Thursday, March 31, 2016

जुलाना में स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली को लेकर सदन में सरकार कटघरे में

चण्डीगढ़, 31 मार्च 2016 : चण्डीगढ़ में जारी प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र के अंतिम दिन आज प्रश्नकाल में जुलाना विधानसभा में दम तोड़ती स्वास्थ्य सेवाओं का मुद्दा गूंजा। जुलाना से विधायक परमेन्द्र सिंह ढुल ने सदन को अवगत करवाया की हल्का जुलाना में स्वास्थ्य विभाग व व्यवस्था निरन्तर सरकारी अनदेखी के कारण खुद इतनी बीमार हो चली है की उसकी सेहत सुधारने के लिए प्रदेश सरकार द्वारा विशेष ध्यान दिए जाने की जरूरत है।
जहां एक ओर लगभग 60 फीसदी से ज्यादा डॉक्टरों की कमी है तथा दवाइयों की भारी कमी है वहीं आधारभूत ढांचा भी जर्जर अवस्था में है। गाँव रामराय तथा निडाना में PHC के पास अपनी कोई बिल्डिंग तक नहीं है। मरीज़ तो दूर वहां किसी डॉक्टर के बैठ पाने की व्यवस्था नहीं है। और यह हाल तब है जबकि ग्राम पंचायत बिल्डिंग के लिए जमीन भी उपलब्ध करवा चुकी है। गाँव खरकरामजी तथा शामलोकलां की PHC की बिल्डिंग आज मरम्म्त के अभाव में इतनी दयनीय अवस्था में हो चली है की वहां इलाज़ हो पाना ही एक तकलीफ बन चुकी है। जुलाना PHC में पहुँचने का मुख्य मार्ग आज तक कच्चा है। हल्की सी बारिश भर से बिना ट्रेक्टर के कोई भी अस्प्ताल में घुस तक नहीं सकता है। इसी अस्प्ताल में 18 अक्टूबर 2012 को डेंटल चेयर व एक्स-रे मशीन चोरी हो गयी थी जिसकी FIR भी दर्ज़ हुई थी। जांच का नतीजा तो सामने नहीं आया मगर सरकार नई मशीनें उपलब्ध करवाने में नाकाम रही है। डेंटल डॉक्टर है मगर उनके लिए जरुरी उपक्रम नहीं है। इसी प्रकार से अल्ट्रा-साउंड मशीन जर्जर हो चुकी है जिसे बदले जाने की तुरंत आवष्यकता है। जुलाना में किसी भी CHC या PHC में बिजली हॉटलाइन की व्यवस्था तो है ही नहीं, बल्कि जनरेटर की भी व्यवस्था नहीं है। पूरे क्षेत्र में सिर्फ एक एम्बुलेंस है वह भी काफी पुरानी।
विधायक ढुल ने कहा की यह एक गम्भीर चिंता का विषय है की पूरे जुलाना में किसी भी सरकारी अस्प्ताल में एक भी महिला डॉक्टर (MBBS) नहीं है। ऐसे में किसी प्रसूतिशास्री के अभाव में महिलाओं के इलाज़ पर सरकार कितनी गम्भीर है यह न सिर्फ व्यवस्था पर प्रश्नचिन्ह लगाता है बल्कि सरकार के बेटी बचाओ अभियान पर भी सवालिया निशान लगाता है। इसके अलावा पूरे जुलाना में सिर्फ एक स्पेशियलिस्ट डॉक्टर हैं।
इस विषय पर सरकार की तरफ से स्प्ष्टीकरण रखते हुए जनस्वास्थ्य मंत्री श्री अनिल विज ने आश्वासन दिया की सरकार पूरे जुलाना क्षेत्र का जन स्वास्थ्य को लेकर स्पेशल सर्वे करवाएगी। कैडर बनने के बाद सरकार स्पेशलिस्ट डॉक्टर्स की भर्ती करेगी। इसी के साथ प्रत्येक सरकारी अस्प्ताल में जनरेटर यथाशीघ्र उपलब्ध करवाया जायेगा। गाँव रामराय और निडाना में PHC की बिल्डिंग भी सरकार तुरंत बनवाएगी। शामलोकलां के अस्प्ताल को भी सरकार राष्ट्रिय स्तर का बनवाने पर सरकार प्रावधान करेगी।
नैना चौटाला ने चौटाला से चंडीगढ़ बस चलाने, चौटाला गांव में 24 घंटे बिजली देने का मुद्दा सदन में उठाया 

चंडीगढ़, 31 मार्च : डबवाली की विधायिका श्रीमती नैना चौटाला द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में परिवहन मंत्री कृष्ण पंवार ने बताया कि चौटाला गांव में 33केवी सब-स्टेशन पिछले साल 28 अक्तूबर को चालू किया जा चुका है। श्रीमती नैना सिंह ने सरकार से यह भी पूछा कि गांव ने बिना कोई मुआवजा लिए 33केवी सब-स्टेशन के लिए जमीन उपलब्ध करवाई है तो इसके बदले में क्या सरकार गांव को 24 घंटे बिजली उपलब्ध करवाएगी और क्या ट्यूबवैल के लिए भी पूरी बिजली दी जाएगी। इस पर परिवहन मंत्री ने कहा कि जिन सब स्टेशनों पर लाइन लॉस 25 प्रतिशत से कम है, सिर्फ वहीं पर 24 घण्टे बिजली देने का नियम है और जब चौटाला गांव में भी लाइन लॉस 25 प्रतिशत से कम हो जाएंगे तो वहां भी 24 घण्टे बिजली उपलब्ध करवा दी जाएगी। श्रीमती नैना सिंह ने 29 साल पहले चौटाला से चंडीगढ़ वाया डबवाली शुरू की गई बस को कांग्रेस सरकार द्वारा बंद किए जाने का मामला उठाते हुए कहा कि बस संगरिया से चौटाला-डबवाली होकर चंडीगढ़ आती थी और न सिर्फ सवारियों से भरी होती थी बल्कि सबसे ज्यादा राजस्व भी सरकार को मिलता था। उस बस में लोग सुबह पीजीआई चंडीगढ़ आकर शाम को वापिस लौट जाते थे लेकिन 2005 में कांग्रेस सरकार ने इसे बंद कर दिया था। उन्होंने सरकार से पूछा कि क्या सरकार इस बस को फिर से चलाने का काम करेगी? परिवहन मंत्री ने श्रीमती नैना सिंह को भरोसा दिलाया कि वे इस बस का परमिट चैक कर लेंगे और अगर हरियाणा के पास अभी भी यह परमिट मौजूद हुआ और बस घाटे में न चलती हुई तो फिर से जरूर चला दिया जाएगा। 
इनसो का कॉलेज यात्रा अभियान 5 अप्रैल से शुरू  

चंडीगढ़, 31 मार्च: इंडियन नेशनल लोकदल पार्टी की छात्र इकाई इनसो ने चुनावी वायदे के बावजूद प्रदेश की भाजपा सरकार द्वारा अभी तक छात्र संघ चुनाव न करवाए जाने और छात्रों को परिवहन सुविधाओं के लिए स्टूडेंट पास जारी न किए जाने की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए सरकार से तुरंत अपने वादे निभाने की मांग की है। इनसो के राष्ट्रीय अध्यक्ष दिग्विजय सिंह चौटाला व पार्टी के फिरोजपुर झिरका से विधायक नसीम अहमद ने गुरुवार को चंडीगढ़ में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि इनसो ने छात्रों को जागरूक करने और उनके साथ व्यापक स्तर पर संपर्क स्थापित करने के लिए 5 अप्रैल से इनसो की कॉलेज यात्रा शुरू करने का निर्णय लिया है ताकि ज्यादा से ज्यादा छात्रों के साथ सीधा संपर्क स्थापित कर उन्हें छात्रों के अधिकारों के प्रति जागरूक करने के साथ साथ उन्हें इनसो के साथ जोड़ा जा सके। 
दिग्विजय सिंह चौटाला ने कहा कि कॉलेज यात्रा 5 अप्रैल को मुलाना के कॉलेज से शुरू होगी और उसी दिन यमुनानगर भी जाएगी। 8 अप्रैल को सिरसा व फतेहाबाद और 12 अप्रैल को हिसार व भिवानी में यात्रा का प्रोग्राम रखा गया है। उन्होंने बताया कि आगामी कार्यक्रम नया शैक्षणिक सत्र शुरू होने के बाद जारी किया जाएगा और छात्रों व युवाओं के सुखद भविष्य के लिए यह कार्यक्रम निरंतर तीन साल तक चलेगा। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने बेरोजगार युवाओं को छह हजार व नौ हजार रुपए बेरोजगारी भत्ता दिए जाने का वादा किया था लेकिन सरकार अपने वादे पर खरी नहीं उतरी जिसके चलते आज प्रदेश का युवा वर्ग अपने आपको ठगा हुआ महसूस कर रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के दस साल के घपलों, घोटालों और भ्रष्टाचार से युवाओं को भाजपा की सरकार से काफी उम्मीदें थी जो अब पूरी तरह से चकनाचूर हो गई हैं। उन्होंने कहा कि छात्र संघ चुनावों को लेकर उनका संगठन कई बार मुख्यमंत्री व राज्यपाल से भी मिल चुका है लेकिन सरकार ने छात्र संघ चुनाव कराना तो दूर प्रदेश के लिए पेश किए गए बजट में भी युवाओं की मांगों पर कहीं कोई चर्चा नहीं की।
इनसो के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि इनसो के अलावा भाजपा का छात्र संगठन एबीवीपी भी छात्रों को बस पास सुविधाएं बहाल कराने का वादा करता रहा है लेकिन आज उस वादे को धरातल पर लाने के लिए कहीं कोई कार्रवाई नहीं हो रही। उन्होंने कहा कि शैक्षणिक संस्थाओं में दाखिले के लिए छात्रों को भारी परेशानी झेलनी पड़ती है और मौजूदा सरकार ने किसी भी शैक्षणिक संस्था में कोई सीट नहीं बढ़ाई और शिक्षकों के करीब 40 हजार पद खाली पड़े हैं। उन्होंने कहा कि आज 200 छात्रों पर औसतन एक फकेल्टी उपलब्ध है जबकि मुख्य शिक्षकों के 2333 और प्रिंसिपल के 647 पद खाली पड़े हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा विभाग का व्यापक बजट होने के बावजूद हजारों पद खाली हैं।
इनसो नेता ने शिक्षण संस्थानों की ऑनलाइन प्रणाली पर सवालिया चिह्न लगाते हुए कहा कि आज अगर कोई सिरसा या मेवात का छात्र ऑन लाइन सुविधा से कुरुक्षेत्र इत्यादि किसी विवि में दाखिला लेना चाहे तो ऑनलाइन सिस्टम इतना कमजोर है कि उसे दाखिला लेने के लिए फिर भी विवि आना ही पड़ेगा। उन्होंने महाविद्यालयों में प्लेसमेंट प्रकोष्ठ की कमी होने का मुद्दा भी उठाते हुए कहा कि उनकी सबसे बड़ी लड़ाई मेडिकल कॉलेज, एमबीए व इंजीनियरिंग कॉलेजों में डोनेशन प्रथा से होने वाले दाखिलों के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि ये मामला नेता प्रतिपक्ष ने भी सदन में उठाया था और इनसो भी डोनेशन प्रथा बंद करने के लिए सख्त कानून बनाए जाने की मांग करती है। इनसो अध्यक्ष ने कहा कि अनुसूचित जाति के छात्रों के लिए निचले स्तर की तरह पीजी और पीएचडी लेबल पर भी स्कॉलरशिप नीति लागू की जाए।
उन्होंने हरियाणा सरकार से आग्रह किया कि वे चंडीगढ़ स्थित पंजाब विवि पर हरियाणा के अधिकार को कमजोर न होने दें और विवि के लिए हरियाणा के हिस्से से दी जानी वाली ग्रांट को जारी रखें ताकि विवि के साथ-साथ सीनेट पर भी हरियाणा का हक ज्यों का त्यों बना रह सके। उन्होंने मैट्रिक व 12वीं के खराब नतीजों पर भी चिंता जताते हुए कहा कि जब तक हरियाणा स्कूल शिक्षा बोर्ड की कार्यप्रणाली में सुधार नहीं लाया जाएगा तब तक प्रदेश की शिक्षा का स्तर ऊंचा नहीं उठाया जा सकता। उन्होंने स्वास्थ्य मंत्री से स्कूल/कॉलेज व विवि स्तर के खेलों को बढ़ावा देने की तरफ ध्यान दिए जाने की मांग करते हुए कहा कि केवल इनाम राशि बढ़ाने से ही खेलों के स्तर को ऊंचा नहीं उठाया जा सकता इसलिए सरकार छात्रों की खेल गतिविधियों पर भी विशेष रूप से फोकस करके ज्यादा बजट उपलब्ध करवाए।
हरियाणा विस में प्रश्नकाल के दौरान इनेलो विधायकों ने अपने हलकों से संबंधित मुद्दे उठाए 

चंडीगढ़, 31 मार्च: इनेलो विधायक परमेंद्र ढुल के एक सवाल के जवाब में स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने बताया कि अस्पतालों में तैनात किए जाने वाले विशेषज्ञ डॉक्टरों के लिए प्रदेश में अलग से कैडर स्थापित किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों  में जैनरेटर सेट भिजवाए जा रहे हैं ताकि अस्पतालों में ऑपरेशन के दौरान कोई परेशान न आए। उन्होंने गांव रामराय में धर्मशाला से चलाई जा रही पीएचसी के बारे में कहा कि जमीन जैसे ही स्वास्थ्य विभाग के नाम ट्रांसफर हो जाएगी तो उस पर काम शुरू करवा दिया जाएगा। उन्होंने अस्पताल से डेंटल चेयर चोरी होने के मामले की जांच करवाए जाने का भी भरोसा दिलाया और कहा कि जहां-जहां पीएचसी नियम व शर्तें पूरी करती होंगी वहां उन्हें अपग्रेड कर दिया जाएगा। उन्होंने विधायक जाकिर हुसैन द्वारा मेवात के मेडिकल कॉलेज में हुए घोटालों की विजीलेंस से जांच करवाए जाने की घोषणा करते हुए कहा कि सरकार किसी भी भ्रष्टाचारी को नहीं बख्शेगी और शिलान्यास से लेकर आज तक की पूरी जांच करवाई जाएगी।
डबवाली की विधायिका श्रीमती नैना चौटाला द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में परिवहन मंत्री कृष्ण पंवार ने बताया कि चौटाला गांव में 33केवी सब-स्टेशन पिछले साल 28 अक्तूबर को चालू किया जा चुका है। श्रीमती नैना सिंह ने सरकार से यह भी पूछा कि गांव ने बिना कोई मुआवजा लिए 33केवी सब-स्टेशन के लिए जमीन उपलब्ध करवाई है तो इसके बदले में क्या सरकार गांव को 24 घंटे बिजली उपलब्ध करवाएगी और क्या ट्यूबवैल के लिए भी पूरी बिजली दी जाएगी। इस पर परिवहन मंत्री ने कहा कि जिन सब स्टेशनों पर लाइन लॉस 25 प्रतिशत से कम है, सिर्फ वहीं पर 24 घण्टे बिजली देने का नियम है और जब चौटाला गांव में भी लाइन लॉस 25 प्रतिशत से कम हो जाएंगे तो वहां भी 24 घण्टे बिजली उपलब्ध करवा दी जाएगी। श्रीमती नैना सिंह ने 29 साल पहले चौटाला से चंडीगढ़ वाया डबवाली शुरू की गई बस को कांग्रेस सरकार द्वारा बंद किए जाने का मामला उठाते हुए कहा कि बस संगरिया से चौटाला-डबवाली होकर चंडीगढ़ आती थी और न सिर्फ सवारियों से भरी होती थी बल्कि सबसे ज्यादा राजस्व भी सरकार को मिलता था। उस बस में लोग सुबह पीजीआई चंडीगढ़ आकर शाम को वापिस लौट जाते थे लेकिन 2005 में कांग्रेस सरकार ने इसे बंद कर दिया था। उन्होंने सरकार से पूछा कि क्या सरकार इस बस को फिर से चलाने का काम करेगी? परिवहन मंत्री ने श्रीमती नैना सिंह को भरोसा दिलाया कि वे इस बस का परमिट चैक कर लेंगे और अगर हरियाणा के पास अभी भी यह परमिट मौजूद हुआ और बस घाटे में न चलती हुई तो फिर से जरूर चला दिया जाएगा। बरवाला के विधायक वेद नारंग ने बरवाला के मिल गेट एरिया के स्थानीय बस सेवा के साथ जोडऩे का सरकार से प्रस्ताव पूछा तो परिवहन मंत्री ने बताया कि हिसार, मिर्जापुर रूट सहित हरियाणा परिवहन हिसार की कई बसें मिल गेट एरिया हिसार से होकर जाती हैं।
रतिया के विधायक प्रो. रविंद्र बलियाला द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में लोकनिर्माण मंत्री राव नरवीर सिंह ने कहा कि सुखचैन नहर पर रतिया से भूना सडक़ पर मौजूदा टेडे पुल की जगह सीधा पुल निर्माण करने के प्रस्ताव को मुख्यमंत्री ने स्वीकृति दे दी है इसलिए इसे बना दिया जाएगा। विधायक जाकिर हुसैन द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में राजस्व मंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने मेवात विकास बोर्ड द्वारा पिछले दस वर्षों के दौरान इसके वेतन विकास कार्यों और अन्य निधियों का भी विस्तार से ब्यौरा दिया। सिरसा के विधायक मक्खन सिंगला के एक सवाल के जवाब में जन स्वास्थ्य मंत्री घनश्याम सर्राफ ने बताया कि गांव कुक्कड़ थाना में 70 लीटर प्रति व्यक्ति प्रतिदिन की दर से पीने के पानी की आपूर्ति की जा रही है और पीने के पानी की कोई समस्या नहीं है। उन्होंने बलवान सिंह दौलतपुरिया के सवाल पर बताया कि फतेहाबाद पुलिस लाइन में नहर आधारित पीने का पानी आपूर्ति किए जाने का प्रस्ताव सरकार के विचाराधीन है। इस पर अनुमानित पांच करोड़ 23 लाख खर्च होगा और गृह विभाग द्वारा रकम जमा करने के बाद दो साल के अंदर काम पूरा हो जाएगा। जींद के विधायक डॉ. हरिचंद मिड्ढा के एक सवाल पर लोक निर्माण मंत्री राव नरवीर सिंह ने बताया कि जींद शहर के बाईपास का निर्माण जींद-रोहतक सडक़ से जींद-नरवाना सडक़ के ऊपरी ओर केंद्रीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा एनएच-71 के पंजाब सीमा से जींद को फोरलेन करने की परियोजना के अधीन किया जाना है। उन्होंने कहा कि इस बाईपास को पूरा करने की समय सीमा अभी निर्धारित नहीं की जा सकती क्योंकि भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने इस परियोजना के लिए अभी टेंडर पुन: आमंत्रित करने हैं।
इनेलो विधायक केहर सिंह रावत के एक सवाल के जवाब में सिंचाई मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ ने माना कि हथीन हलके के कानोली, शाहरौली, मंउकोली, नौरंगाबाद, जीताखेड़ली, मडनाका, बिगावली, रिबड़, अकबरपुर, नाटौल, मठेपुर, छांयसा, महलूका, अहरमा, जलालपुर, मीरपुर व हुचपुरी गांव सेम की समस्या से प्रभावित हैं। उन्होंने कहा कि गांव के विभिन्न पक्षों के बीच बाढ़ के पानी के बहाव को लेकर लंबित विवाद के कारण हसनपुर, उलेटा, कनोली व खेली जीता गांव में इस समस्या को हल करने के लिए 22 लाख 88 हजार रुपए की अनुमानित राशि से मंजूर योजना को अभी तक लागू नहीं किया जा सका। उन्होंने कहा कि बाकी बचे गांवों में भी यह मुद्दा जांच के अधीन है। उकलाना के विधायक अनूप धानक के एक सवाल पर जनस्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि गांव सोथा में पीने के पानी की जरूरत को पूरा करने के लिए पानी की एक अन्य टैंकी के निर्माण के लिए 12 लाख 30 हजार रुपए की लागत का एक प्रस्ताव सरकार के विचाराधीन है। लोहारू के विधायक ओमप्रकाश के सवाल पर कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ ने बताया कि सोरा, झुम्पा, धमकोरा व लोहारू रजबाहों और योजक माइनरों की मरम्मत के लिए 40 करोड़ 48 लाख की लागत से लाइनिंग पक्की करने का काम पूरा कर लिया गया है और माइनरों के पुनर्निर्माण का काम अगले तीन-चार सालों के बजट में उपलब्धता के आधार पर पूरा किया जाएगा। इससे नहरों के अंतिम छोर तक पानी पहुंचाने के लिए 30 क्यूसिक पानी की बचत होगी।
इनेलो के रेवाड़ी, पानीपत व यमुनानगर के नए जिलाध्यक्ष नियुक्त

चंडीगढ़, 31 मार्च: इनेलो ने तीन नए जिलाध्यक्षों सहित पार्टी के कुछ अन्य नए पदाधिकारी नियुक्त किए हैं। यह जानकारी देते हुए पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा व नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला ने बताया कि डॉ. राजपाल यादव को इनेलो जिला रेवाड़ी का नया जिलाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। इसके अलावा सुगन चंद रोड़ को पानीपत का जिलाध्यक्ष और दलमीरा राम सैनी को यमुनानगर इनेलो का नया जिलाध्यक्ष बनाया गया है। इनेलो नेताओं ने बताया कि रेवाड़ी के पूर्व जिलाध्यक्ष चौधरी सुनील यादव को पार्टी प्रदेश इकाई का प्रदेश उपाध्यक्ष और सुरेश मित्तल को पार्टी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी में राष्ट्रीय सचिव नियुक्त किया गया है। इनेलो नेताओं ने बताया कि जल्दी ही पार्टी के बुद्धिजीवी प्रकोष्ठ सहित कई अन्य प्रकोष्ठों में भी नए पदाधिकारियों की नियुक्ति की जाएगी।
सरकार ने माना सीएलयू सीडी कांड में छह पूर्व कांग्रेसी विधायकों के खिलाफ भ्रष्टाचार के मामले दर्ज, जांच जारी है

चंडीगढ़, 31 मार्च: नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में वित्त मंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने गुरुवार हरियाणा विधानसभा में बताया कि विजिलेंस ब्यूरो ने लोकायुक्त हरियाणा की सिफारिश पर सीएलयू के नाम पर पैसे मांगने के आरोप में कांग्रेस सरकार में स्वास्थ्य मंत्री रहे राव नरेंद्र सिंह, पूर्व मुख्य संसदीय सचिव रामकिशन फौजी, कांग्रेस के पूर्व विधायक जरनैल सिंह, पूर्व मुख्य संसदीय सचिव विनोद भ्याना व कांग्रेस के पूर्व विधायक नरेश सेलवाल के खिलाफ पंचकूला, गुडग़ांव व हिसार में भ्रष्टाचार निरोधक कानून की विभिन्न धाराओं के अंतर्गत मामले दर्ज किए हैं और इन मामलों की जांच जारी है। वित्त मंत्री ने अभय सिंह चौटाला द्वारा पूछे गए प्रश्न के उत्तर में यह भी बताया कि बरवाला से कांग्रेस के पूर्व विधायक रहे रामनिवास घोड़ेला के खिलाफ सर्व शिक्षा अभियान में काम दिलाने के नाम पर रिश्वत मांगने के आरोप में मामला दर्ज किया गया है और ये मामले बेहद गम्भीर हैं और इन मामलों में पिछली कांग्रेस सरकार में बैठे लोगों पर सीएलयू दिलाने अथवा अन्य कामों के नाम पर रिश्वत मांगने के गम्भीर आरोप हैं।
नेता प्रतिपक्ष ने सरकार पर आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार भ्रष्टाचार के इन मामलों को जानबूझकर लटकाए हुए थी और मौजूदा सरकार भी भ्रष्टाचार के गम्भीर आरोपों वाले इन मामलों पर पिछले डेढ साल से कोई कार्रवाई नहीं कर रही। उन्होंने ये भी कहा कि इन छह मंत्रियों, सीपीएस व विधायकों के अलावा कांग्रेस के एक पूर्व विधायक के बेटे, मेवात से संबंध रखने वाले एक पूर्व सीपीएस जलेब खान के बेटे और युवा कांग्रेस के पूर्व प्रधान के खिलाफ भी सीएलयू के नाम पर नाजायज तौर पर रिश्वत मांगने के आरोप थे और उनकी भी सीडी जारी की गई थी। उन्होंने कहा कि सरकार को इन मामलों की भी जल्द जांच पूरी करवाकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए। यह मामला विस में और ज्यादा लम्बा खिंचता इससे पहले ही प्रश्न काल का समय समाप्त हो गया और सरकार ज्यादातर सवालों का जवाब देने से बच गई। 
नेता प्रतिपक्ष ने आज मुख्यमंत्री से सदन में एक अन्य प्रस्ताव लाए जाने का भी आग्रह किया जिससे वक्फ बोर्ड की जमीनों पर पिछले कई-कई सालों से बैठे पट्टेदारों और छोटे-छोटे दुकानदारों को उजडऩे से बचाया जा सके। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि पिछली यूपीए सरकार एक ऐसा कानून में संशोधन लेकर आई थी जिससे गरीब दुकानदारों के उजडऩे की नौबत आ गई है। उन्होंने कहा कि पूरा सदन इस मामले में एकमत है तो ऐसे में सदन को एक प्रस्ताव पास करके केंद्र सरकार के पास भेजना चाहिए ताकि गरीब लोग उजाड़े न जा सकें । नेता प्रतिपक्ष ने स्वर्णकारों पर केंद्रीय बजट में लगाई गई एक्साइज ड्यूटी को लेकर पिछले एक महीने से आंदोलन कर रहे स्वर्णकारों को राहत दिए जाने की मांग करते हुए सदन से एक अन्य प्रस्ताव पारित कर केंद्र को भेजे जाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि स्वर्णकार जाति के 95 प्रतिशत लोग बेहद गरीब कारीगर हैं और पिछले लम्बे समय से निरंतर आंदोलन करने को मजबूर हैं। मुख्यमंत्री ने नेता प्रतिपक्ष को भरोसा दिलाया कि वक्फ बोर्ड कानून में संशोधन के लिए केंद्र को चि_ी लिखी जाएगी और जरूरी हुआ तो सदन में प्रस्ताव भी पारित कर दिया जाएगा। इनेलो विधायक दल के उपनेता व पूर्व कृषि मंत्री जसविंदर सिंह संधू ने चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट का नाम शहीद भगत सिंह के नाम पर रखे जाने के प्रस्ताव का स्वागत करते हुए कहा कि पिछली कांग्रेस सरकार ने दुर्भावना से पानीपत स्थित ताप बिजली घर के नाम से चौधरी देवीलाल के नाम को हटाने का काम किया था अत: सरकार पानीपत ताप बिजली घर का नाम फिर से चौधरी देवीलाल के नाम पर रखने का काम करे। 
कांगे्रस के विधायक व पूर्व स्पीकर रघुबीर सिंह कादियान आज सदन के अंतिम दिन विधानसभा में अकेले आए और बिना हाजिरी रजिस्टर पर हाजिरी लगाए ही अपनी बात रखने लगे और निलंबित किए गए कांग्रेसी विधायकों को बहाल करने की मांग की। इस पर सत्तारूढ़ दल के साथ-साथ विपक्षी विधायकों ने भी विरोध जताया और कांग्रेस विधायक से अपनी बात रखने से पहले विस में हाजिरी लगाए जाने की मांग की। स्पीकर ने जब ये कहा कि कांग्रेस विधायक से सदन में ही रजिस्टर लाकर हस्ताक्षर करवा लिए जाएं तो इसका नेता प्रतिपक्ष ने विरोध करते हुए कहा कि हमने कई बार निलंबित कांग्रेसी विधायकों को वापिस सदन में बुलाए जाने की मांग की लेकिन सदन का कोई सदस्य चाहे वे स्पीकर अथवा मुख्यमंत्री ही क्यूं न रहा हो, उन्हें सदन की मर्यादा तोडऩे और अपने आपको सदन के नियमों से ऊपर मानने की इजाजत नहीं दी जा सकती। उन्होंने यह भी कहा कि अगर रजिस्टर यहां लाकर हस्ताक्षर करवाए जाएंगे तो इस तरह से परम्परा टूट जाएगी और कल को हमारे सदस्य भी यही मांग करेंगे कि उनसे सदन में लाकर रजिस्टर पर साइन करवाए जाएं। नेता प्रतिपक्ष की बातों का सत्तापक्ष के विधायकों ने भी समर्थन किया और रघुबीर कादियान से पहले अपनी हाजिरी लगाने की मांग काफी जोर से उठी। सदन में यह बात भी उठी कि हाउस किसी की बपौती नहीं है और कांग्रेसी विधायकों का रवैया अभी भी पहले जैसा ही है। सदन द्वारा व्यापक विरोध को देखते हुए कांग्रेस विधायक रघबीर कादियान चुपचाप मुंह लटकाए सदन से वापिस लौट गए। उन्हें सत्तापक्ष के विधायकों के साथ-साथ वित्त मंत्री और स्वास्थ्य मंत्री से भी काफी विरोध सहना पड़ा और खूब खरी खरी सुननी पड़ी। मुख्यमंत्री ने सदन में जब यह घोषणा की कि जब वे इस बार स्वर्ण जयंती वर्ष पर विस का स्वर्ण जयंती स्तर दो दिन का बुलाना चाहते हैं तो नेता प्रतिपक्ष ने सत्र को दो दिन की बजाय थोड़ा लम्बा बुलाए जाने की मांग करते हुए कहा कि इससे सभी विधायकों को अपने हलके की मांगों को सदन में उठाने का व्यापक समय मिल जाएगा। उन्होंने विस अध्यक्ष को सदन की कार्रवाई गरीमापूर्ण चलाने और सभी सदस्यों को अपनी बात रखने का अवसर देने के लिए बधाई भी दी।

Wednesday, March 30, 2016

हरियाणा विस में प्रश्रकाल दौरान इनेलो विधायकों ने पूछे अपने हलकों से संबंधित सरकार से सवाल

चंडीगढ़, 30 मार्च: प्रदेश में मौजूदा सरकार के सत्ता में आने के बाद डकैती की 266 घटनाएं घटी और इनमें से अभी तक 76 मामले ट्रेस नहीं हो पाए हैं। यह जानकारी जींद के विधायक डॉ. हरिचंद मिड्ढा द्वारा पूछे गए एक अतारांकित सवाल के जवाब में सरकार ने हरियाणा विस में दी। सरकार ने बताया कि डकैती के गुडग़ांव में 37, फरीदाबाद में 21, भिवानी में 23, मेवात में 27, रेवाड़ी में 17, रोहतक में 18, पलवल में 16, हिसार में 13, पानीपत में 16, झज्जर में 11 मामले दर्ज किए गए। इसके अलावा अम्बाला, सिरसा, जींद व नारनौल में सात-सात, सोनीपत, यमुनानगर व कुरुक्षेत्र में आठ-आठ, रेलवे, पुलिस थानों में छह, करनाल में पांच, फतेहाबाद तीन और कैथल में एक मामले सहित अक्तूबर 2014 से फरवरी 2016 के बीच 266 मामले दर्ज किए गए जिनमें से 190 मामले सुलझाए गए जबकि अन्य 76 मामले अभी सुलझाए जाना बाकी है। डॉ. मिड्ढा के पूछे गए एक अन्य सवाल के जवाब में जनस्वास्थ्य मंत्री घनश्याम सर्राफ ने कहा कि जींद शहर में सीवरेज सिस्टम ठीक काम कर रहा है और स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने बताया कि  लोचब गांव में कोई प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नहीं है और जींद हलके में एक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और एक सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र काम कर रहे हैं।
इनेलो विधायक राजदीप फोगाट के एक सवाल के जवाब में लोकनिर्माण मंत्री नरवीर सिंह ने कहा कि दिल्ली-दादरी रोड पर मोरवाला व इमलोटा के बीच पुल के पुनर्निर्माण का कोई प्रस्ताव सरकार के विचाराधीन नहीं है। राजदीप फोगाट द्वारा पूछे गए एक अन्य सवाल के जवाब में शिक्षा मंत्री ने कहा कि गांव बोंदकलां में सरकारी लाइब्रेरी खोलने का कोई प्रस्ताव सरकार के विचाराधीन नहीं है और परिवहन मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने बताया कि दादरी हलके के सभी गांवों के बस स्टॉप पर बस शैल्टर बनाने का भी कोई प्रस्ताव सरकार के विचाराधीन नहीं है। राजस्व मंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने राजदीप फोगाट के एक सवाल के जवाब में बताया कि उपतहसील बोंदकलां के नए भवन के निर्माण के लिए जमीन की पहचान की जा रही है और जमीन उपलब्ध होते ही निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा। 
कालांवाली के विधायक बलकौर सिंह के एक सवाल के जवाब में जनस्वास्थ्य मंत्री घनश्याम सर्राफ ने बताया कि सिरसा शहर की चतरगढ पट्टी कॉलोनी में नहर पर आधारित पानी की उचित आपूर्ति की जा रही है और मौजूदा सीवरेज सिस्टम भी काम कर रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि चतरगढ़ की वंचित गलियों में सिवरेज सिस्टम की सुविधा प्रदान करने का काम चल रहा है जो कि इसी साल दिसंबर तक पूरा होने की उम्मीद है। नरवाना के विधायक पिरथी सिंह नम्बरदार के एक सवाल के जवाब में  स्वास्थ्य मंत्री अनिल ने बताया कि गांव उझाणा में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अतिरिक्त भवन के निर्माण हेतू प्रस्ताव सरकार के विचाराधीन है। हथीन के विधायक केहर सिंह द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में शिक्षा मंत्री रामबिलास शर्मा ने बताया कि हथीन हलके के गांव मंडकोला, मानपुर, फुलवाड़ी, नांगल जाट धरोट, मडनाका व टहर के कन्या विद्यालयों का दर्जा बढ़ाकर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय किए जाने का कोई प्रस्ताव सरकार के विचाराधीन नहीं है।
उकलाना के विधायक अनूप धानक द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में लोकनिर्माण मंत्री राव नरवीर सिंह ने बताया कि बैणी बादशाहपुर से खेदड़ तक की सडक़ का निर्माण कार्य 31 मई तक पूरा होने की सम्भावना है जबकि किनाला से दौलतपुरा तक की सडक़ 2016-17 में शुरू की जाएगी। लोहारू के विधायक ओमप्रकाश बरवा द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ ने बताया कि खेत में काम करते समय जिन किसानों की मृत्यु हो जाती है अथवा अंगहीन हो जाते हैं उन्हें सरकार द्वारा वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है। उन्होंने यह भी बताया कि मृत्यु के मामला में शव परीक्षा (पोस्ट मार्टम) की शर्त इसलिए लगाई गई है ताकि अप्राकृतिक मृत्यु के कारण का स्पष्ट पता चल सके और इस शर्त को हटाने की कोई योजना विचाराधीन नहीं है। रानियां के विधायक रामचंद कम्बोज द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने बताया कि रानियां के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के नए भवन के निर्माण का कोई प्रस्ताव सरकार के विचाराधीन नहीं है। जींद के विधायक डॉ. हरिचंद मिढ्डा द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में तकनीकी शिक्षा मंत्री रामबिलास शर्मा ने बताया कि जींद शहर में राजकीय बहुतकनीकी संस्थान खोलने का कोई प्रस्ताव सरकार के विचाराधीन नहीं है।
इनेलो के ज्यादातर विधायकों ने विस में रखी अपने-अपने हलके से संबंधित मांगें

चंडीगढ़, 30 मार्च: हरियाणा विस में आज जुलाना व कालांवाली को उप-मण्डल बनाने और हरियाणा की संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए हरियाणवी फिल्में टैक्स फ्री करने और पंजाब की तर्ज पर प्रदेश के सिनेमाघरों में एक दिन अथवा एक शो हरियाणवी फिल्म चलाए जाने का कानून बनाए जाने की मांग उठी। विधानसभा में वर्ष 2016-17 के बजट अनुदानों की मांगों पर चर्चा के दौरान इनेलो विधायकों ने इन अहम् मांगों को उठाने के साथ-साथ अपने-अपने विस क्षेत्रों की मांग भी रखी और प्रदेश की तहसीलों में रजिस्ट्री प्रक्रिया आसान बनाए जाने और कांग्रेस सरकार के दौरान मेवात के मेडिकल कॉलेज में हुए घोटालों की सतर्कता विभाग से जांच करवाने और प्रदेश में माइनिंग पूरी तरह से शुरू करवाए जाने की भी मांग उभरकर सामने आई।
इससे पहले बजट पर बोलते हुए पेहवा के विधायक जसविंदर सिंह संधू ने बागवानी को बढ़ावा देने के लिए बनाई गई सब्सिडी नीति को सरल व आसान बनाए जाने, बिजली की दरों में कटौती करने, स्कूलों व अस्पतालों में स्टाफ पूरा करने के लिए भर्ती करने, किसानों को केंद्र द्वारा पांच हजार रुपए पेंशन देने की योजना अमल में लाए जाने, पूरे प्रदेश में चुने गए 80 आदर्श गांवों के साथ-साथ बाकी गांवों के लिए विकास के लिए भी समूचित आर्थिक प्रबंध किए जाने, पेहवा में टै्रैफिक की समस्यों से निजात दिलाने के लिए नए मार्ग बनाए जाने, कम्युनिटी सेंटर बनाने, इस्माइलाबाद में बस स्टेंड, स्टेडियम व रेस्ट हाउस बनाए जाने की भी मांग की। उन्होंने बेरोजगार युवकों को बेरोजगारी भत्ता और बुजुर्गों को दो हजार रुपए महीना पेंशन दिए जाने का भी मामला उठाया। नसीम अहमद ने मेवात में पानी का संकट और उस क्षेत्र की दिक्कतें व समस्याएं सदन में रखते हुए सरकार से चुनावी वादे पूरे करने की मांग की। अभय सिंह चौटाला व परमेंद्र ढुल ने महेंद्रगढ़ में दलित युवती के साथ बलात्कार का मामला उठाते हुए सत्तापक्ष से जुड़े दोषियों के खिलाफ तुरंत कड़ी कार्रवाई किए जाने की मांग की। इस पर मुख्यमंत्री ने उन्हें एक दोषी को गिरफ्तार किए जाने और एक अन्य की भी जल्दी गिरफ्तारी का भरोसा दिलाया।
इनेलो विधायक परमेंद्र सिंह ढुल ने हरियाणवी फिल्म उद्योग की दयनीय स्थिति का उल्लेख करते हुए बेटी बचाओ पर आधारित सतरंगी फिल्म का जिक्र करते हुए पंजाब की तर्ज पर कानून बनाए जाने की मांग की ताकि प्रदेश के विभिन्न सिनेमाघरों में हफ्ते में एक दिन अथवा एक शो हरियाणवी फिल्में चलाए जाने और उन्हें टैक्स फ्री करने की नीति बनाए जाने की मांग की। उन्होंने जुलाना को उपमण्डल का दर्जा देने, वहां खेल स्टेडियम व स्वीमिंग पुल का निर्माण करवाने, कच्चे रास्ते पक्के करने और दो रेलवे स्टेशनों को जोडऩे वाली सडक़ को भी पक्का किए जाने की मांग की। जाकिर हुसैन ने मेवात विकास बोर्ड का बजट सौ करोड़ करने और मेवात के मेडिकल कॉलेज में हुए घोटालों की विजिलेंस जांच करवाने, माइनिंग शुरू करवाने के लिए विस से प्रस्ताव पारित कर केंद्र को भेजने, मेवात फीडर कनाल जल्द पूरा करवाने, नियमों में ढील देकर अपग्रेड किए गए 34 स्कूलों का दर्जा बढ़ाए जाने, लड़कियों के दस जमा दो स्कूल खोलने, मेवात में हुड्डा के सेक्टर बनाने और औद्योगिक विकास किए जाने की भी मांग की। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार में लिप्त अधिकारियों को सरकारी संरक्षण दिया जा रहा है। 
जींद से विधायक डॉ. हरिचंद मिड्ढा ने जींद बाइपास, सडक़ों की खराब हालत, पीने के पानी की समस्या और अस्पतालों में मरीजों को दवाइयां न मिलने का भी मुद्दा उठाया। विधायक बलकौर सिंह ने कालांवाली को उपमंडल का दर्जा दिए जाने की मांग पूरी किए जाने और अस्पताल में चल रहे सब-तहसील के कार्यालय को नया कॉम्पलेक्स बनाकर वहां शिफ्ट किए जाने की मांग की। विधायक मक्खन लाल सिंगला ने रिलायंस को दी गई जमीनों का मामला उठाने के साथ-साथ सिरसा में खराब सीवरेज व्यवस्था का भी मामला उठाया और कहा कि गंदा पानी लोगों के घरों में जा रहा है। प्रो. रविंद्र बलियाला ने एजुसेट के नाम पर करोड़ों खर्च होने के बाद पूरी तरह से अब ठप्प पड़े मामले को उठाते हुए सरकार से अपग्रेड स्कूलों में शिक्षकों का पूरा प्रबंध करने, कॉलेज प्राध्यापकों के रुके हुए वेतनमान जारी करने और पॉलिटेक्निक में खाली पड़ी सीटों के साथ-साथ सरकार से क्वालिटी शिक्षा की ओर भी ध्यान दिए जाने की मांग की। 
रानियां के विधायक रामचंद कम्बोज ने बीस साल से घग्गर की खुदाई न होने का मामला उठाते हुए तुरंत खुदाई करवाए जाने, घग्गर पर झील के प्रस्ताव को अमलीजामा पहनाने, ओटूवीयर झील की मिट्टी कांग्रेस शासन में निकालकर करोड़ों का घोटाला करने की जांच करवाने, रानियां में पीने के पानी की समस्या हल करने और रानियां से हनुमानगढ़ राजस्थान जाने के लिए सीधे मार्ग को चौड़ा करने के साथ-साथ आवारा पशुओं का मामला उठाते हुए गौशालाओं के लिए विशेष अनुदान का प्रबंध करने की भी मांग की। रणबीर गंगवा ने अपने हलके में पीने के पानी की समस्या का उल्लेख करते हुए सरकार से टेल तक पानी पहुंचाने और मिट्टी के बर्तन बनाने वालों के लिए सरकार द्वारा भूमि उपलब्ध करवाए जाने की भी मांग की। वेद नारंग ने बरवाला में नहरी पानी की कमी का उल्लेख करते हुए कहा कि भाजपा अपने वायदे अनुसार टेल तक पानी पहुंचाने का प्रबंध करे और वाटरवकर््स के जो पुराने पाइप टूट चुके हैं उन्हें बदलने की व्यवस्था की जाए। अनूप धानक ने पढ़े-लिखे व डिप्लोमाधारक युवकों को सीधे सरकार द्वारा कागज पूरे करवाकर ट्रेनिंग दिए जाने की व्यवस्था करने, बालक गांव में स्टेडियम बनाने, पावड़ा में मंडी बनाने, सर्वे के बावजूद जिनके पीले कार्ड नहीं बने हैं, उनके कार्ड बनवाने और उनके जो स्कूल सभी नॉर्म पूरे करते हैं उन्हें अपग्रेड किए जाने की मांग की। बलवान दौलतपुरिया ने फतेहाबाद में पर्यटक स्थल बनाने, छोटे किसानों के लिए ऋण सुविधा देने और साधारण सफेद कागज पर रजिस्ट्री करने का प्रावधान करके रजिस्ट्री प्रक्रिया आसान बनाए जाने की मांग की। ओमप्रकाश बरवा, केहर सिंह रावत, पिरथी नम्बरदार सहित अन्य विधायकों ने भी अपने-अपने हलके की मांगें सदन में रखी।

विधायिका श्रीमती नैना चौटाला ने डबवाली अग्रिकांड पीड़ितों की मदद के लिए मुख्यमंत्री से की मुलाकात

  
डबवाली, 30 मार्च : विधायिका  श्रीमती नैना सिंह चौटाला ने आज डबवाली अग्निकांड पीडि़तों के प्रतिनिधि मंडल के साथ हादसे के शिकार लोगों की मदद को लेकर मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर से मुलाकात की। उन्होंने डबवाली अग्निकांड का शिकार हुए लोगों के इलाज के लिए आर्थिक मदद  और उनके लिए रोजगार की मांग की। मुख्यमंत्री ने पीडि़तों की मदद का पूरा आश्वासन दिया। 



विधायक नैना सिंह चौटाला आज दोपहर पीडि़तों के प्रतिनिधि मंडल के साथ मुख्यमंत्री कार्यालय पहुंची और उनकी मांगों को मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के समक्ष रखा। विधायक नैना सिंह चौटाला ने कहा कि करीब 20 वर्ष बाद भी अग्रिकांड के शिकार हुए लोग पूरी तरह से इस हादसे से उबर नहीं पाए और उन्हें आज इलाज व आर्थिक मदद की दरकार है। नैना सिंह चौटाला ने कहा कि डबवाली कांड विश्व का भीषणतम  अग्निकांड था और इनमें स्कूली बच्चों सहित चार सौ से अधिक लोगों की जान चली गई थी और 200 से अधिक लोग बुरी तरह से झुलस गए थे। उन्होंने पीडि़तों की आवाज उठाते हुए मुख्यमंत्री से मांग की कि घायलों को इलाज के लिए आर्थिक मदद की जाए और उन्हें सरकारी रोजगार दिया जाए। उन्होंने कहा कि अग्रिकांड के शिकार लोग के इलाज में काफी खर्च आ रहा है और वे इसका खर्च वहन करने में समक्ष नहीं है लिहाजा सरकार उनके इलाज के लिए आगे आए। 
यहां बता दें कि विधायक नैना सिंह चौटाला ने अग्निकांड का शिकार हुए सुमन कौशल को गोद लिया हुआ और उनके इलाज व पढ़ाई का खर्च स्वयं वहन करेंगी। नैना सिंह चौटाला ने सुमन के इलाज के लिए दिल्ली के सफदरगंज, सर गंगाराम व एम्स अस्पताल में ले जाकर चिकित्सकों से मिल चुकी हैं और उसके इलाज की प्रक्रिया शुरू हो गई है।
जुलाना में जर्जर सिचाई व्यवस्था को लेकर सदन में फिर घिरी सरकार

चंडीगढ़, 30 मार्च 2016 : चंडीगढ़ में जारी प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र के प्रशनकाल में सरकार आज सदन में जुलाना की जर्जर होती सिचाई व्यवस्था को लेकर एक बार फिर बैकफुट पर नजर आई। प्रशनकाल के शुरु होते ही जुलाना से इनेलो विधायक परमेन्द्र सिंह ढुल ने पिछले विधानसभा सत्रों व सरकारी घोषणाओं का हवाला देते हुए कहा की पिछले 12 वर्ष से भी ज्यादा समय से हल्के की टेलों पर पानी नहीं पहुंचा है। क्षेत्र का लगभग 70 फीसदी से ज्यादा हिस्सा आज भी पानी के आभाव में सूखा है। हल्के से दो-दो बड़ी कैनालों के गुजरने के बाद भी हमें पानी से वंचित रखा जा रहा है।
करीब 20 मिनट से लम्बी चली इस बहस में विधायक ढुल ने तथ्यों का हवाला देते हुए कहा की हल्के में मौजूदा सिंचाई व्यवस्था पूरी तरह से नाकाफी तथा जर्जर है जिसके पुनर्निर्माण किये जाने की तुरंत आवयश्कता है। सभी रजबाहों, माइनरों व खालों के पुनर्निर्माण की जरूरत है। रजबाहा नंबर तीन व चार की कैपेसिटी बढ़ाई जानी चाहिए। कार्यवाही के दौरान उन्होंने कहा की जुलाना क्षेत्रवासियों को काफी लम्बे समय से बिरोली माइनर, करेला माइनर, बीबीपुर माइनर, बहबलपुर माइनर की लिंकेज, बुआना सब माइनर की लिंकेज आदि की जरूरत है मगर कांग्रेस के बाद बीजेपी भी जुलाना के किसानों को विकास से वंचित रखना चाहती है।
मेरे क्षेत्र की काफी पुरानी मांग है की नहरी मंडलों का पुनर्गठन करके जीन्द डिवीज़न को दो भागों में बांटा जाये जिसमे जुलाना डिवीज़न अलग से बने जिसमे सुन्दरसब ब्रांच का एरिया लगभग 1,18,000 एकड़ ही रहे तथा जीन्द डिवीज़न में हांसी ब्रांच का लगभग 1,14,000 एकड़ रहे। जुलाना डिवीज़न का हेड ऑफिस जुलाना में ही बने जिसके लिए बिल्डिंग भी उपलब्ध है। इन तमाम विषयों पर मैं प्रदेश सरकार के विभिन्न मंत्रियों तथा अधिकारीयों को 250 से ज्यादा पत्र व सुझाव खुद सौंप चूका हूँ, मगर किसी पर भी कोई कार्यवाही नहीं हो सकी है।
बहस में सरकार की तरफ से कृषि मंत्री ओपी धनखड़ ने स्वीकार किया की जुलाना में स्थिति वाकई खराब है जिसके बारे में विधायक ढुल काफी बार हमे लिख भी चुके हैं व सदन का ध्यान भी इन विषयों पर आकर्षित कर चुके हैं। सभी मांगों को ध्यान में रखते हुए सरकार जुलाना में सिंचाई व्यवस्था को दुरुस्त करने के उद्देश्य से  गाँव बीबीपुर के खेतो के लिए रजबाहा नंबर सात से नई माइनर स्वीकृत करती है। इसी के साथ बहबलपुर माइनर का रामकली माइनर से लिंक मंज़ूर किया जाता है। करेला माइनर को भी मंजुरी में शामिल है।  गाँव निडानी व पड़ाना क्षेत्र के खेतों में पानी पहुचाने को लेकर सरकार सर्वे करवाने को तैयार है। इसी के साथ शादीपुर व लुदाना माइनर और जुलाना सब माइनर के रेमॉल्डिंग भी सरकार तुरंत करवाएगी।
 अपनी मांगों के स्वीकृत किये जाने पर विधायक ढुल ने सदन में कृषि मंत्री ओपी धनखड़ का धन्यवाद करते हुए कहा की उन्हें सरकार से जो आश्वासन मिला है वह जनता की आवाज़ की ही जीत है। सरकार और विपक्ष जब मिलकर जनता के हितों के लिए काम करे वही प्रजातंत्र की जीत है। 
केंद्र सरकार हिसार में पासपोर्ट सेवा केंद्र स्थापित करने के लिए करवाएगी सर्वे



हिसार, 30 मार्च : सांसद दुष्यंत चौटाला की हिसार में पासपोर्ट सेवा केंद्र खोलने की मांग को केंद्र सरकार ने गंभीरता से लिया है। केंद्र सरकार ने हिसार में पासपोर्ट केंद्र खोलने के लिए व्यापक स्तर पर अध्ययन करने का निर्णय लिया है। इसके लिए केंद्र सरकार एक एजेंसी को नियुक्त करने जा रही है जो सर्वे करेगी। इस संदर्भ में केंद्रीय विदेश एवं प्रवासी भारतीय कार्य राज्य मंत्री जनरल वीके सिंह ने सांसद दुष्यंत चौटाला को पत्र लिख कर सूचित किया है। सांसद दुष्यंत चौटाला ने हिसार में पासपोर्ट सेवा केंद्र खोलने को लेकर लोकसभा में मुद्दा उठाया था। 
केंद्रीय राज्य मंत्री ने पत्र में कहा है कि 30 नवंबर 2015 को जीरो ऑवर के दौरान सांसद दुष्यंत चौटाला द्वारा हिसार में पासपोर्ट सेवा केंद्र स्थापित करने की मांग की थी। यह जनता की सेवा से जुड़ा मुद्दा था। जिसपर सरकार ने गंभीरता से गौर किया है। केंद्रीय राज्य मंत्री ने सांसद दुष्यंत चौटाला द्वारा उठाए गए मुद्दे की सराहना करते हुए कहा कि विदेश एवं प्रवासी भारतीय कार्य मंत्रालय इस दिशा में काम कर रहा है जिससे की पासपोर्ट सेवा को और बेहतर और तीव्र बनाया जा सके। इसके लिए एक एजेंसी की नियुक्ति की जा रही है जो हिसार सहित पूरे देश में  सर्वे करेगी और पासपोर्ट सेवा केंद्र स्थापित करने की संभावनाओं का पता लगागी। पत्र में कहा गया है कि मंत्रालय ने इस दिशा में पिछले वर्ष फरवरी में भिवानी जिले में तुरंत पासपोर्ट बनाने के लिए तीन दिवसीय शिविर लगाया था जिसमें मौके पर ही 660 से पासपोर्ट बनाए गए थे। भविष्य में भी मंत्रालय ऐसे शिविरों का आयेाजन करेगा।
विदित है कि हिसार, भिवानी, फतेहाबाद और सिरसा के लोगों को पासपोर्ट बनवाने के लिए चंडीगढ़ अथवा अंबाला जाना पड़ता है। लोगों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सांसद दुष्यंत चौटाला ने लोकसभा में हिसार में पासपोर्ट सेवा केंद्र स्थापित करने की मांग रखी थी। 

Tuesday, March 29, 2016

सरकार के बजट में किए दावों की नैना चौटाला ने खोली पोल, कहा वादे पूरे करे सरकार

चंडीगढ़, 29 मार्च: हरियाणा विधानसभा में बजट पर चर्चा के दौरान इनेलो विधायक श्रीमती नैना सिंह चौटाला ने कहा कि भाजपा ने प्रदेश के लोगों के साथ पिछले चुनाव में डेढ सौ से ज्यादा वायदे किए थे और आज वे पूरी तरह से खोखले साबित हो रहे हैं। उन्होंने बजट में महिलाओं के लिए किए गए प्रावधानों को ऊंट के मुंह में जीरे के समान बताते हुए कहा कि सरकार महिलाओं को लेकर दावे तो बड़े-बड़े करती है लेकिन धरातल पर कुछ खास नजर नहीं आ रहा। उन्होंने बजट पर चर्चा के दौरान ईंट भ_ों पर काम करने वाली गर्भवती महिलाओं की दयनीय स्थिति का भी उल्लेख किया और कुपोषण का शिकार बच्चों का भी उल्लेख करते हुए कहा कि आज सरकार बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ का नारा तो देती है लेकिन उन्हें शिक्षित करने व आगे बढ़ाने के लिए जरूरी कदम नहीं उठाए जा रहे। उन्होंने प्लास्टिक के इस्तेमाल पर सख्ती से प्रतिबंध लगाए जाने, आंगनबाड़ी केंद्रों में पढ़ी-लिखी महिलाओं को ही हैल्पर जैसे पदों पर नियुक्त किए जाने और सरकारी अस्पतालों में दवाइयां पूरी तरह से मुफ्त दिए जाने की भी मांग करते हुए कहा कि बजट में महिला व बालविकास जैसे अहम क्षेत्र को नजरअंदाज किया गया। 
श्रीमती नैना सिंह ने कहा कि पिछली बार बजट में जो 32 घोषणाएं हुई थी उनमें से कृषि से संबंधित ज्यादातर घोषणाओं पर अमल नहीं हुआ। उन्होंने सरकार के सलोगन सबका साथ सबका विकास पर ऊंगली उठाते हुए कहा कि न तो सबको साथ लिया गया और न सबका विकास किया गया। उन्होंने कहा कि महिला को गर्भावस्था में भी काम करना पड़ता है इसलिए गर्भवती महिलाओं के लिए बजट में बढ़ौतरी की जानी चाहिए। उन्होंने अपने भाषण के दौरान दो-तीन बार शेयर भी पढ़े और उस दौरान विपक्षी विधायकों के साथ-साथ सत्तापक्ष की महिला सदस्यों ने भी मेजें थपथपाकर उनकी बात का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि बच्चों के कुपोषण के मामले में हम धीरे-धीरे अफ्रीका को भी पीछे छोड़ रहे हैं। इनेलो विधायिका ने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों में काम करने वाली कई महिलाओं को यह पता नहीं चलता कि दवाएं एक्सपायर हो चुकी हैं और कई बार तो मिड-डे-मिल और दालें व दलिए के तौर पर उन्हें जो सामान मिलता है उनमें कीड़े-मकौड़े होते हैं।
इनेलो विधायिका ने खाने-पीने के सामान पर भी आजकल हो रहे पेस्टीसाइड के इस्तेमाल का मुद्दा उठाते हुए कहा कि यह बेहद गम्भीर मामला है। उन्होंने कहा कि एक तरफ तो बार-बार ये कहा जाता है कि प्लास्टिक की थैलियों में अगर गर्म सब्जी या दाल डाली जाए तो वह जहरीली हो जाती है और दूसरी तरफ पीजीआई की कंटीन में भी जो खाना दिया जाता है वह प्लास्टिक की थैलियों में दिया जा रहा है। उन्होंने प्लास्टिक पर पूर्ण रोक लगाए जाने की मांग करते हुए कहा कि कई ऐसी घटनाएं सामने आ रही हैं जो बेहद चिंताजनक हैं। उन्होंने रेवाड़ी की सुभाष बस्ती में एक महिला की सिर्फ इसलिए हत्या किए जाने की अखबारों में छपी खबर का हवाला देते हुए कहा कि उसने एक बेटी को जन्म दिया था।
श्रीमती नैना सिंह ने सरकार से बेटियों के लिए कुछ जरूरी कदम उठाने और ऐसी घटनाओं के लिए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई किए जाने के साथ-साथ महिलाओं को जागरूक करने के लिए गांव में छोटे-छोटे कैम्प आयोजित करने और ग्रामीण क्षेत्रों में लघु उद्योगों को प्रोत्साहित करने की मांग करते हुए कहा कि महिलाएं जो काम गांव में सीखेंगी तो निश्चित तौर पर उनकी बेटियां भी वो काम अपने आप सीख जाएंगी। जिस तरह से इनेलो विधायिका ने सदन में जोरदार तरीके से महिलाओं की बात रखी तो उस पर वित्त मंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने उन्हें न सिर्फ बधाई दी बल्कि उन्हें दाद देते हुए कहा कि श्रीमती नैना सिंह ने न सिर्फ सरकार को कई अहम सुझाव दिए बल्कि कहीं कोई कमी नजर आई तो सरकार की कान खिंचाई करने का भी काम किया। विस अध्यक्ष कंवरपाल ने भी श्रीमती नैना सिंह द्वारा बेहद सलीके व भावपूर्ण लहजे से रखी गई बातों का उल्लेख करते हुए कहा कि श्रीमती नैना सिंह ने राज्यपाल के अभिभाषण पर रखे गए धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान भी बहुत अच्छे तरीके से अपनी बातें रखी थी जिसके चलते एक प्रमुख दैनिक समाचार पत्र ने उन्हें विधायक ऑफ दी डे के दर्जे से नवाजा था।
बजट पर चर्चा में भाग लेते हुए रतिया के विधायक रविंद्र बलियाला ने भी हैपनिंग हरियाणा को लेकर सरकार के दावों को मुुंगेरी लाल के सपने बताते हुए कहा कि जब तक प्रदेश में महौल बेहतर नहीं होगा तब तक नए उद्योग लगने और निवेश की सम्भावनाएं बहुत ही कम रहती हैं। उन्होंने सरकार द्वारा एक बैंके साथ एमओयू करने और एक टैक्सी चला रही कम्पनी के साथ  एमओयू करने के मुद्दों को उठाते हुए कहा कि ब्रांच खोलना बैंकों का रूटीन कार्य है और प्राइवेट टैक्सियां चला रही कम्पनी के साथ एमओयू से प्रदेश में कैसे निवेश आएगा? उन्होंने वांडा ग्रुप को सोनीपत-खरखौदा को तीन हजार एकड़ जमीन दिए जाने  के मुद्दे को सदन में उठाते हुए कहा कि इस बारे में सरकार को सभी बातें सार्वजनिक करनी चाहिए कि किसानों से किस रेट पर जमीन ली गई है और आगे कम्पनी को किस दर पर दी जा रही है। उन्होंने प्रदेश में बिगड़ी हुई कानून व्यवस्था की स्थित का उल्लेख करते हुए कहा कि जब तक प्रदेश के हालात ठीक नहीं होंगे निवेश कैसे आएगा? उन्होंने रियल इस्टेट की कंपनियों के एमओयू का हवाला देते हुए कहा कि गुडग़ांव-फरीदाबाद में तो पहले से रियल इस्टेट कंपनियों की बाढ़ आई हुई है। उन्होंने हरियाणा औद्योगिक बल के चयनित जवानों को बहाल करने और उद्योगों को सही माहौल दिए जाने की भी मांग उठाते हुए कर्मचारियों की वेतनमान विसंगतियां दूर किए जाने और एचएमटी पिंजौर के कर्मचारियों को वेतन न मिलने का भी मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि हरियाणा की अर्थव्यवस्था खेती पर निर्भर है और किसानों की हालत सुधारने से ही प्रदेश आगे बढ़ सकता है।
नेता प्रतिपक्ष ने सरकार पर किए तीखे प्रहार बजट को बताया आंकड़ों का खेल, दावे मात्र भ्रमित करने का प्रयास

चंडीगढ़, 29 मार्च: किसानों की आर्थिक स्थिति स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करने से ही बेहतर हो सकती है लेकिन चुनाव में वादा करने के बावजूद बजट में रिपोर्ट लागू करने का कहीं कोई उल्लेख नहीं है। नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला ने बजट पर चर्चा के दौरान बजट को केवल आंकड़ों से लोगों को भ्रमित करने का प्रयास बताते हुए कहा कि जब प्लान बजट में पहले से कम राशि रखी गई हो तो फिर प्रदेश में विकास की उम्मीद कैसे की जा सकती है? उन्होंने सरकार पर तीखे प्रहार करते हुए कहा कि डेढ साल पहले प्रदेश पर 82 हजार करोड़ का कर्जा था और मौजूदा सरकार इस कर्जे को एक लाख 41 हजार करोड़ तक ले गई जिससे साफ है कि प्रदेश में पैदा होने वाला हर बच्चा जन्म से ही 56 हजार का कर्जदार होगा।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि सरकार ने पिछली बार भी टैक्स फ्री बजट के नाम पर अपनी पीठ थपथपाने क ा काम किया था लेकिन बजट के बाद डीजल व पेट्रोल पर जहां टैक्स बढ़ा दिए गए वहीं ईंट भ_े व प्लाइवुड उद्योग पर भी टैक्स कई गुणा बढ़ाने के साथ-साथ बिजली की दरों में भी फ्यूल सरचार्ज के नाम पर बढ़ौतरी कर दी गई। उन्होंने सरकार द्वारा प्रदेश में प्रति व्यक्ति आय के दावों पर भी सवालिया निशान लगाते हुए कहा कि इसमें से फरीदाबाद, गुडग़ांव के आंकड़ों को अलग कर दिया जाए तो तस्वीर सामने आ जाएगी कि बाकी प्रदेश की प्रति व्यक्ति आय कितनी रह जाती है। उन्होंने कहा कि सरकार बनते ही दावा किया गया था कि फिजूलखर्ची घटाकर कर्जा लेने की प्रथा को कम किया जाएगा लेकिन पहले साल 17 हजार करोड़ कर्ज लिया गया और दूसरे साल 40 हजार से ज्यादा का कर्जा लिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के गांवों में रहने वाले 50 प्रतिशत से ज्यादा परिवार ऐसे हैं जिनकी वार्षिक आय एक लाख रुपए से भी कम है। उन्होंने कहा कि बजट में जो जीडीपी और प्लान बजट के आंकड़े दिए गए हैं उससे साफ है कि प्रदेश में विकास कार्यों की कमी आएगी।
चौधरी अभय सिंह चौटाला ने कहा कि सरकार अगले पांच-छह सालों में किसानों की आमदन दो गुणा करने की बात कहती है लेकिन बजट में इसका कहीं कोई उल्लेख नहीं है। उन्होंने कहा कि वादा करने के बावजूद सरकार स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू नहीं कर रही और यह रिपोर्ट लागू करने से ही किसान की आमदनी बढ़ सकती है। उन्होंने कहा कि आज किसान को उसकी फसल का लागत मूल्य भी नहीं मिलता। नेता प्रतिपक्ष ने किसानों को ठीक से एमएसपी न मिलने और किसान राहत प्राधिकरण का मुद्दा भी उठाते हुए कहा कि किसानों की फसलें खराब होने पर मुआवजे के लिए पांच एकड़ की समय सीमा तय कर दी गई है और ज्वार, बाजरा व ग्वार इत्यादि की खेती करने वाले गरीब किसानों को मुआवजा भी नहीं मिल रहा। इनेलो नेता ने ग्रामीण विकास, शिक्षा व स्वास्थ्य जैसे अहम् विभागों के लिए रखे गए बजट को नाकाफी बताते हुए कहा कि इससे लोगों को मूलभूत सुविधाएं भी नहीं मिल पाएंगी। उन्होंने कहा कि सरकार इस बार जो कर्जा ले रही है उसमें से 20 हजार करोड़ तो सिर्फ कर्जे के ब्याज की अदायगी में चला जाएगा।
इनेलो नेता ने बिजली की दरें कम किए जाने की मांग करते हुए कहा कि फ्यूल सरचार्ज के साथ-साथ संडरी चार्जेज के नाम पर भी बिजली उपभोक्ताओं से भारी भरकम बिल वसूल किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि जब बिजली बोर्ड का कर्जा सरकार अपने ऊपर ले रही है और बिजली निगमों पर पडऩे वाले ब्याज का भार कम होने जा रहा है तो ऐसे में सरकार को बिजली की दरों में कमी लाकर लोगों को राहत देनी चाहिए और फ्यूल और संडरी चार्जेज समाप्त किए जाएं। उन्होंने किसानों से ट्यूबवैल कनेक्शन के नाम पर  तत्काल स्कीम के तहत लाखों रुपए लिए जाने पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि इससे गरीब किसान वर्षों से लाइन में ही लगा रह जाता है। उन्होंने अनुसूचित जाति व पिछड़े वर्गों के लिए बजट में किए गए प्रावधान को भी नाकाफी बताते हुए कहा कि सरकार स्वास्थ्य सेवाओं व मेडिकल कॉलेज खोलने के नाम पर बड़े-बड़े दावे करती है लेकिन उन दावों के विपरीत बजट में किया गया प्रावधान बहुत कम रखा गया है। उन्होंने फरीदाबाद के एक मेडिकल कॉलेज द्वारा 400 बच्चों को चार सालों के दौरान फीस व डोनेशन लेकर दाखिल किए जाने के बाद अब कॉलेज पर ताला लगने की स्थिति में बच्चों के भविष्य का सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार उन बच्चों के भविष्य को खराब होने से बचाने के लिए उन्हें अन्य कॉलेजों में दाखिल करके उनकी चार वर्षों की मेहनत को बेकार जाने से बचाने के लिए जरूरी कदम उठाए।
नेता प्रतिपक्ष ने प्रदेश में आए दिन हो रही हत्या, बलात्कार व अपहरण की घटनाओं का उल्लेख करते हुए कानून व्यवस्था की स्थिति पर भी सवाल उठाया और सिरसा जिले के गांव जमाल दलित महिला के साथ बलात्कार और रंधावा गांव में लगी एक महिला कर्मचारी के साथ घटी घटनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि अगर सरकार दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की बजाय उन्हें प्रदेश के मंत्री संरक्षण देंगे तो कानून व्यवस्था की स्थिति कैसे ठीक हो सकती है? उन्होंने पुलिस में महिला कर्मचारियों के खाली पदों को भरे जाने का मुद्दा उठाते हुए सरकार के वन व पर्यावरण को लेकर किए जा रहे दावों पर भी सवालिया निशान लगाया। उन्होंने हैपनिंग हरियाणा को लेकर सरकार के दावों की भी पोल खोली और शिक्षा विभाग के खराब नतीजों और खाली पदों का मुद्दा भी उठाते हुए बीएड कॉलेजों में खाली 32 हजार से ज्यादा सीटें और इंजीनियरिंग कॉलेजों की खाली सीटों का भी मुद्दा उठाते हुए सरकार से जवाब मांगा। उन्होंने बेरोजगार युवकों को बेरोजगारी भत्ता देने के लिए बजट में कोई प्रावधान न किए जाने का भी उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार को तुरंत अपना वादा निभाना चाहिए। उन्होंने केएमपी का भी तीसरी बार नींव पत्थर रखे जाने पर भी सरकार को कठघरे में खड़ा किया।
इनेलो ने जाटों सहित पांच जातियों को दिए गए आरक्षण के फैसले का किया स्वागत

चंडीगढ़, 29 मार्च: इनेलो ने जाटों सहित पांच जातियों को आरक्षण दिए जाने और पहले से आरक्षित जातियों के आरक्षण से कोई छेड़छाड़ न किए जाने संबंधी हरियाणा विधानसभा द्वारा पारित विधेयक का स्वागत करते हुए कहा कि सरकार अगर समय रहते यह कदम उठा लेती तो पिछले महीने प्रदेश में घटी हिंसक घटनाओं से प्रदेश के लोगों को जानमाल का भारी नुकसान न झेलना पड़ता। इनेलो के प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा व पूर्व मुख्य संसदीय सचिव रामपाल माजरा ने कहा कि प्रदेश में घटी दुर्भाग्यपूर्ण घटनाओं लिए कांग्रेस के साथ-साथ भाजपा भी पूरी तरह से दोषी है।
इनेलो नेताओं ने कहा कि पिछले महीने सरकार द्वारा बुलाई गई सर्वदलीय बैठक में इनेलो की ओर से भाग ले रहे प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा व विधायक दल के उपनेता जसविंदर सिंह संधू ने सरकार को सुझाव दिया था कि जब सरकार बार-बार आरक्षण देने की बात कहती है तो फिर तुरंत विशेष सत्र बुलाकर दो लाइन का प्रस्ताव पारित कर आरक्षण दे दिया जाना चाहिए ताकि प्रदेश के हालात को बिगडऩे से बचाया जा सके। इनेलो नेताओं ने कहा कि जानबूझकर बार-बार मामले को न सिर्फ लटकाया गया बल्कि इससे प्रदेश के हालात खराब हुए और हिंसक घटनाओं में अनेक कीमत जानें चली गई व हजारों करोड़ रुपए की सम्पत्ति का भी नुकसान हुआ।

Monday, March 28, 2016

बजट पर चर्चा को गम्भीरता से नहीं ले रही सरकार: नेता प्रतिपक्ष

चंडीगढ़, 28 मार्च: हरियाणा विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला ने सरकार पर सदन में बजट पर चर्चा के दौरान गम्भीर न होने का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार अपनी जिम्मेदारी निभाने से भाग रही है। सोमवार को हरियाणा विधानसभा की प्रेसदीर्घा में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि बजट पर चर्चा के दौरान जब उन्हें बोलने के आमंत्रित किया गया तो न सिर्फ मुख्यमंत्री व वित्त मंत्री अपनी सीटों पर मौजूद नहीं थे बल्कि संसदीय कार्यमंत्री, कृषिमंत्री व स्वास्थ्य मंत्री सहित ज्यादातर मंत्री नदारद थे। उन्होंने कहा कि जब मंत्रियों की कुर्सियां खाली हों तो चर्चा में आप किसको बताओगे कि बजट में कहां-कहां कुप्रबंधन है और लोगों को क्या-क्या दिक्कतें और परेशानियां आ रही हैं। 
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि हरियाणा के इतिहास में शायद पहली बार होगा कि बजट पर जब नेता प्रतिपक्ष के बोलने का समय आए तो उस समय सदन के नेता व वित्त मंत्री सहित ज्यादातर मंत्री मौजूद न हों। उन्होंने कहा कि आज सरकार का पूरा जोर इस बात पर लगा हुआ है कि प्रदेश में आरक्षण आंदोलन के दौरान घटी घटनाओं के लिए कांग्रेस को जिम्मेदार ठहराकर अपनी जिम्मेदारी से बचा जा सके। उन्होंने कहा कि इन घटनाओं के लिए कांग्रेस तो दोषी है कि उससे भी ज्यादा दोषी भाजपा सरकार है जो प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति को बनाए रखने में पूरी तरह से विफल रही। उन्होंने कहा कि एक तरफ तो सरकार में बैठे लोग दावा करते हैं कि वे प्रदेश को आगे ले जाना चाहते हैं लेकिन दूसरी तरफ साफ है कि उन्हें किसी बात की कोई प्रवाह नहीं। उन्होंने कहा कि अगर सरकार को प्रदेश की प्रवाह होती तो चार दिन तक पूरा प्रदेश आग के हवाले न होता।
पत्रकारों द्वारा पूछे गए सवालों के जवाब में नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि कांग्रेस की भी नीयत साफ नहीं है और अगर कांग्रेस की नीयत साफ होती तो वे हरियाणा विधानसभा की कार्रवाई में हिस्सा लेते लेकिन वे अखबारों की सुर्खियां बनाने के लिए मात्र चंद मिनटों के लिए सदन में आए और चले गए। जाट आरक्षण पर विस में लाए जाने वाले विधेयक पर पूछे गए सवालों के जवाब में नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि सरकार ने इस बारे में केबिनट में बिल लाने से पहले विपक्ष से कोई चर्चा नहीं की और जब उनके सामने जाट आरक्षण का विधेयक आएगा तभी वे उस पर कोई टिप्पणी कर पाएंगे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने लोगों से वायदा किया है कि हरियाणा विस के मौजूदा सत्र में ही जाट आरक्षण विधेयक लाएंगे इसलिए उन्हें उम्मीद है कि सरकार इसी सत्र में बिल लाने का अपना वादा पूरा करेगी।
इससे पहले कांग्रेस विधायकों द्वारा छह महीने के लिए निलंबित किए गए तीन सदस्यों का निलंबन रद्द किए जाने और उन्हें वापिस सदन में बुलाए जाने की मांग का समर्थन करते हुए नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि उन्हें वापिस सदन में बुलाया जाना चाहिए ताकि उन्हें यह वहम न रहे कि हम उनकी पैरवी नहीं करते। राज्यपाल के अभिभाषण दौरान कांग्रेस सदस्यों के आचरण का हवाला देते हुए शिक्षा मंत्री रामबिलास शर्मा ने जब इनेलो विधायकों का उल्लेख किया तो नेता प्रतिपक्ष ने शिक्षा मंत्री से अपनी बात पूरी तरह से स्पष्ट करने को कहा कि इनेलो विधायकों ने क्या किया, यह स्पष्ट किया जाए? शिक्षा मंत्री ने सदन को बताया कि नेता प्रतिपक्ष ने राज्यपाल से वह बात सदन में कहलवा दी जो प्रदेश के हित में थी।

इनेलो ने बारिश से फसलों को नुकसान का मुद्दा विस में उठाया, विशेष गिरदावरी करवा मुआवजा देने की मांग की

चंडीगढ़, 28 मार्च: इनेलो विधायकों द्वारा प्रदेश में बारिश व ओलावृष्टि व तेज आंधी से हुई फसलों के नुकसान का मामला ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के माध्यम से उठाते हुए सरकार से विशेष गिरदावरी करवा किसानों को उचित मुआवजा दिए जाने की मांग की गई। इसके अलावा नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला सहित इनेलो विधायकों ने कपास के साथ-साथ किसानों को ज्वार, बाजरा व गवार की फसलों को हुए नुकसान का भी किसानों को मुआवजा दिए जाने और जिन किसानों की पांच एकड़ से ज्यादा फसलें बर्बाद हुई हैं, उन्हें उनकी पूरी फसल का मुआवजा दिए जाने के साथ-साथ जिन किसानों के खेतों में सेम के कारण पानी खड़ा हो गया है उन्हें भी सरकार की ओर से मुआवजा दिए जाने व पानी निकालने के उपाय करके खेतों को काश्त योग्य बनाए जाने की मांग की गई।
ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के दौरान नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि नरमे-कपास की फसल कई लोग ठेके पर जमीन लेकर काश्त करते हैं और उन पर पांच एकड़ की शर्त लगा दिए जाने से किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। इनेलो नेता ने कहा कि ये किसानों की लगातार तीसरी फसल बर्बाद हुई है, पिछले साल गेहूं की फसल बारिश व ओलावृष्टि से खराब हो गई थी और फिर नरमे-कपास व ज्वार, बाजरा व गवार की फसल सफेद मक्खी व तेले से बर्बाद हुई और अब फिर किसानों की फसलें बारिश व ओलावृष्टि से बर्बाद हुई हैं। उन्होंने कहा कि ऐलनाबाद व डबवाली हलके के करीब दो दर्जन गांवों में फसलों को बारिश व ओलावृष्टि से नुकसान हुआ है। उन्होंने कहा कि राज्यपाल के अभिभाषण पर हुई चर्चा का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा था कि सरकार अगली बार किसानों को मुआवजा नहीं देगी, इस पर भी स्थिति स्पष्ट की जानी चाहिए। उन्होंने जुलाना हलके के कुछ गांवों में ओलावृष्टि व सफेद मक्खी से हुए नुकसान का भी उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार किसानों के कर्जे की वसूली एक साल तक स्थगित करने के साथ-साथ उनका ब्याज माफ करे और उन्हें अगली फसल के लिए आर्थिक मदद के साथ-साथ पांच एकड़ की शर्त को भी हटाने का काम किया जाए। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि उन्हें मुजारे के साथ-साथ किसान की भी चिंता है और सरकार से लोगों को राहत की उम्मीद है इसलिए जल्द से जल्द सरकार किसानों को राहत प्रदान करे। 
ध्यानाकर्षण प्रस्ताव पर इनेलो विधायक बलवान सिंह, परमेंद्र ढुल, पूर्व कृषि मंत्री जसविंदर सिंह संधू, राजदीप फोगाट, अनूप धानक, ओमप्रकाश लोहारू व पिरथी नम्बरदार सहित अन्य विधायकों ने भी अनुपूरक सवाल पूछे और सरकार से तुरंत किसानों की खराब फसलों की स्पेशल गिरदावरी करवा मुआवजा दिए जाने और पिछली फसलों का भी जो अभी तक मुआवजा नहीं मिला है वो दिए जाने की मांग की। पूर्व कृषि मंत्री जसविंदर सिंह संधू ने सरकार से प्रधानमंत्री कृषि बीमा योजना पर भी स्थिति स्पष्ट करने को कहा कि उसमें किसानों को मुआवजा को दिए जाने वाला मुआवजा कौन तय करेगा क्योंकि अब तो फसलों को हुए नुकसान का मुआवजा पटवारी तय करता है। उन्होंने कहा कि अगर मुआवजा तय करने का अधिकार पूरी तरह से बीमा कम्पनियों के हाथ में दे दिया गया तो किसानों को मुआवजा नहीं मिल पाएगा इसलिए सरकार के दखल से ही फसल बीमा योजना कामयाब हो सकती है। 
वित्त एवं राजस्व मंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने सदन को बताया कि इस बार बारिश, ओलावृष्टि व तेज हवाओं के कारण सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, जींद, भिवानी, कैथल, रोहतक, झज्जर, सोनीपत व मेवात के करीब 250 गांवों में गेहूं व सरसों की फसल को नुकसान हुआ है। उन्होंने कहा कि रबी फसल की विशेष गिरदावरी के आदेश दे दिए गए हैं और गिरदावरी रिपोर्ट प्राप्त होने के तुरंत बाद फसलों में हुए नुकसान का  मुआवजा वितरण का काम शुरू कर दिया जाएगा। वित्त मंत्री ने नेता प्रतिपक्ष द्वारा उठाए गए पांच एकड़ की सीमा वाले मुद्दे पर कहा कि संबंधित उपायुक्तों को सूची बनाने के लिए कहा गया है कि गिरदावरी में जहां काश्तकार का नाम आ रहा है, सरकार उन्हें भी मुआवजा देने पर विचार करने का काम करेगी।
इधर, विस में बजट पर चर्चा में भाग लेते हुए इनेलो विधायक परमेंद्र सिंह ढुल व रणबीर गंगवा ने सरकार पर अपना कोई भी चुनावी वायदा पूरा न करने का आरोप लगाया और कहा कि सरकार ने बजट में अपने चुनावी वायदों के लिए कोई प्रावधान नहीं किया है। परमेंद्र ढुल ने कहा कि भाजपा सरकार बनने से पहले यह कहा जा रहा था कि आज प्रदेश में पैदा होने वाला प्रत्येक बच्चा 30 हजार का कर्ज लेकर पैदा होगा लेकिन भाजपा सरकार के दौरान प्रत्येक बच्चा 50 हजार रुपए का कर्जदार हो गया है। उन्होंने सरकार की नीति और नीयत पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार के दाएं हाथ को यह नहीं पता होता कि बायां हाथ क्या कर रहा है? रणबीर गंगवा ने समाज के दबे-कुचले लोगों को आगे लाने के लिए बजट में कोई योजना न लाए जाने का भी मुद्दा उठाया और कहा कि हिसार कृषि विवि बसने के समय 40 साल से जो लोग वहां रह रहे थे, अब उस कॉलोनी को उठाने के लिए नोटिस दिए जा रहे हैं और दूसरी तरफ प्रधानमंत्री हर परिवार को छत दिए जाने की बात करते हैं। उन्होंने अपने हलके के गांव भिवानी, रोहिला की पूरी पंचायत में महिलाओं के चुनाव जीतने की बात करते हुए कहा कि उन्हें विशेष ग्रांट दी जानी चाहिए क्योंकि सरकार बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ का नारा दे रही है लेकिन वहां पर लड़कियों का जो स्कूल अपग्रेड किया गया था मौजूदा सरकार ने उसे भी डीग्रेड किए जाने का काम किया है। उन्होंने इसे वापिस अपग्रेड किए जाने की मांग की।
भाजपा सरकार से युवा वर्ग पूरी तरह से निराश- गुरविन्द्र तेजली


सोनीपत , 26 मार्च: भाजपा सरकार ने युवा वर्ग को पूरी तरह निराश किया है, सरकार हर मोर्चे पर फेल साबित हो रही है, यह बात शनीवार को युवा इनेलो के प्रदेश अध्यक्ष गुरविन्द्र तेजली ने सोनीपत छोटूराम चौक पर हजारों युवाओं को संबोधित करते हुए कही। तेजली यहां सोनीपत जिला के युवाओं की बैठक लेने आए हुए थे। बैठक की अध्यक्षता युवा जिला प्रधान कुणाल गहलावत ने की। बैठक को इनेलो पार्टी के जिलाध्यक्ष पदम सिंह दहिया, पूर्व विधायक रामकुमार सैनी, कपूर नरवाल व प्रोमिला मलिक ने भी संबोधित किया। इनेलो के युवा प्रदेशाध्यक्ष ने कहा कि प्रदेश के लोगों को बजट से भारी उम्मीदें थी और उन्हें लगता था कि भाजपा सरकार पिछले चुनाव के समय लोगों के साथ जो चुनावी वायदे किए हैं इस बजट के माध्यम से उन्हें पूरा करने का काम करेगी लेकिन सरकार ने वादे पूरे करने की बजाय प्रदेश को पूरी तरह कर्ज में डुबोने का काम किया है। श्री तेजली ने कहा कि आज प्रदेश सरकार कर्मचारियों को वेतन भत्ते, पेंशन, ब्याज के भुगतान व ब्याज के कर्ज का भुगतान चुकाने के लिए भी निरंतर कर्जा ले रही है। 


उन्होने कहा कि सरकार ने बेरोजगार युवकों को छह हजार व नौ हजार बेरोजगारी भत्ता देने, बुजुर्गों को दो हजार रुपए महीना पेंशन देने, गेस्ट टीचरों व अन्य कर्मचारियों को रेगूलर करने, पंजाब के समान वेतनमान देने, किसानों के लिए स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू कर उनके लागत मूल्य के साथ 50 प्रतिशत मुनाफा देने सहित अनेक लुभावने वायदे किए थे। इन वायदों को पूरा करने के  लिए सरकार ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया है। तेजली ने कहा एक माह के अंदर युवा इनेलो का जिला व हल्का स्तर का संगठन पूरा किया जाएगा। युवा इनेलो में मेहनती, अच्छी छवि के निष्ठावान कार्यकर्ताओं को अहम जिम्मेवारी सौपंी जाएगी। युवा जिलाध्यक्ष कुणाल गहलावत ने कहा कि आज युवाओं को अपना हित इनेलो में ही सुरक्षित लग रहा है। इनेलो समाज के सभी वर्गो को पूरा मान-सम्मान देती है। गहलावत ने कहा इनेलो पार्टी कांग्रेस व बीजेपी की तरह छोटी राजनीति कभी नहीं करती है। युवा वर्ग अब कांग्रेस व बीजेपी की ठगाई में नहीे आने वाला। इस मौके पर प्रदेश उपाध्यक्ष अरूण बडौक, महासचिव विकास नरवाल, संगठन सचिव संदीप ठरू, मोनू शर्मा, रविन्द्र सफियाबाद, प्रदीप बड़वासनी, अमित मोर बरोदा, जितेन्द्र वर्मा, सुधीर धनखड, सुमित राणा, जोगेन्द्र मलिक, बंसीलाल, सिर्दाथ आंतिल, हरेन्द्र राठी, जयबीर आंतिल, गुरजीत राणा, मुकेश सरोहा आदि युवा मौजुद रहे।
बिगड़ी कानून व्यवस्था चिंता का विषय

सिरसा 26 मार्च: ऐलनाबाद में एक महिला इन्द्रा की बदमाशों द्वारा घर में घुसकर जिस प्रकार निर्मम हत्या की गई और बदमाश गहने लूटकर ले गए यह घटना पुलिस व कानून व्यवस्था पर प्रश्न चिन्ह लगाती है। यह बात पूर्वमंत्री भागीराम ने एक ब्यान जारी करते हुए कही। पूर्वमंत्री ने कहा कि ऐलनाबाद सहित जिलाभर में आए दिन लूटमार व चोरी की घटनाओं ने जनता में दहशत फैला दी है। उन्होंने कहा कि इन्द्रा सोनी के हत्यारों तक पुलिस का अभी तक ना पहुंच पाना पुलिस की विफलता दर्शाता है। इनेलो नेता ने कहा कि जनता द्वारा इन्द्रा सोनी के हत्यारों को पकडऩे हेतू धरने प्रर्दशन किए जा रहे है लेकिन पुलिस महकमा अभी तक कुभकर्णी नींद सोया हुआ है। भागी राम ने कहा कि वह शीघ्र ही नेता प्रतिपक्ष व ऐलनाबाद के विधायक चौधरी अभय सिंह चौटाला से मिलकर डी.जी.पी से इस मामले में हस्तपेक्ष करने हेतु चौधरी अभय सिंह चौटाला से अनुरोध करेगें। इन्द्रा सोनी के हत्यारों को पकड़ा नही गया तो इनेलो जनता के सहयोग से आंदोलन करेगी।
इनेलो विधायक ने प्रदेश संघ प्रमुख के बयान की निंदा की
चंडीगढ़, 26 मार्च: जुलाना से इनेलो विधायक परमेन्द्र सिंह ढुल ने आरएसएस हरियाणा के प्रमुख मेजर करतार सिंह के उस बयान की निंदा की है जिसमें उन्होंने एक जाति विशेष के खिलाफ तीखी टिप्पणी की है। श्री ढुल ने अपने बयान में कहा कि जिस प्रकार जींद में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आरएसएस हरियाणा प्रमुख ने भडक़ाऊ ब्यान दे एक समुदाय की भावनाओं को आहत करने का कार्य किया है उससे यह स्पष्ट है कि हरियाणा को आरएसएस ने अपनी नई प्रयोगशाला बना लिया है। उन्होंने कहा है कि ऐसे दौर में जब मुजफ्फरनगर दंगे में भाजपा के विधायक की संलिप्तता सामने आई और उन पर कार्यवाही से भाजपा बच रही है। यह स्पष्ट है कि हरियाणा की भाजपा सरकार और आरएसएस हरियाणा में हुई हिंसक घटनाओं की इनेलो की मांग पर हुए न्यायिक जांच के फैंसले से डर रही है। यही कारण है कि आरएसएस हरियाणा प्रमुख को इस प्रकार का ब्यान देने की आवश्यकता महसूस हुई। उन्होंने अपने ब्यान में आगे कहा कि हरियाणा में बांटने के जो कार्यक्रम चल रहे हैं उनमें आरएसएस की भूमिका संदिग्ध है। कई जगह खासकर करनाल और कुरुक्षेत्र में आरएसएस के सक्रिय सदस्य नफरत की शपथ दिलाने में शामिल हैं। ऐसे समय में जब माननीय सुप्रीम कोर्ट स्वयं आंदोलनकारियों पर सीधे गोलीबारी के लिए मना कर चुका है, इस प्रकार का भडक़ाऊ ब्यान घोर निंदनीय एवम् असंवैधानिक है। श्री ढुल ने कहा कि अब तक के सबूतों से यह स्पष्ट हो चुका है कि अराजकता फैलाने वाले किसी एक जाति के नहीं थेय तो इस प्रकार की बात कह जींद जैसे शांत शहर में नफरत फैलाने की कोशिश करना एक बड़ी साजिश की ओर इशारा करता है। श्री ढुल ने मांग की कि आरएसएस हरियाणा प्रमुख पर हरियाणा सरकार कठोर कार्यवाही करे वरना इनेलो इस बात के लिए सडक़ पर उतरने पर विवश हो जायेगी। श्री ढुल ने कहा कि हरियाणा की एकता को तोडऩे के किसी बाहरी संस्थान की साजिश को इनेलो नाकाम करने की तरफ काम कर रही है और जल्द ही इस प्रकार की आधारहीन संस्थाएं हरियाणा से पलायन के लिए मजबूर हो जाएँगी।

Tuesday, March 22, 2016

भाजपा विधायक पवन सैनी को अपने कहे शब्द लेने पड़े वापिस

चंडीगढ़, 22 मार्च: अभय चौटाला द्वारा लाए गए काम रोको प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान भाजपा विधायक पवन सैनी ने इनेलो विधायकों की तरफ इशारा करते हुए आपत्तिजनक शब्द कह दिया। जिस पर नेता प्रतिपक्ष व इनेलो के अन्य सभी विधायक भडक़ गए और उन्होंने भाजपा विधायक द्वारा कहे गए अपने शब्द को वापिस लिए जाने की मांग की। विस स्पीकर कंवर पाल ने भाजपा विधायक द्वारा कहे गए शब्द को सदन की कार्रवाई से निकलवा दिया। उसके बाद भी इनेलो विधायक पवन सैनी द्वारा कहे शब्द वापिस लेने पर अड़े रहे। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि सरकार चाहे तो उनकी पार्टी के सब विधायकों को निलम्बित करके बाहर निकाल सकती है लेकिन जब तक भाजपा विधायक अपने कहे शब्द वापिस नहीं लेंगे तब तक सदन की कार्रवाई चलने नहीं दी जाएगी। आखिरकार सीएम व अन्य मंत्रियों के हस्तक्षेप के बाद भाजपा विधायक ने अपने कहे हुए शब्द वापिस ले लिए और विधानसभा की कार्रवाई आगे शुरू हो पाई।
नेता प्रतिपक्ष के काम रोको प्रस्ताव पर आरक्षण आंदोलन घटनाक्रम की न्यायिक जांच को सरकार तैयार 

चंडीगढ़, 22 मार्च: जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान प्रदेश में घटी घटनाओं और लोगों को जानमाल के हुए नुकसान सहित पूरे घटनाक्रम की जांच न्यायिक आयोग से करवाई जाएगी। यह बात विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला द्वारा इस संबंध में लाए गए एक स्थगन प्रस्ताव पर चर्चा के बाद मुख्यमंत्री ने सदन में कही। अभय सिंह चौटाला ने सदन में रखे गए स्थगन प्रस्ताव में कहा था कि आरक्षण की मांग के बाद हुई घटनाओं से प्रदेश में अभूतपूर्व हिंसा हुई और लोगों की जानमाल का नुकसान हुआ। उन्होंने कहा कि ये दुखद घटनाएं और भी ज्यादा दुर्भाग्यपूर्ण और सरकार की ओर से बरती गई जानबूझकर लापरवाही का नतीजा था क्योंकि सत्तापक्ष के लोग भडक़ाऊ वक्तव्य दे रहे थे और उसके बाद के परिणामों का सरकार को पहले से ही आभास हो जाना चाहिए था।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि सरकार न केवल इसका जायजा लेने में विफल रही और प्रतिक्रिया करने में बेहद धीमी रहने के कारण स्थिति विस्फोटक हो गई। सेना को बुलाए जाने के कुछ समय बाद हालात सामान्य दिखाई दिए लेकिन इस दौरान राज्य में बहुत से स्थान हिंसा व लोगों की मौत से तबाह हो गए। उन्होंने कहा कि ये घटनाएं सत्तापक्ष की राजनीतिक और प्रशासनिक मशीनरी की विफलता को उजागर करती है। हिंसा के बाद सरकार से जो प्रतिक्रिया अपेक्षित थी वह भी न केवल अपर्याप्त थी बल्कि दयनीय भी थी। उम्मीद की जा रही थी कि सरकार नुकसान की भरपाई के लिए कम से कम तुरंत कदम उठाने की घोषणा कर सकती थी और यह भी उम्मीद थी कि हिंसा के दौरान जिन लोगों की जानें गई हैं उनके परिवारों को 25-25 लाख रुपए मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने की घोषणा की जाएगी। इन हालात में यह भी उम्मीद की जा रही थी कि सरकार सम्पत्ति के नुकसान के अंतिम अनुमान के आने तक तदर्थ आधार पर पर्याप्त मुआवजे की घोषणा करती। दोनों मोर्चों पर सरकार अपने संवैधानिक फर्ज का निर्वहन करने में असफल रही और पहले राज्य के लोगों की जानमाल की रक्षा करने के लिए और बाद में पीडि़तों को राहत प्रदान करने के मौके पर भी विफल रही। उन्होंने सरकार की इन असफलताओं के दृष्टिगत हिंसा की ओर ले जाने वाली घटनाओं की सर्वोच्च न्यायालय अथवा उच्च न्यायालय के किसी कार्यरत न्यायाधीश की अध्यक्षता में न्यायिक आयोग का गठन किए जाने और जो लोग इस स्थिति से निपटने में और अपने कर्तव्य निर्वहन करने में असफल रहे हैं उनकी भी जिम्मेदारी तय किए जाने की मांग करते हुए पीडि़तों को तुरंत पर्याप्त राहत प्रदान किए जाने की मांग की ताकि पीडि़तों का जीवन जल्द से जल्द सामान्य स्थिति में आ सके।
नेता प्रतिपक्ष द्वारा लाए गए इस काम रोको प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान अभय चौटाला ने कहा कि सरकार जाट व खाप प्रतिनिधियों के साथ बैठक के बाद समय रहते अगर अपना वादा पूरा कर देती तो शायद लोगों की जानमाल को बचाया जा सकता था। उन्होंने कैथल, जीद, झज्जर इत्यादि जिलों में शहीदों व स्वतंत्रता सेनानियों की प्रतिमाओं को नुकसान पहुंचाने की घटनाओं का उल्लेख करते हुए उन सभी के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की। उन्होंने कहा कि सरकार अगर जल्दी कार्रवाई करती तो वित्त मंत्री कैप्टन अभिमन्यु और कांग्रेस विधायक गीता भुक्कल सहित जिन लोगों के घरों, मकान व दुकानों को आग लगाई गई उन्हें बचाया जा सकता था। उन्होंने कुरुक्षेत्र के सांसद राजकुमार सैनी व पूर्व विधायक रोशन लाल आर्य के खिलाफ भी तुरंत कार्रवाई किए जाने की मांग की। उन्होंने हजकां विधायक द्वारा झज्जर में एक युवती व उसकी मां के साथ हुई बलात्कार की कथित घटना का सदन में जिक्र किए जाने और कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ द्वारा इससे इनकार किए जाने के मामले को गम्भीर बताते हुए कहा कि विधानसभा की एक कमेटी गठित कर इसकी जांच करवाई जाए ताकि पता चल सके कि ऐसे संवेदनशील मामले में सदन को कौन गुमराह कर रहा है? नेता प्रतिपक्ष ने कुरुक्षेत्र के सांसद के खिलाफ देशद्रोह के मामले में कार्रवाई किए जाने की मांग करते हुए कहा कि अगर किसी इनसो नेता ने समाज के साथ जाकर कोई बात कही है तो उसके भाषण पर कौन सी धारा लगती है, सरकार उस धारा में कार्रवाई कर ले लेकिन कांग्रेस व भाजपा नेताओं के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने भिवानी में पेट्रोल पम्प फूंकने, जाट धर्मशाला को आग लगाने, चौधरी देवीलाल सदन को तोडऩे और जींद में चौधरी देवीलाल की प्रतिमा को खण्डित करने का प्रयास करने वालों पर भी कार्रवाई किए जाने की मांग की। 
अभय चौटाला के अलावा पूर्व कृषि मंत्री जसविंदर सिंह संधू, विधायक परमेंद्र ढुल, जाकिर हुसैन ने भी चर्चा में भाग लिया। परमेंद्र ढुल ने रोहतक विवि के छात्रावास में रात के समय एक पुलिस अधिकारी द्वारा भारी पुलिस बल के साथ जाकर छात्रों पर लाठीचार्ज करने का मुद्दा उठाया। उन्होंने 35 जात के नाम पर जाटों के खिलाफ शपथ दिलाने वालों को सबसे बड़े देशद्रोही बताया और कहा कि खुद प्रदेश पुलिस प्रमुख मानते हैं कि हिंसा में सिर्फ जाट ही शामिल नहीं थे बल्कि गैर जाट भी शामिल थे। जसविंदर संधू ने चर्चा की शुरुआत गुरबाणी के एक शब्द से की और कहा कि सीएम के बारे में किसी एक व्यक्ति ने कोई गलत बात कही तो उन्हें बेहद पीड़ा हुई और आंखें नम हो गई। भाजपा का जो सांसद पिछले कई महीनों से एक जाति विशेष को गालियां दे रहा था तो उस पर हमारे द्वारा कही गई बातों को सरकार में बैठे मंत्री हंसी में टालते रहे। उन्होंने कहा कि कुरुक्षेत्र में कुछ लोगों ने इक_े होकर एक बैठक की और उस बैठक में सिर्फ 15 लोग शामिल हुए लेकिन नाम 35 बिरादरी का लिया गया। इनेलो विधायक जाकिर हुसैन ने कहा कि कोई जाति या धर्म बुरा नहीं होता बल्कि कुछ लोग बुरे हो सकते हैं या किसी की सोच गलत हो सकती है। उन्होंने कहा कि सरकार उन असली दोषियों को बेनकाब कर सलाखों की पीछे पहुंचाए जो दूर बैठकर इस पूरे घटनाक्रम को अंजाम देने में लगे हुए थे। उन्होंने सभी मृतकों को मुआवजा व नौकरियां दिए जाने की मांग करते हुए कहा कि जाटों सहित पांचों जातियों को गुरनाम सिंह आयोग की सिफारिश पर आरक्षण दे दिया गया था लेकिन बाद में कांग्रेस ने इस आरक्षण को वापिस ले लिया। नलवा से इनेलो विधायक रणबीर गंगवा ने कहा कि आज सरकार के मंत्री किस आंदोलन में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र हुड्डा व कांग्रेस नेताओं के शामिल होने की बात कर रहे हैं तो सरकार का काम नाम लेना नहीं बल्कि दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करना होता है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में इनेलो के 20 विधायक हैं और उनके हलके में कहीं पत्ता तक नहीं हिला। उन्होंने कहा कि इनेलो के संस्थापक चौधरी देवीलाल 36 बिरादरी को हमेशा साथ लेकर चलते थे और अगर इनेलो जातपात की राजनीति करती तो रणबीर गंगवा कभी राज्यसभा में नहीं जा सकता था। उन्होंने कांग्रेस द्वारा राजनीतिक स्वार्थ के लि जाते-जाते आधा अधूरा आरक्षण देने और सरकार के मंत्रियों व विधायकों द्वारा भी अलग-अलग बयान दिए जाने का मामला उठाते हुए कहा कि क्या ये लोगों को भडक़ाने का काम नहीं है? 
अभय सिंह चौटाला द्वारा रखे गए काम रोको प्रस्ताव पर चर्चा में भाग लेते हुए मुख्यमंत्री ने प्रदेश में घटी ङ्क्षहंसक घटनाओं में 650 करोड़ रुपए का प्रत्यक्ष नुकसान हुआ है और रेलवे के नुकसान सहित कुल नुकसान 800 से 850 करोड़ रुपए के बीच बनता है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में 2087 मुकदमे दर्ज किए गए हैं और कई कांग्रेस पदाधिकारियों सहित 444 अभियुक्त गिरफ्तार किए जा चुके हैं। उन्होंने बताया कि पूरे घटनाक्रम में 30 लोगों की मृत्यु हुई और 320 लोग घायल हुए। उन्होंने कहा कि लोगों द्वारा 365 करोड़ रुपए के नुकसान के दावे आए हैं और बीमा कम्पनियों के पास 57 करोड़ रुपए के दावों के विपरीत कम्पनियों ने 25 करोड़ रुपए का भुगतान कर दिया है जबकि सरकार द्वारा 28 करोड़ रुपए अंतरिम व अंतिम प्रतिपूर्ति के रूप में भुगतान किए गए हैं।

जसविंदर संधू के उठाए मुद्दे पर सरकार वक्फ बोर्ड पट्टेदारों को राहत देने पर राजी

चंडीगढ़, 22 मार्च: वक्फ बोर्ड की जमीनों पर बैठे पट्टेदारों को राहत देने के लिए सरकार जल्दी ही एक प्रस्ताव पारित कर केंद्र सरकार को भेजेगी। यह भरोसा इनेलो विधायक दल के उपनेता व पूर्व कृषि मंत्री जसविंदर सिंह संधू द्वारा विस में उठाए गए मुद्दे पर जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने सदन को बताया। जसविंदर संधू ने यूपीए सरकार द्वारा केंद्रीय वक्फ कानून में 2013 में लाए गए एक संशोधन का मुद्दा उठाते हुए कहा कि केंद्र के बाद प्रदेश की हुड्डा सरकार ने भी उस संशोधन को पारित कर दिया था जिसके चलते वर्षों से वक्फ बोर्ड की जमीन पर काम कर रहे पट्टेदारों के लिए भारी परेशानी खड़ी हो गई है। इनेलो नेता ने कहा कि आरक्षण आंदोलन के दौरान लोगों की 19 फरवरी को दुकानें लूटी गई और दो-तीन दिन बाद ही उनकी दुकानों की बोली तय कर दी गई। उन्होंने इस काले कानून से हरियाणा वक्फ बोर्ड के पट्टेदारों को उजडऩे से बचाने के लिए प्रदेश सरकार द्वारा जरूरी कदम उठाए जाने की मांग की। सदन के अन्य सभी सदस्यों ने भी जसविंदर संधू की इस मांग का समर्थन करते हुए सदन से एक प्रस्ताव पारित कर यूपीए सरकार द्वारा किए गए संशोधन को वापिस लिए जाने की मांग की। मुख्यमंत्री ने बताया कि केंद्रीय मंत्री नजमा हेपतुल्ला को पत्र लिखा है और उनसे हरियाणा के एक प्रतिनिधिमण्डल ने भी भेंट की थी। उन्होंने यह भी भरोया दिया कि प्रदेश वक्फ बोर्ड के सीईओ को नीलामी नोटिस रोकने के बारे में सूचित कर दिया जाएगा।
डबवाली में जल्द बनेगा 100 बैड का सामान्य अस्पताल

चंडीगढ़, 22 मार्च: डबवाली की विधायक श्रीमती नैना सिंह चौटाला द्वारा विस में पूछे गए एक सवाल के जवाब में स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने सदन को बताया कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र डबवाली का दर्जा बढ़ाकर जल्दी ही उसे 100 बैड का सामान्य अस्पताल बना दिया जाएगा। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि इस बारे में प्रशासनिक मंजूरी मिलने के बाद एस्टीमेट बन चुके हैं और जल्दी ही टेंडर जारी करने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। उन्होंने नैना सिंह द्वारा गांव चौटाला ने अस्पताल की जर्जर स्थिति के संबंध में पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि चौटाला सहित प्रदेश में जितने भी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हैं, जिनकी हालत खराब है, उनका पता लगाने व जल्द उन्हें ठीक करवाए जाने के आदेश दे दिए गए हैं। उन्होंने रतिया के विधायक प्रो. रविंद्र सिंह बलियाला द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में बताया कि रतिया में बनाए जाने वाले अस्पताल के काम में तेजी लाई जाएगी ताकि लोगों को जल्दी सुविधाएं मिल सके।
जुलाना के लिए विकास पैकेज की मांग को लेकर विधानसभा के बाहर किया प्रदर्शन


चण्डीगढ़, 22 मार्च : जुलाना से इनैलो विधायक परमेन्द्र सिंह ढुल ने क्षेत्र के विकास के लिए विशेष पैकेज की मांग को और पुख़्ता करते हुए आज विधानसभा के मुख्य द्वार के सामने प्रदर्शन किया। विधायक ढुल ने मुख्य द्वार के सामने आज तड़के ही हाथ में डमरू लिए विकास की सच्चाई पेश करती फोटो प्रदर्शनी लगाई।

इस अवसर पर विधायक ढुल ने कहा की वे पिछले एक वर्ष से भी ज्यादा समय से प्रदेश की वर्तमान सरकार को जुलाना के चहुंमुखी विकास को लेकर बार-बार मांगपत्र व पत्र भेज चुके हैं। सदन के साथ-साथ उन्होंने प्रजातन्त्र के हर हथियार का इस्तेमाल क्षेत्र के विकास की आवाज़ को बुलन्द करने के लिए किया है मगर ठीक कांग्रेस के नक्शे कदम पर चलते हुए सरकार ने जुलाना हल्के व जीन्द जिले को विकास से वंचित कर दिया है।
विधायक ढुल ने कहा की जब से बीजेपी प्रदेश में सत्ता पर काबिज़ हुई है, तब से सबसे ज्यादा नुक्सान जिले में किसान तथा कमेरे वर्ग का हुआ है। बीजेपी को प्रदेश के आमजन की कोई चिंता तथा फ़िक्र नहीं है। हल्के तथा जिले में विकास के लिए कोई नयी रूपरेखातैयार करना तो दूर, यह सरकार एक सोची समझी नीति के तहत किसान, कमेरे तथा आमजन को प्रताड़ित करने में लगी है। उन्होंने कहा कि इस प्रदर्शन के माध्यम से उनका उद्देश्य सरकार को हल्के तथा जिले से संबंधित परेशानियों तथा आमजन की जरूरतों पर सरकार को चेताना रहेगा। 
 इस सन्दर्भ में उनका प्रयास है कि वर्षों से सिर्फ सरकारी कागज़ों में सिमटी हुई बिरौली माइनर, करेला माइनर, रजबाहा नंबर सात पर गाँव बहबलपुर, बीबीपुर, घिमाणा इत्यादि के लिए लिंक माइनर को यथाशीघ्र बनाया जाए, हल्के में खेतीबाड़ी के पानी की व्यवस्था सुचारू हो इसके लिए अलग से डिवीज़न का गठन, जुलाना तहसील को सब-डिवीज़न बनाया जाये, जुलाना में म्युनिसिपल कॉउंसिल पार्क, हल्के के तमाम हेल्थ सेंटरों का सुधारीकरण तथा दो नए बनाये जाने की मांग, गर्ल्स कॉलेज की मांग, गाँव ललितखेड़ा,झमोला, पढ़ाना, राजगढ़, ईगराह, निडानी, ढिग़ाना, बुडाखेड़ा लाठर,क़िलाज़फ़रगढ़, करेला, मालवी, लाइनपार कॉलोनी, इत्यादि में पीनेके पानी की उचित व्यवस्था, गाँव निडाना, जुलाना, हथवाला,रामराय इत्यादि में खेल स्टेडियम की मांग, गाँव गतौली, ढिगाना,मालवी, क़िलाज़फ़रगढ़, घिमाणा, इत्यादि में मल्टी-पर्पस हाल, हल्के के तमाम मार्गों की मरम्मत के साथ-साथ नए मार्गों की मांग जैसे भैरों खेड़ा से ढिगाना, निडाना से बिरौली, अशरफगढ़ से बिरौली,खेड़ाबख्ता से राजगढ़, राजगढ़ से जुलाना मण्डी, गतौली सेकरसोला, रामराय से बीबीपुर, घिमाणा से बिशनपुरा रेलवे स्टेशन,गढ़वाली से जैजैवन्ती स्टेशन, खेड़ाबख्ता से जैजैवन्ती स्टेशन,इत्यादि शामिल हैं।       
विधायक ढुल ने कहा कि यह जगजाहिर तथा स्पष्ट है कि जुलाना हल्के के साथ समूचे जीन्द जिले को विकास के लिए सरकार द्वारा विशेष ध्यान दिए जाने की आवश्यकता है। इसी सन्दर्भ में मेरा यह प्रयास है कि जीन्द जिले पर सरकार द्वारा लादा गया पिछड़ापन दूर करने के लिए प्रदेश सरकार से विशेष विकास के लिए अलग से 5000 करोड़ रुपये के पैकेज की मांग को पुख़्ता किया जाये। यह पैकेज सरकार द्वारा लागू की जाने वाली योजनाओं से अलग होना चाहिए।  इसके अतरिक्त उन्होंने कहा कि वह जुलाना हल्के में नहरी पानी, पिने के पानी, ड्रेनों की सफाई, शिक्षा, हैल्थ, खेलकूद, बिजली की उपयुक्त व्यवस्था इत्यादि तमाम समस्याओं को बारीकि से सदन में सरकार के समक्ष प्रमुखता से रखेंगे। हल्के में नयी सड़कों के साथ-साथ माइनरों और रजबाहों के नवनिर्माण तथा सुधारीकरण की तुरन्त आवश्यकता है।

Monday, March 21, 2016

हरियाणा का बजट पूरी तरह से निराशाजनक, वित्त मंत्री ने सभी वर्गों को किया निराश- इनेलो

चंडीगढ़, 21 मार्च: इनेलो ने हरियाणा के वित्त मंत्री द्वारा सोमवार को राज्य विधानसभा में पेश किए गए बजट को पूरी तरह से निराशाजनक बताते हुए कहा कि इस बजट ने प्रदेश के सभी वर्गों को पूरी तरह से निराश किया है और समाज के किसी भी वर्ग को कोई राहत नहीं दी गई। इनेलो के प्रदेश अध्यक्ष अशोक अरोड़ा ने बजट पर प्रतिक्रिया जताते हुए कहा कि प्रदेश के लोगों को बजट से भारी उम्मीदें थी और उन्हें लगता था कि भाजपा सरकार पिछले चुनाव के समय लोगों के साथ जो चुनावी वायदे किए हैं इस बजट के माध्यम से उन्हें पूरा करने का काम करेगी लेकिन सरकार ने वादे पूरे करने की बजाय प्रदेश को पूरी तरह कर्ज में डुबोने का काम किया है। इनेलो नेता ने कहा कि वर्ष 2016-17 के दौरान प्रदेश पर एक लाख 40 हजार 831 करोड़ रुपए का कर्ज हो जाएगा जो कि बेहद चिंता का विषय है। इनेलो नेता ने कहा कि हरियाणा बनने से लेकर 2005 तक प्रदेश में जितनी भी सरकारें रहीं और राज्य के विकास व नई सडक़ों, ताप बिजली घरों व अन्य ढांचागत विकास के लिए जो कर्ज लिए गए 39 सालों के दौरान कुल कर्जे मात्र 23 हजार 600 करोड़ रुपए के थे।
श्री अरोड़ा ने कहा कि हुड्डा सरकार ने साढे नौ सालों के दौरान इस कर्ज को बढ़ाकर 82305 करोड़ तक पहुंचा दिया और उसमें 59 हजार करोड़ की बढ़ौतरी हुई। अब मौजूदा सरकार के कुप्रबंधन व कुशासन  के कारण भाजपा सरकार के इस अल्पकाल में कर्जा करीब 58 हजार करोड़ और बढक़र एक लाख 40 हजार 831 करोड़ तक पहुंच गया है। उन्होंने कहा कि इससे साफ है कि आज प्रदेश पूरी तरह कर्ज के बोझ तले दबता जा रहा है और मौजूदा सरकार प्रदेश की वित्तीय स्थिति सुधारने में पूरी तरह विफल रही है। इनेलो नेता ने कहा कि आज प्रदेश सरकार कर्मचारियों को वेतन भत्ते, पेंशन, ब्याज के भुगतान व ब्याज के कर्ज का भुगतान चुकाने के लिए भी निरंतर कर्जा ले रही है। उन्होंने कहा कि सरकार के बजट से यह बात साफ है कि बजट का 58.14 प्रतिशत हिस्सा सिर्फ कर्मचारियों को वेतन, पेंशन, कर्ज व उसके ब्याज के भुगतान पर खर्च हो रहा है। ऐसे में सरकार से विकास की क्या उम्मीद की जा सकती है? उन्होंने कहा कि पिछले साल राजकोषीय घाटा 12 हजार करोड़ दिखाया गया था जो कि वास्तव में 30 हजार करोड़ तक पहुंच गया। इस बार राजकोषीय घाटा 25115 करोड़ दिखा रहे हैं जो कि सम्भवत: 50 हजार करोड़ पार हो जाएगा। उन्होंने कहा कि राजकोषीय घाटा व राजस्व घाटा निरंतर बढऩे से विकास पर खर्च होने वाले पैसे की निरंतर कमी आ रही है।
इनेलो नेता ने कहा कि पिछले साल सरकार ने पेंशन व वेतन देने के लिए 43.89 प्रतिशत का प्रावधान रखा था जो कि इस बार घटाकर 39.63 प्रतिशत कर दिया गया है जिससे साफ है कि सरकार न तो युवाओं को नए रोजगार देने की स्थिति में है और न ही कर्मचारियों को पंजाब के बराबर वेतनमान व भत्ते देने और केंद्रीय वेतन आयोग की नई सिफारिशें इस साल लागू करने की स्थिति में नहीं है। इनेलो नेता ने कहा कि सरकार ने बेरोजगार युवकों को छह हजार व नौ हजार बेरोजगारी भत्ता देने, बुजुर्गों को दो हजार रुपए महीना पेंशन देने, गेस्ट टीचरों व अन्य कर्मचारियों को रेगूलर करने, पंजाब के समान वेतनमान देने, किसानों के लिए स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू कर उनके लागत मूल्य के साथ 50 प्रतिशत मुनाफा देने सहित अनेक लुभावने वायदे किए थे। इन वायदों को पूरा करने के लिए बजट में कहीं कोई प्रावधान नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार ने सत्ता में आते ही कांग्रेस सरकार के वित्तीय कुप्रबंधन को लेकर जो श्वेत पत्र जारी किए थे उससे उम्मीद की जा रही थी कि मौजूदा सरकार प्रदेश की आर्थिक हालत में भारी सुधार लाएगी लेकिन वित्त मंत्री के बजट भाषण से सभी के हाथ न सिर्फ निराश लगी बल्कि प्रदेश की वित्तीय स्थिति और ज्यादा दयनीय होती जा रही है।
श्री अरोड़ा ने कहा कि पिछली बार भी वित्त मंत्री ने टैक्स फ्री बजट दिए जाने की घोषणा करके वाहवाही लूटने का प्रयास किया था लेकिन बजट के बाद न सिर्फ पेट्रोल व डीजल पर टैक्स बढ़ाकर लोगों पर भारी-भरकम बोझ डाला गया बल्कि बिजली की दरों में भी अभूतपूर्व वृद्धि करके लोगों की पूरी तरह से कमर तोड़ दी गई। अब लोगों को उम्मीद थी कि शायद किसानों को राहत देने के लिए सरकार न सिर्फ डीजल पर टैक्स घटाएगी बल्कि बिजली की दरों में भी कमी लाए जाने की उम्मीद थी क्योंकि आज बिजली की दरें आज हरियाणा में पूरे देश से ज्यादा हैं लेकिन किसानों सहित बिजली उपभोक्ताओं को भी निराशा ही हाथ लगी। इनेलो नेता ने कहा कि सरकार ने इलेक्ट्रॉनिक्स वाहनों और हाथ से सब्जी काटने वाले टोके जैसी चीजों पर जो मामूली राय दी है वह तो ऊंट के मुंह में जीरे से भी कम है क्योंकि हरियाणा में न तो इलेक्ट्रॉनिक वाहन आम लोगों द्वारा इस्तेमाल किए जाते हैं और न ही इनका सीधे तौर पर किसी को कोई लाभ होने वाला है। उन्होंने कहा कि लोगों से चुनाव के दौरान किए अपने सभी वायदे पूरे कर स्वामीनाथन आयोग की सिफारिश अनुसार किसानों के उनकी फसलों के लाभकारी मूल्य सुनिश्चित करने के साथ-साथ किसान के खेत में इस्तेमाल होने वाली प्रत्येक वस्तु बीज, खाद, कीटनाशक दवाएं, डीजल और कृषि उपकरणों पर से तुरंत सभी प्रकार के टैक्स हटाने का काम करे ताकि किसानों को कुछ लाभ मिल सके और बिजली की दरों में कटौती की जाए ताकि लोगों पर डाला गया बेवजह बोझ थोड़ा कम हो सके। उन्होंने बुढ़ापा पेंशन दो हजार करने, बेरोजगारी भत्ता छह व नौ हजार करने, गरीब परिवारों को पक्के मकान देने, कर्मचारियों की वेतनमान विसंगतियां दूर करने और पंजाब के बराबर वेतनमान व भत्ते देने के साथ-साथ अपने सभी चुनावी वायदे तुरंत पूरे करने का आग्रह किया।
ओलावृष्टि से खराब फसल का 30 से 35 हजार प्रति एकड़ मुआवजा दे सरकार - दुष्यंत चौटाला 



पानीपत व नारनौल, 21 मार्च: पंजाब विधानसभा का घेराव कर हरियाणा के लोगों की भावनाओं से अवगत करवा इनेलो विधायक दल ने हरियाणा के हकों के लिए जोरदार पैरवी की वहीं भाजपा व कांग्रेस ने पानी के मुददे पर इनेलो का साथ न देकर  यह दर्शा दिया कि हरियाणा प्रदेश के हक के पानी की लड़ाई में उनका कोई लेना देना नहीं है। वह केवल राजनीति कर रहे हैं। यह बात इनेलो संसदीय नेता व हिसार से सांसद दुष्यंत चौटाला ने आज भिवानी में पत्रकारोंं से बातचीत करते हुए कही। प्रदेश में ओलावृष्टि से खराब हुई फसलों के नुकसान की भरपाई के लिए  इनेलो सांसद ने सरकार से तुरंत प्रभाव से गिरदावरी करवाकर 30 से 35 हजार प्रति एकड़ के हिसाब से मुआवजा राशि देने की बात कही। उन्होंने कहा कि किसान पहले सूखा और अब ओलावृष्टि की मार से पूरी तरह से टूट चुका है। इनेलो प्रदेश सरकार से तुरंत प्रभाव से मुआवजे की मांग करती है।   
सांसद दुष्यंत चौटाला महेंद्रगढ़ जाते हुए आज भिवानी में युवा इनेलो के नवनियुक्त शहरी व ग्रामीण अध्यक्षों व कार्यकर्ताओं से रूबरू हुए व होली की बधाई दी। एसवाईएल के मुददे पर खुलकर बोलते हुए दुष्यंत चौटाला ने कहा कि जन नायक चौधरी देवीलाल से लेकर ओमप्रकाश चौटाला ने हरियाणा के हितों की लड़ाई लड़ते हुए जेल तक गए हैं। इनेलो सुप्रीमो ओम प्रकाश चौटाला ने एसवाईएल की पैरवी सही ढंग से की थी। तब सुप्रीम कोर्ट ने हरियाणा के हक में फैसला भी दिया था। आज पंजाब के अंदर बीजेपी व अकाली सरकार है, वही हरियाणा के अंदर भी भाजपा सरकार है। एसवाईएल के मुददे पर यदि बीजेपी सही ढंग से पैरवी करे तो रास्ता निकालना कोई मुश्किल नहीं है। इनेलो सांसद ने कांग्रेस को भी आड़े हाथों लेते हुए कहा कि एक तरफ जहां हरियाणा के हितों के लिए इनेलो विधायकों ने पंजाब विधानसभा के सामने अपनी आवाज उठाई वहीं पंजाब की कांग्रेसी विधायकों ने हरियाणा विधानसभा के आगे आकर यह दर्शा दिया है कि कांग्रेस केवल राजनीति तक सीमित है। अरविंद केजरीवाल  के ब्यान को बेतुका बताते हुए दुष्यंत चौटाला ने कहा कि केजरीवाल साहब केवल दो शब्द ही याद रहते हैं वोट और चुनाव जनता के हितों के लिए उन्हें कोई सरोकार नहीं है।  
इस अवसर पर उनके साथ युवा जिला अध्यक्ष जितेंद्र शर्मा, पार्षद मुकेश, राहुल शर्मा, गुडडी लाग्यांन, होशयारा थानेदार, डा. विनोद अंचल, राजू महरा, नरेंद्र राज गागड़वास, नरवेंद्र धोलिया, कुलवंत कोटिया, वजीर मान, अमित पंवार, रामेश्वर दास, अजित तिगड़ाना, अमित ढूल, अंकित ढुल, विशाल गे्रवाल, सुरज बैनीवाल, बिरेंद्र बापोड़ा, बिजेंद्र तंवर, देवेंद्र नकीपुर, प्रदीप मित्ताथल, सुरजभान एसडीओ, कैलाश पालड़ी, अशोक सिहाग, वजीर धनाना, विकास चौधरी, यशवीर घनघस, रमन नौरंगाबाद, आसू वाल्मीकि, प्रदीप गोयल, जैना शर्मा, नरेंद्र कतवार, जितेंद्र तंवर, तेजवीर काकड़ोली, बलराज चौहान, प्रदीप खरकिया, अजीत चाहर, पार्षद अनिल काठपालिया, बल्लू बामला आदि मौजूद थे। 


नारनौल में दुष्यन्त चौटाला ने कहा कि एसवाईएल पर बीजेपी व कांग्रेस का दोहरा चरित्र सामने आया है। एसवाईएल को लेकर बीजेपी हरियाणा में तो शोर मचा रही है, वहीं पंजाब में बीजेपी सरकार के साथ मिलकर इस नहर के निर्माण में लगातार रोड अटका रहे हैं। जबकि बीजेपी की केंद्र सरकार इस पर चुपचाप तमाशा देख रही है। बिलकुल यही स्थिति कांग्रेस की है। वे हरियाणा में तो एसवाईएल को लेकर नहर बनाए जाने की बात करते हैं पर पंजाब में कांग्रेस के लोग इसका विरोध कर रहे है। पर अब इनका दोहरा चरित्र जनता के सामने उजागर हो गया है। दुष्यन्त चौटाला ने सोमवार को नारनौल के नजदीक चिनालिया गांव के इंद्र प्रस्थ सीनियर सेकंडरी स्कूल के वार्षिक समारोह में बतौर मुख्य अतिथि भाग लेने के उपरांत पत्रकारो से बातचीत करते हुए कही। उन्होंने कहा कि अब पब्लिक इन दोनों दलो की असलियत जान गई है। कांग्रेस व बीजेपी के नेताओ को सलाह देते हुए कहा कि ये पब्लिक है सब जानती है इसलिए अब ये ड्रामा बन्द करके केंद्र सरकार पर एस वाई एल बनवाने को लेकर दवाब बनाये। 


इनेलो सांसद ने कहा कि एस वाई एल प्रदेश के किसानो के लिए जीवन रेखा है। इस नहर का पानी आने के बाद पूरा प्रदेश विशेषकर दक्षिण हरियाणा के खेतो में फसले लहलाएगी। कांग्रेस व बीजेपी तो केवल मात्र इस पर खाना पूर्ति कर रही है। इनेलो ने अपनी सरकार के समय सन 2002 व 2004 में एसवाईएल के सम्बन्ध में जोरदार पैरवी करके सुप्रीम कोर्ट से केस का फैसला प्रदेश के हक में करवाया था। इससे पहले इनेलो सांसद का स्कूल समारोह में पहुंचने पर आयोजको ने फूल मालाओं से स्वागत किया। सांसद चौटाला ने विद्यार्थियों को सम्बोधित करते हुए कहा कि अहीरवाल को बलिदान की धरती कहा जाता है। इस क्षेत्र के सबसे ज्यादा जवान देश की सीमा पर तैनात होकर भारत माता की रक्षा करते है। उन्होंने स्कूल के बच्चों से मन लगाकर मेहनत से शिक्षा ग्रहण करने की बात कहते हुए कहा कि बिना शिक्षा के कुछ भी नही है इसलिए उच्च शिक्षा ग्रहण करो ताकि आप देश की तरक्की में अपना भरपूर योगदान दे सको।