथ ग्रहण में शामिल होकर हरियाणा के कांग्रेसी नेताओं ने यह साबित कर दिया है कि वे प्रदेश के हितैषी नहीं और उनके अंदर स्वाभिमान जैसी कोई बात नहीं है। बल्कि वे न सिर्फ प्रदेश के विरोधी हैं बल्कि हरियाणा के हितों के साथ भी उन्होंने गद्दारी की है। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि कैप्टन अमरेंदर सिंह ने एसवाईएल का फैसला हरियाणा के पक्ष में आते ही न सिर्फ खुद अपनी संसद की सीट से इस्तीफा दे दिया था बल्कि कांग्रेस पार्टी के 42 विधायकों से भी यह कहते हुए इस्तीफा दिलवा दिया था कि पंजाब एक बूंद भी पानी हरियाणा को नहीं देगा। इनेलो नेता ने कहा कि एसवाईएल मामले को लेकर इनेलो कार्यकर्ताओं द्वारा कल संसद का शान्तिपूर्वक घेराव किया लेकिन पुलिस ने बिना किसी चेतावनी के लाठीचार्ज किया जोकि सरासर अन्यायपूर्ण हैं, इनेलो इस कार्यवाही की कड़े शब्दों में भत्र्सना करती है। इस कार्यवाही की कोई प्रवाह ना करते हुए इनेलो के कार्यकर्ता हरियाणा प्रदेश के हितों को लेकर भविष्य में और अधिक मजबूती से संघर्ष करेगा।
इनेलो नेता ने कहा कि हरियाणा प्रदेश चौधरी देवीलाल जी के अथक प्रयासों से हरियाणा प्रदेश बना और हरियाणा प्रदेश के हितों के लिए इनेलो हमेशा संघर्षशील रही है। एसवाईएल नहर आज हरियाणा की जीवनरेखा बन चुकी है। एसवाईएल नहर के लिए इनेलो कार्यकर्ता संसद से सडक़ तक अपना संघर्ष जारी रखेंगे। आगामी 6 अप्रैल को पूर्व उपप्रधानमंत्री जननायक चौधरी देवीलाल जी की पुण्यतिथि पर इनेलो कार्यकर्ता नई दिल्ली स्थित संघर्ष स्थल पर एकत्रित होकर उनके जीवन से संघर्ष की प्रेरणा लेकर जन्तर मन्तर पर प्रदर्शन करेंगे और जब तक हरियाणा को एसवाईएल का पानी नहीं मिल जाता तबतक प्रत्येक हलका वाइज धरना प्रदर्शन जारी रहेगा। इसके अलावा श्री चौटाला ने किसानों के मुददे पर बोलते हुए कहा कि फसल बेचने के वक्त किसानों को लूटा जाता है। स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करवाने के लिए जनता के बीच जाएंगे। इनेलो नेताओं ने कांग्रेस व भाजपा पर एसवाईएल पर राजनीति करने का भी आरोप लगाया।


नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि हरियाणा प्रदेश को बने हुए 50 वर्ष हो गये परन्तु आज भी प्रदेश की अपनी अलग राजधानी नहीं है इसको लेकर भी आवाज भी बुलन्द करेंगे। जाट आरक्षण पर बोलते हुए कहा कि भूपेन्द्र सिंह हुड्डा ने सरकार जाते जाते वोटों की खातिर जाटों को आधे अधूरे दस्तावेजों पर आरक्षण दिया था जो आगे कोर्ट में नहीं टिक पाया और आज भी हुडडा जाटों के आगे घडिय़ाली आंसू बहाकर जाटों की हमदर्दी हासिल करना चाहते है। अगर हुडडा जाटों के सच्चे हिमायती हंै तो आन्दोलन के दौरान उनके धरनों में शामिल होना चाहिए था। इनेलो पहले दिन से ही इस बात की हिमायती है कि जो वायदा सरकार ने जाट आंदोलनकारियों से किया उसे तुरन्त प्रभाव से लागू कर प्रदेश के माहौल को और ज्यादा बिगडऩे से बचाने के लिए तत्काल प्रभाव से कदम उठाने चाहिए। इस अवसर पर अभय सिंह चौटाला व अशोक अरोड़ा के अलावा पूर्व डिप्टी स्पीकर गोपीचन्द गहलोत, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अनन्तराम तंवर, जिलाध्यक्ष गंगाराम, राजेश सूटा, रमेश दहिया, शैलेश खटाणा, शमशेर कटारिया, रिषीराज राणा, किशोर यादव, दलबीर धनखड़, कपिल त्यागी प्रवक्ता, अटलबीर कटारिया, बेगराज गुर्जर एडवोकेट, सुरेन्द्र तंवर, गौरव छौक्कर, राजेश डागर, विक्की कटारिया, पवन धनकोट, चेतन मल्होत्रा, अनिल नम्बरदार, विकास किराड सहित अन्य पदाधिकारी व कार्यकर्ता उपस्थित थे। इससे पहले अभय सिंह चौटाला व अशोक अरोड़ा लाठीचार्ज में हुए घायलों का पता लेने राम मनोहर लोहिया अस्पताल भी गए और पुलिस कार्रवाई की कड़े शब्दों में निंदा की।
केंद्र सरकार जल्द एसवाईएल नहर का निर्माण कार्य पूरा करवाए, हरियाणा देश को देगा एक लाख मीट्रिक टन अतिरिक्त अनाज  - दुष्यंत 


नई दिल्ली : अधूरी पड़ी सतलुज-यमुना लिंक नहर को पूरा करने का मुद्दा लगातार इनेलो विभिन्न मंचों पर उठा रही है। वीरवार को यह मुद्दा फिर से लोकसभा में गूंजा और सरकार से तुरंत इस नहर का निर्माण कार्य पूरा करने की मांग की गई। इनेलो संसदीय दल के नेता व हिसार से सांसद दुष्यंत चौटाला ने लोकसभा में कृषि पर विभिन्न मांगों पर चर्चा के दौरान यह मुद्दा उठाया। इनेलो सांसद ने केंद्र सरकार से मांग कि वह जल्द से जल्द एसवाईएल नहर का निर्माण करवाए जिससे कि हरियाणा में बंजर पड़ी 44 हजार वर्ग किलोमीटर कृषि योग्य भूमि की सिंचाई की जा सके । उन्होंने कहा कि एसवाईएल नहर से हरियाणा को उसके हिस्से का पानी मिलने से एक लाख मीट्रिक टन अतिरिक्त अनाज का उत्पादन हो सकेगा। सांसद दुष्यंत चौटाला ने बाजार में आलू का भाव लागत से कम भी मिलने का मुद्दा भी उठाया। इसके अलावा युवा सांसद ने आज लोकसभा में फसल बीमा योजना के तहत सभी किसानोंं के फसल के नुकसान की भरपाई करने, किसान क्रेडिट कार्ड की सीमा आठ लाख रूपये करने, किसानों का तीन लाख रूपये तक का ऋण बिना ब्याज देने,  फसलों का न्यूतनम निर्धारित मूल्य पहले ही घोषित करने और कर्ज के बोझ तले दबे किसानों का कर्ज माफी का भी मुद्दा सदन में उठाया। उन्होंने केंद्रीय कृषि मंत्री का ध्यान मिट्टी के हेल्थ कार्ड का डिजीटलाईजेशन करने की ओर भी दिलाया ताकि कृषि योग्य भूमि के हर एकड़ की क्षमता के अनुसार फसल उगाने की सिफारिश की जा सके। 
युवा सांसद ने आंकड़े पेश करते हुए कहा कि बीमा योजना के तहत हरियाण में किसानों की ओर से फसल नुकसान के 7224 दावे किए गए इनमें से केवल 3229 नुकसान के दावों को सरकार ने स्वीकार किया। उन्होंने मांग की कि हर बीमा धारक किसान को फसल के नुकसान का मुआवाज मिलना चाहिए। उन्होंने केंद्रीय कृषि मंत्री से पूछा कि कब तक सभी परम्परागत और बागबानी फसलों को फसल बीमा योजना के तहत कवर किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि किसान क्रेडिट कार्ड के तहत तीन लाख रूपये देने का कार्य एक दशक पूर्व शुरू किया गया था, किसान के लिए यह राशि कम पढ़ रही है। उन्होंने कहा कि जमीनों की कीमत बढ़ चुकी है। दुष्यंत ने मांग की कि केसीसी की सीमा आठ लाख रूपये , केसीसी के भुगतान की अवधि छह माह से बढ़ा कर एक वर्ष करने तथा मुद्रा और डिजीटल इंडिया की तर्ज पर तीन-तीन लाख रूपये युवाओं को केंद्र सरकार दे। 
जिलाध्यक्ष पदम सिंह ने दिल्ली पुलिस की बर्बरतापूर्ण व्यवहार व लाठीचार्ज की कड़े शब्दों में निंदा की


सोनीपत : एसवाईएल नहर के निर्माण के लिए इनेलो पार्टी के शांतिपूर्वक प्रर्दशन पर दिल्ली पुलिस द्वारा बरबरतापुर्ण लाठीचार्ज से बीजेपी का किसान विरोधी चेहरा सामने आ गया है। इनेलो पार्टी के जिलाध्यक्ष पदम सिंह दहिया ने पुलिस की इस कारवाई की निंदा करते हुए कहा पुरूष पुलिस कर्मियों ने महिलाओं पर भी लाठीचार्ज करके उनके साथ दुव्र्यवहार किया। दहिया ने बताया इस प्रदर्शन में इनेलो के दर्जनों कार्यकर्ता घायल हो गए। दहिया ने बताया गन्नोर हल्का के पूर्व प्रधान भानेराम उद्देशीपुर सहित दर्जनों सोनीपत के युवा कार्यकर्ताओं को भी चोट आई है। इनेलो कार्यकर्ताओं के खुन को व्यर्थ नहीं जाने दिया जाएगा।


बीजेपी सरकार सता के नशे में पुरी तरह चुर हो गई है सरकार के इस घंमड को हरियाणा की जनता तोडऩे का काम करेगी। दहिया ने कहा 23 फरवरी को लाखों इनेलो कार्यकर्ता जब पंजाब सीमा पर नहर खोदने गए तो उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया और दिल्ली में लाठी डंडे बरसाना पुरी तरह से लोकतंत्र की हत्या है।
युवा इनेलो के जिलाध्यक्ष कुणाल गहलावत ने कहा बीजेपी सरकार का असली चेहरा सामने आ गया है। बीजेपी सरकार हरियाणा के किसानों को दबाना चाहती है। गहलावत ने कहा एसवाईएल के लिए युवाओं को कोई भी कुर्बानी देनी पड़े हम पिछे नहीं हटेगें। इस मौके पर युवा जिलाध्यक्ष कुणाल गहलावत, प्रेस प्रवक्ता फूलकंवार चौहान, हल्का प्रधान सुरेश त्यागी, कार्यलय सचिव संजय मलिक, संन्दीप ठरू, प्रो. बंसीलाल, आशीष सुहाग, शाबर अली, पंडीत पी. डी. शर्मा, प्रदीप सैनी आदि कार्यकर्ता मौजूद थे। 
सामने आया हुड्डा का दोगला चेहरा - डाबड़ा

हिसार : पूर्व विधायक एवं इनेलो किसान प्रकोष्ठ के प्रदेशाध्यक्ष पूर्ण सिंह डाबड़ा ने कहा है कि पंजाब सीएम के शपथ ग्रहण समारोह में भाग लेने के बाद अब पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा का दोगला चेहरा उजागर हो गया है। उन्होनें कहा कि पंजाब विधानसभा चुनाव के दौरान तो भूपेंद्र सिंह हुड्डा कह रहे थे कि वे पंजाब जाकर चुनाव प्रचार नहीं करेंगे, लेकिन गुरुवार को पंजाब के मुख्यमंत्री के शपथग्रहण समारोह में भाग लेकर उन्होंने साबित कर दिया है कि उन्हें प्रदेश हित की बजाए अपने राजनीतिक हितों की ज्यादा चिंता है। डाबड़ा ने कहा कि अगर हुड्डा हकीकत में ही प्रदेश व किसान हितैषी होते तो इस समारोह में शामिल होने की बजाए एसवाईएल को लेकर अपने स्टैंड पर कायम रहते। उन्होंने कहा कि अपने कार्यकाल के दौरान भी भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने एसवाईएल को लेकर कोई कदम उठाने की बजाए केवल और केवल वकीलों को करोड़ों रुपए फीस देने के अलावा कोई काम नहीं किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने एसवाईएल को लेकर मात्र अपनी राजनीति चमकाई है। अगर हुड्डा वास्तव में ही एसवाईएल को लेकर गंभीर है तो वे इनेलो के साथ मिलकर एसवाईएल को लेकर लड़ी जा रही लड़ाई में कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हों।
एसवाईएल मुद्दे प रकेंद्र की गूंगी बहरी सरकार को जगाने का प्रयास सराहनीय - लितानी

हिसार : इनेलो के वरिष्ठ नेता अभय सिंह चौटाला के नेतृत्व में एसवाईएल को लेकर चलाये जा रहे न्याय युद्ध के माध्यम से बुधवार को इनेलो कार्यकर्ताओ द्वारा जंतर मंतर पर प्रदर्शन करते हुए केंद्र की गूंगी बहरी सरकार को जगाने का जो प्रयास किया गया है वह सराहनीय है। इनेलो जिला अध्यक्ष राजेंद्र लितानी ने जिला कार्यकर्ताओ के हजारों की संख्या में जंतर मंतर पर पहुंचने पर आभार जताते हुए यह बात कही। साथ ही साथ उन्होंने एसवाईएल के लिए अपने जायज हक की मांग कर रहे बुजुर्गों व महिलाओं पर दिल्ली पुलिस द्वारा किये गए लाठीचार्ज को सरकार का बर्बरता पूर्ण कदम बताया। यहां तक की बिना चेतावनी के लोगो के सिरों पर लाठियां भांजी गयी और तो और महिलाओं पर भी पुरुष पुलिस कर्मियों द्वारा लाठियां चलाई गयी और उन्हें धक्के मारे गए। केंद्र सरकार को लाठियां चलवाने की बजाए प्रदेश की जनता को कोई ठोस आश्वासन देने के साथ साथ यह भी बताना चाहिए था कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के अनुसार नहर का निर्माण कब शुरू करवाएंगे। इनेलो नेता लितानी ने बताया कि कोर्ट के फाइनल फैसले के बाद भी प्रदेश व केंद्र की भाजपा सरकार की एसवाईएल को लेकर लगातार चुप्पी से प्रदेश के किसानों में आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। आज जिस प्रकार इस जल युद्ध को समर्थन मिल रहा है उसे देखते हुए लग रहा है कि अगर जल्दी ही केंद्र सरकार ने नहर का निर्माण शुरू नही करवाया तो पूरा प्रदेश सड़को पर उतर जायेगा। लितानी ने बताया कि जब तक एस वाई एल का निर्माण केंद्र सरकार शुरू नहीं करवाती तब तक इनेलो का संघर्ष जारी रहेगा।

Wednesday, March 15, 2017

इनेलो ने दिल्ली पुलिस के बर्बरतापूर्ण व्यवहार व लाठीचार्ज की कड़े शब्दों में भर्त्सना की


नई दिल्ली, 15 मार्च : इनेलो कार्यकर्ताओं पर दिल्ली पुलिस द्वारा किए गए बर्बरतापूर्ण व्यवहार की इनेलो ने कड़े शब्दों में भत्र्सना करते हुए इस मामले में केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह से मिलने और उन्हें पूरे घटनाक्रम का ब्यौरा देते हुए दोषी पुलिस कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग करने का निर्णय लिया है। इनेलो राजनीतिक मामलों की कमेटी (पीएसी) की आज नई दिल्ली में हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया। बैठक की अध्यक्षता इनेलो के वरिष्ठ नेता एवं विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला और प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा ने की। बैठक में पूर्व सीपीएस रामपाल माजरा, पूर्व स्पीकर सतबीर सिंह कादियान, पूर्व मंत्री सुभाष गोयल, पूर्व डिप्टी स्पीकर गोपीचंद गहलोत, जाकिर हुसैन, तेलू राम जोगी, मक्खन लाल सिंगला, राजदीप फोगाट, बलकौर सिंह सहित पार्टी के अनेक प्रमुख नेता मौजूद थे।
नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला ने कहा कि आज तक पार्टी ने अनेक बार धरने-प्रदर्शन व आंदोलन किए हैं लेकिन पुलिस का ऐसा बर्बरतापूर्ण व्यवहार आज तक नहीं देखा। पार्टी एसवाईएल को लेकर प्रदेश की 6843 पंचायतों द्वारा उन्हें सौंपे गए ज्ञापन प्रधानमंत्री को सौंपना चाहती थी लेकिन पुलिस ने शांतिपूर्वक संसद की ओर कूच कर रहे इनेलो कार्यकर्ताओं पर बिना किसी चेतावनी सीधे सिर पर लाठियां बरसानी शुरू कर दी। पुलिस का यह व्यवहार न सिर्फ अमानवीय है बल्कि पुलिस ने सभी मर्यादाओं को भी लांघते हुए महिलाओं के साथ भी पुरुष पुलिस कर्मचारियों ने दुव्र्यवहार किया जिसकी इनेलो कड़े शब्दों में भत्र्सना करती है। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि इनेलो कार्यकर्ताओं ने पूरी तरह शांतिपूर्वक तरीके से जंतर-मंतर पर प्रदर्शन किया और प्रधानमंत्री कार्यालय या सरकार की ओर से प्रदेश की पंचायतों व इनेलो के ज्ञापन लेने के लिए कोई वरिष्ठ अधिकारी वहां आता इसकी बजाय पुलिस ने बिना चेतावनी सीधे लाठीचार्ज शुरू कर दिया।
संसद का घेराव करने जा रहे इनेलो कार्यकर्ताओं पर पुलिस ने किया बर्बरतापूर्ण लाठीचार्ज


नई दिल्ली, 15 मार्च : एसवाईएल के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने की मांग को लेकर इनेलो कार्यकर्ताओं ने आज जंतर-मंतर पर विशाल प्रदर्शन किया और शांतिपूर्वक तरीके से संसद का घेराव करने जा रहे इनेलो कार्यकर्ताओं पर संसद भवन से चंद कदम की दूरी पर दिल्ली पुलिस ने बिना कोई पूर्व चेतावनी दिए बर्बरतापूर्ण व बेरहमी से भारी लाठीचार्ज किया। लाठीचार्ज से दर्जनों इनेलो कार्यकर्ता घायल हो गए।


पुलिस ने महिलाओं और बुजुर्गों को भी नहीं बख्शा और गाडिय़ों में बैठे बुजुर्ग इनेलो कार्यकर्ताओं को गाडिय़ों से निकालकर उनके सिर पर लाठियां बरसाई गई जिससे अनेक कार्यकर्ताओं को गम्भीर चोटें आई। सर्वोच्च न्यायालय का फैसला लागू करवाए जाने और एसवाईएल के अधूरे निर्माण को पूरा करवाए जाने की मांग को लेकर भारी संख्या में इनेलो कार्यकर्ताओं ने आज जंतर-मंतर पर प्रदर्शन किया और प्रदर्शन के बाद जैसे ही इनेलो कार्यकर्ता प्रधानमंत्री को ज्ञापन देने के लिए संसद की ओर कूच कर रहे थे तो बैरीकेट्स लांघते ही दिल्ली पुलिस ने मात्र संसद भवन से चंद कदम की दूरी पर इनेलो कार्यकर्ताओं को चारों तरफ से घेरकर लाठीचार्ज शुरू कर दिया।


जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का नेतृत्व नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला व पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा ने किया। प्रदर्शन में हिसार से सांसद दुष्यंत चौटाला, सांसद चरणजीत सिंह रोड़ी, पूर्व सीपीएस रामपाल माजरा, पूर्व डिप्टी स्पीकर गोपीचंद गहलोत, दिग्विजय सिंह चौटाला, परमेंद्र ढुल, सुभाष गोयल, पिरथी सिंह नम्बरदार, जाकिर हुसैन, वेद नारंग, प्रो. रविंद्र बलियाला, बलवान दौलतपुरिया, रणवीर गंगवा, अनूप धानक, पूर्व स्पीकर सतबीर सिंह कादियान, तेलू राम जोगी, मक्खन लाल सिंगला, राजदीप फोगाट, बलकौर सिंह, जगदीश नैयर, शीला भ्यान, हरि सिंह राणा, दिनेश डागर, पदम सिंह दहिया, रामकुमार सैनी, रमेश खटक, रवि चौटाला, एनएस मल्हान, सतीश नांदल, प्रदीप देशवाल सहित पार्टी के सभी विधायक, सांसद, पूर्व विधायक व सभी वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद थे।


इससे पहले जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारियों को सम्बोधित करते हुए नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला ने सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि सर्वोच्च न्यायालय की संवैधानिक पीठ का फैसला आए हुए चार महीने से ज्यादा समय हो गया है और अभी तक केंद्र सरकार ने नहर के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने के लिए कोई कदम नहीं उठाया। उन्होंने कहा कि हमारी पार्टी ने सर्वोच्च न्यायालय का फैसला आते ही सर्वदलीय बैठक में मुख्यमंत्री से कहा था कि वे इसे लागू करवाने के लिए सभी दलों को साथ लेकर प्रधानमंत्री व राष्ट्रपति के समक्ष प्रदेश का पक्ष रखें ताकि हरियाणा की जीवनरेखा एसवाईएल का निर्माण हो सके। इनेलो नेता ने कहा कि राष्ट्रपति से तो सभी दलों के नेता मिलकर प्रदेश का पक्ष उनके समक्ष रख आए थे लेकिन प्रधानमंत्री ने पिछले चार महीने से हरियाणा के सीएम को मिलने का समय ही नहीं दिया। इनेलो नेता ने कहा कि कांग्रेस के साथ-साथ भाजपा भी इस मुद्दे पर राजनीति कर रही है और पंजाब चुनाव में राजनीतिक फायदा लेने के लिए इस मामले को जानबूझकर लटकाया गया।


नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि जननायक चौधरी देवीलाल के अथक प्रयासों से हरियाणा अलग राज्य के रूप में अस्तित्व में आया और आज हरियाणा किसी से खैरात नहीं बल्कि बंटवारे में उसे जो अपने हिस्से का रावी-व्यास से पानी मिला था उसे प्रदेश में लाने के लिए एसवाईएल के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने की मांग कर रहा है। उन्होंने कहा कि स्व. जननायक ने उस समय हिंदी क्षेत्र की अनदेखी के खिलाफ विधानसभा के अंदर व बाहर मजबूती से लड़ाई लड़ी और हरियाणा 50 साल पहले अलग राज्य के रूप में अस्तित्व में आया। उन्होंने कहा कि हरियाणा चौधरी देवीलाल के सपने अनुसार देश का अग्रणी राज्य बने, इसके लिए इनेलो एसवाईएल पर लम्बी लड़ाई लडऩे के लिए पूरी तरह तैयार है। इनेलो नेताओं ने कहा कि हमने पहले ही घोषणा की थी कि अगर केंद्र ने 23 फरवरी तक नहर का निर्माण कार्य शुरू न करवाया तो पार्टी कार्यकर्ता कस्सियां लेकर खुद नहर की खुदाई करने जाएंगे। उन्होंने कहा कि पार्टी कार्यकर्ताओं ने नहर निर्माण के लिए न सिर्फ  गिरफ्तारियां दी बल्कि विस के अंदर भी इस मुद्दे पर मजबूती से पार्टी का पक्ष रखा है। इनेलो नेता ने कहा कि उनकी पार्टी ने नहर खुदाई व संसद घेराव के लिए प्रदेश हित में सभी दलों को न्यौता भी दिया था लेकिन अन्य दलों ने मात्र इस मुद्दे पर राजनीति करते हुए इसे लटकाने का ही काम किया है। उन्होंने कहा कि जब तक एसवाईएल के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने के लिए काम शुरू नहीं हो जाता तब तक इनेलो अपना संघर्ष जारी रखेगी और पार्टी इसके लिए बड़ी से बड़ी कुर्बानी देने से भी पीछे नहीं हटेगी।

विधायक चौधरी ज़ाकिर हुसैन अपने हजारों कार्यकर्ताओं के साथ संसद-घेराव के लिए रवाना हुए


नूँह से इनेलो विधायक चौधरी ज़ाकिर हुसैन बुधवार को सुबह अपने साथ सैंकड़ों गाड़ियों के काफिले में हजारों कार्यकर्ताओं के साथ इनेलो द्वारा दिल्ली में जंतर-मंतर पर प्रदर्शन व संसद घेराव के लिए रवाना हुए। 
श्री हुसैन ने दिल्ली के लिए रवाना होने से पहले सभी कार्यकर्ताओं का भारी संख्या में आने पर धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि इनेलो की ओर से एसवाईएल के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने के लिए आज नई दिल्ली जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने के अलावा संसद का घेराव किया जाएगा और प्रधानमंत्री को ज्ञापन सौंपकर एसवाईएल के अधूरे निर्माण को सर्वोच्च न्यायालय के फैसले अनुसार तुरंत पूरा करने की मांग की जाएगी। इनेलो के वरिष्ठ नेता एवं विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला और प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा इस प्रदर्शन व घेराव का नेतृत्व करेंगे और पार्टी के सभी विधायक, सांसद, पूर्व विधायक, पूर्व सांसद व प्रदेशभर से भारी संख्या में लोग इस प्रदर्शन व घेराव में शामिल होंगे।  हुसैन ने कहा कि प्रदेश के लोगों में न सिर्फ प्रदर्शन के प्रति भारी उत्साह देखने को मिल रहा है बल्कि प्रदेशवासियों को उम्मीद बंधी है कि इनेलो की ओर से शुरू किए गए इस जलयुद्ध संघर्ष के चलते निश्चित तौर पर प्रदेश को अपने हिस्से का पानी जल्द ही एसवाईएल के माध्यम से मिल पाएगा। 
इनेलो नेता ने कहा कि कांग्रेस व भाजपा की एसवाईएल के निर्माण में कोई दिलचस्पी नहीं है और दोनों पार्टियां इस मुद्दे पर मात्र राजनीति कर रही हैं। उन्होंने कहा कि इस नहर का सबसे ज्यादा निर्माण कार्य स्व. जननायक चौधरी देवीलाल के कार्यकाल में हुआ और इनेलो प्रमुख चौधरी ओमप्रकाश चौटाला की सरकार द्वारा की गई जोरदार पैरवी के चलते सर्वोच्च न्यायालय का फैसला हरियाणा के पक्ष में आया। इनेलो नेता ने कहा कि पहले कांग्रेस ने इस नहर के निर्माण में अड़ंगे लगाने का काम किया और अब पिछले अढाई साल से भाजपा सरकार नहर के निर्माण के प्रति गम्भीरता दिखाने की बजाय इस मामले को जानबूझकर लटकाए हुए है। उन्होंने कहा कि इस नहर के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने की जिम्मेदारी सर्वोच्च न्यायालय के फैसले अनुसार केंद्र सरकार पर है और केंद्र व प्रदेश में भाजपा की सरकार है और उसे प्रदेश के हिस्से के पानी को दिलवाने के लिए तुरंत इस नहर का अधूरा निर्माण पूरा करवाना चाहिए। 
हुसैन ने कहा कि इस मुद्दे पर इनेलो ने निर्णायक संघर्ष शुरू कर रखा है और आज जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने के साथ ही इनेलो कार्यकर्ता संसद की ओर कूच करेंगे और प्रधानमंत्री को ज्ञापन देकर इस नहर के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने की मांग करेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेशभर से करीब पौने सात हजार ग्राम पंचायतों ने भी इस नहर के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने के प्रस्ताव पारित करके इनेलो नेताओं को सौंपे हैं और इन प्रस्तावों को भी प्रधानमंत्री को सौंपा जाएगा। इनेलो नेता ने कहा कि उनकी पार्टी एसवाईएल के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने के लिए हर बड़ी से बड़ी कुर्बानी देने के लिए भी तैयार है क्योंकि एसवाईएल हरियाणा की जीवनरेखा है और इसका निर्माण पूरा होने से न सिर्फ प्रदेशवासियों को पीने के लिए अपने हिस्से का पूरा पानी मिल पाएगा बल्कि प्रदेश की सूखी धरती भी खुशहाल हो सकेगी। उन्होंने कहा कि हरियाणा अलग राज्य बनने के बाद पिछले 50 सालों से प्रदेश को सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के बावजूद भी अभी तक अपने हिस्से का पानी न मिल पाना न सिर्फ सर्वोच्च न्यायालय की अवमानना है बल्कि बेहद दुखद भी है।
उन्होंने कहा कि इनेलो इस मामले में अपना निर्णायक संघर्ष तब तक जारी रखेगी जब तक एसवाईएल का पानी हरियाणा को नहीं मिल जाता।

Tuesday, March 14, 2017

इनेलो एसवाईएल पर कल करेगी जंतर-मंतर पर प्रदर्शन व संसद का घेराव, पीएम को सौंपेंगे ज्ञापन

इनेलो की ओर से एसवाईएल के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने के लिए बुधवार 15 मार्च को नई दिल्ली जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने के अलावा संसद का घेराव किया जाएगा और प्रधानमंत्री को ज्ञापन सौंप एसवाईएल के अधूरे निर्माण को सर्वोच्च न्यायालय के फैसले अनुसार तुरंत पूरा करने की मांग की जाएगी। इनेलो के वरिष्ठ नेता एवं विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला और प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा इस प्रदर्शन व घेराव का नेतृत्व करेंगे और पार्टी के सभी विधायक, सांसद, पूर्व विधायक, पूर्व सांसद व प्रदेशभर से भारी संख्या में लोग इस प्रदर्शन व घेराव में शामिल होंगे। इनेलो के प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा ने बताया कि नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला के नेतृत्व में पार्टी की ओर से प्रदर्शन व घेराव की सभी तैयारियां मुकम्मल कर ली गई हैं और प्रदेश के सभी जिलों से बड़ी संख्या में इनेलो कार्यकर्ता इस प्रदर्शन व संसद घेराव में शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि इस संबंध में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने सभी जिलों में बैठकें आयोजित कर तैयारियों का जायजा लिया और लोगों में न सिर्फ प्रदर्शन के प्रति भारी उत्साह पाया जा रहा है बल्कि प्रदेशवासियों को उम्मीद बंधी है कि इनेलो की ओर से शुरू किए गए इस जलयुद्ध संघर्ष के चलते निश्चित तौर पर प्रदेश को अपने हिस्से का पानी जल्द ही एसवाईएल के माध्यम से मिल पाएगा। 
इनेलो नेता ने कहा कि कांग्रेस व भाजपा की एसवाईएल के निर्माण में कोई दिलचस्पी नहीं है और दोनों पार्टियां इस मुद्दे पर मात्र राजनीति कर रही हैं। उन्होंने कहा कि इस नहर का सबसे ज्यादा निर्माण कार्य स्व. जननायक चौधरी देवीलाल के कार्यकाल में हुआ और इनेलो प्रमुख चौधरी ओमप्रकाश चौटाला की सरकार द्वारा की गई जोरदार पैरवी के चलते सर्वोच्च न्यायालय का फैसला हरियाणा के पक्ष में आया। इनेलो नेता ने कहा कि पहले कांग्रेस ने इस नहर के निर्माण में अड़ंगे लगाने का काम किया और अब पिछले अढाई साल से भाजपा सरकार नहर के निर्माण के प्रति गम्भीरता दिखाने की बजाय इस मामले को जानबूझकर लटकाए हुए है। उन्होंने कहा कि इस नहर के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने की जिम्मेदारी सर्वोच्च न्यायालय के फैसले अनुसार केंद्र सरकार पर है और केंद्र व प्रदेश में भाजपा की सरकार है और उसे प्रदेश के हिस्से के पानी को दिलवाने के लिए तुरंत इस नहर का अधूरा निर्माण पूरा करवाना चाहिए। 
इनेलो नेताओं ने कहा कि इस मुद्दे पर इनेलो ने निर्णायक संघर्ष शुरू कर रखा है और बुधवार को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने के साथ ही इनेलो कार्यकर्ता संसद की ओर कूच करेंगे और प्रधानमंत्री को ज्ञापन देकर इस नहर के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने की मांग करेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेशभर से करीब पौने सात हजार ग्राम पंचायतों ने भी इस नहर के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने के प्रस्ताव पारित करके इनेलो नेताओं को सौंपे हैं और इन प्रस्तावों को भी प्रधानमंत्री को सौंपा जाएगा। इनेलो नेताओं ने कहा कि उनकी पार्टी एसवाईएल के अधूरे निर्माण को पूरा करवाने के लिए हर बड़ी से बड़ी कुर्बानी देने के लिए भी तैयार है क्योंकि एसवाईएल हरियाणा की जीवनरेखा है और इसका निर्माण पूरा होने से न सिर्फ प्रदेशवासियों को पीने के लिए अपने हिस्से का पूरा पानी मिल पाएगा बल्कि प्रदेश की सूखी धरती भी खुशहाल हो सकेगी। उन्होंने कहा कि हरियाणा अलग राज्य बनने के बाद पिछले 50 सालों से प्रदेश को सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के बावजूद भी अभी तक अपने हिस्से का पानी न मिल पाना न सिर्फ सर्वोच्च न्यायालय की अवमानना है बल्कि बेहद दुखद भी है।
इनेलो नेताओं ने कहा कि एसवाईएल के मुद्दे पर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने सर्वदलीय बैठक बुलाई थी और उस बैठक में यह तय हुआ था कि एसवाईएल के मुद्दे पर प्रदेश के सभी नेता प्रधानमंत्री व राष्ट्रपति से मिलकर एसवाईएल का निर्माण जल्द पूरा करवाने की मांग करेंगे और राष्ट्रपति से सर्वदलीय प्रतिनिधिमण्डल मिलकर अपना पक्ष भी उनके समक्ष रख आया था। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री से मिलने का समय लेने की जिम्मेदारी मुख्यमंत्री पर थी लेकिन पिछले करीब चार महीनों से सीएम इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री से मिलने का समय ही नहीं ले पाए। उन्होंने कहा कि जो सीएम प्रदेश से जुड़े इतने महत्वपूर्ण मुद्दे पर पीएम से मिलने का समय नहीं ले पाया उनसे प्रदेश हितों की रक्षा करने की क्या उम्मीद की जा सकती है? उन्होंने कहा कि इनेलो इस मामले में अपना निर्णायक संघर्ष जारी रखगी जब तक एसवाईएल का अधूरा निर्माण पूरा नहीं हो जाता।
रोहतक जिले से भारी संख्या में कार्यकर्ता संसद घेराव के लिए जंतर मंतर जायेंगे - सतीश नांदल



रोहतक : जंतर मंतर पर एकत्रित होकर इनेलो कार्यकर्ता लाखों की तादाद में संसद का घेराव करेंगे और प्रधानमंत्री को ज्ञापन सौंप अपनी मांगे रखेंगे। उक्त बातें आज जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से इनेलो के प्रदेश प्रवक्ता व रोहतक के जिलाध्यक्ष सतीश नांदल ने कही। उन्होंने कहा कि आज एसवाईएल नहर के विषय में माननीय सुप्रीम कोर्ट ने बरसों से चल रही क़ानूनी लड़ाई का समाधान करते हुए हरियाणा के हित में अपना फैसला सुनाया है इतना ही नही माननीय सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र की मौजूदा बीजेपी सरकार को भी यह आदेश जारी करने का काम किया कि जल्द से जल्द नहर खुदाई के कार्य को पूरा करवाने में अहम भूमिका निभाए। फिर भी केंद्र और प्रदेश सरकार के कानों पर जूँ नही रेंग रही है। प्रदेश की मौजूदा बीजेपी सरकार को प्रदेश के हितों से कोई लेना देना नही है। इसलिए इनेलो कार्यकर्ता कल हरियाणा प्रदेश के किसान वर्ग, कमेरे वर्ग व कमजोर वर्ग के हितों की लड़ाई लड़ने के लिए लाखों की संख्या में एकजुट हो कर अपनी हुंकार भरने का काम करेंगे। जिससे हरियाणा के किसानों को उनके हिस्से का पानी देने पर केंद्र सरकार भी मजबूर हो जाये।
इनेलो नेता सतीश नांदल ने कहा कि यदि केंद्र सरकार चाहे तो हरियाणा को उसके हिस्से का पानी मिल सकता है परंतु केंद्र सरकार और प्रदेश सरकार की सोची समझी साजिश के तहत ही एसवाईएल नहर के पानी पर अब तक हरियाणा को अधिकार नही मिला। माननीय सुप्रीम कोर्ट में जितने के बावजूद हरियाणा के हितों के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस सब के पीछे साजिश की बू आती है।
सतीश नांदल ने पार्टी कार्यकर्ताओं से आह्वान करते हुए कहा कि अधिक से अधिक संख्या में पार्टी कार्यकर्ता साथी दिल्ली में पहुँच कर हरियाणा के प्रत्येक वर्ग के हितों की लड़ाई लड़ने का काम करें।
15 मार्च एसवाईएल नहर के लिए जंतर मंतर पर होगा निर्णायक संघर्ष

सोनीपत 14 मार्च: इण्डियन नैशनल लोकदल पार्टी की जिला सोनीपत ईकाई ने 15 मार्च जंतर मंतर पर प्रदर्शन केे लिए व्यापक तैयारी कर ली हैं। इनेलो के जिलाध्यक्ष पदम सिंह दहिया ने बताया सोनीपत जिले से हजारों कार्यकर्ता जिसमें महिलाएं, युवा व बुजर्ग जंतर मंतर पर विशाल रोष प्रदर्शन करेगें एवं लोकसभा का घेराव करेगें। दहिया ने कहा भाजपा सरकार नहर निर्माण में कोई दिलचस्पी नहीं दिखा रही है। दहिया ने कहा बीजेपी सरकार लोगो के हकों पर डाका डालने की काम कर रही है। हरियाणा प्रदेश की जनता अपना हक लेना जानती है। हरियाणा के हकों के लिए इनेलो को कोई भी कुर्बानी देनी पडें इनेलो कार्यकर्ता पिछे नहीं हटेगें। 
युवा कार्यकर्ताओं ने डा. अजय सिंह चौटाला का जन्मदिन व होली का त्यौहार कोढ़ी आश्रम में मनाया


सोनीपत 13 मार्च: युवा इण्डियन नैशनल लोकदल पार्टी के कार्यकर्ताओं ने डा. अजय सिंह चौटाला को 56 वां जन्मदिन सामाजिक कार्य करके मनाया। इस मौके पर युवा इनेलो के जिलाध्यक्ष कुणाल गहलावत ने कहा युवा इनेलो युवाओं के प्रेरणास्त्रोत इनसो क संस्थापक डा. अजय सिंह चौटाला का जन्मदिन प्रत्येक वर्ष सामाजिक दिवस के रूप में मनाती है। गहलावत ने बताया पुरे हरियाणा प्रदेश में युवा इनेलो व इनसो कार्यकर्ता रक्तदान करके, अंगदान, सफाई अभियान, गरीबों को फल व पुस्तक बांट करके, पानी व बिजली बचाओं जैसे सामाजिक कार्य करके मनाते है। 
युवा इनेलो सोनीपत जिले के कार्यकर्ताओं ने कोढ़ी आश्रम में जाकर फल व मिठाई बांटकर व तिलक होली खेलकर पानी बचाने का संदेश दिया व डा. अजय सिंह चौटाला के जन्मदिन मनाया।
इस मौके पर युवा हल्काध्यक्ष जितेन्द्र वर्मा, प्रदीप बड़वासनी, रविन्द्र सफियाबाद, प्रदेश संगठन सचिव संदीप ठरू, विकास मलिक, शुभम नैन, अशोक पंडित, कुणाल सरोहा, विशाल सरोहा आदि कार्यकर्ता मौजूद थे। 


इनेलो नेताओं ने बाल आश्रम व शैशव कुञ्ज में बच्चों को खाना खिलाकर मनाया अजय चौटाला का जन्म दिन


हिसार  : इंडियन नैशनल लोकदल के प्रधान महासचिव डॉ अजय सिंह चौटाला के जन्म दिन को इनेलो नेताओ ने एक प्रेरणा दिवस के रूप में मनाया। सोमवार को इनेलो जिला अध्यक्ष राजेंंद्र लितानी, विधायक रणवीर गंगवा, वेद नारंग, अनूप धानक, राष्ट्र्रीय सचिव युद्धवीर सिंह आर्य, चत्तर सिंह, महिला प्रकोष्ठ की प्रदेश अध्यक्षा शीला भ्याण, हरफूल खान भट्टी सहित अन्य इनेलो नेता कैमरी स्थित बाल सेवा आश्रम व शैशव कुञ्ज पहुंचकर वहां अनाथ बच्चों व वृद्ध लोगों को खाना खिलाया और अपने नेता अजय चौटाला की लंबी उम्र की कामना की। इनेलो नेताओं ने कहा कि डॉ अजय सिंह चौटाला ने अपने राजनैतिक व सामजिक जीवन में अपने दादा स्वर्गीय चौधरी देवीलाल के पदचिन्हों पर चलते हुए हमेशा समाज के हर वर्ग के हित के लिए कार्य करते रहे है आशा है आगे भी करते रहेंगे। अजय चौटाला के इन्हीं सामाजिक सोच की वजह से जनता के मन में उनके प्रति एक अच्छी सोच है। वे अपनी इसी कार्यप्रणाली से दो बार राजस्थान विधानसभा के सदस्य के साथ लोकसभा, राज्यसभा व हरियाणा विधानसभा के सदस्य बने।
केंद्र ने एसवाईएल नहर का निर्माण शुरू नहीं करवाया तो इनेलो चुप नहीं बैठेगी- अभय चौटाला


हिसार, 12 मार्च : संसद घेराव के बाद भी यदि केंद्र सरकार ने एसवाईएल नहर का निर्माण शुरू नहीं करवाया तो इनेलो चुप नहीं बैठेगी और संसद घेराव के बाद आगे की रणनीति बनाएगी। यह बात नेता प्रतिपक्ष और ऐलनाबाद से विधायक अभय सिंह चौटाला ने कही। वे आज हिसार में पार्टी कार्यकर्ताओं की बैठक को संबोधित कर रहे थे। इस बैठक में 15 मार्च को एसवाईएल निर्माण को लेकर इनेलो के दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रस्तावित धरने को लेकर रणनीति पर विचार विमर्श किया गया। नेता प्रतिपक्ष ने अपने सम्बोधित में संसद घेराव में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने का आह्वान किया। नेता प्रतिपक्ष ने कांग्रेस व भाजपा पर एसवाईएल के नाम पर राजनीति करने और प्रदेश के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगाया। अभय सिंह चौटाला ने कहा कि जननायक स्व. ताऊ देवीलाल ने राजीव लोगोंवाल समझौते का इसलिए विरोध किया था क्योंकि समझौते की धारा 7 व 9 में हरियाणा की राजधानी चंडीगढ़ को देने और हरियाणा को मिलने वाले पानी की कुर्बानी दी थी। उन्होंने कहा कि ताऊ देवीलाल को हरियाणा के हितों की यह अनदेखी मंजूर नहीं थी और उन्होंने दिल्ली में लाखों लोगों के साथ पहुंच कर इस समझौते का विरोध करते हुए सरकार को घुटने टेेकने पर मजबूर कर दिया था। 


उन्होंने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय का फैसला आने के बावजूद एसवाईएल का अभी तक निर्माण न होना इससे ज्यादा बड़ी ज्यादती हरियाणा के साथ और क्या हो सकती है। उन्होंने कहा कि इनेलो किसी से खैरात नहीं मांग रही बल्कि अपने हिस्से का पानी मांग रही है जो उसे बंटवारे में मिला और सर्वोच्च न्यायालय भी इस मुद्दे पर हरियाणा के पक्ष में फैसला दे चुका है। उन्होंने कहा कि संसद घेराव के साथ साथ इनेलो 15 मार्च को एसवाईएल नहर को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को प्रदेश की ग्राम पंचायतों की ओर से दिए गए ज्ञापन सौंपने के साथ ही केंद्र सरकार को नहर निर्माण के लिए अल्टीमेटम भी देगी। पार्टी कार्यकर्ताओं ने इनेलो नेताओं को भरोसा दिलाया कि वे 15 मार्च के संसद घेराव में बढ़-चढकऱ भाग लेंगे और एसवाईएल का पानी हरियाणा में लाने के लिए किए जा रहे संघर्ष को मजबूती प्रदान करेंगे। 
कार्यकर्ताओं को पूर्व मंत्री सुभाष गोयल, जिला प्रधान राजेंद्र लितानी पूर्व विधायक पूर्ण सिंह डाबड़ा, विधायक अनूप धानक, वेद नांरंग व रणबीर गंगवा ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर शीला भ्याण, चतर सिंह, धारा सिंह, राज सिंह मोर, राम भगत गुप्ता, राजेश गोदारा, रमेश गोदारा, सतबीर वर्मा, बहादुर सिंह नायक, तरूण जैन, सजन लावट, सतबीर सिसाय, सत्यवान बिछपड़ी, सतपाल सरपंच, राव इंद्र फौजी, भागीरथ नम्बरदार, राजेंद्र चुटानी, रणधीर पुनिया, हरफूल खान भट्टी, रवि लांबा, अमित बूरा, एड्वोकेट मनदीप बिश्नोई, रमेश चुघ, रवि आहुजा, डॉ राज कुमार दिनोदिया, सतोष पानू, रविंद्र सैनी, राज कुमार बाल्मिकी, डॉ सत्य नारायण मंगाली, कैप्टन छाजू राम, जोगेंद्र शेरवाल, शन्नो देवी, निर्मला दहिया, विक्रांत बागड़ी, अमित ग्रोवर, आशीष कुंडू, योगेश गौतम, विपिन गोयल, जस्सी पेटवाड़, पार्षद राजपाल मांडू, डा. उमेद खन्ना भी उपस्थित थे।